लाइव न्यूज़ :

Ramadan 2026: भारत में कश्मीरी सेब की मांग बढ़ी, पेटी की कीमत 1500-1600 रुपये?, आखिर क्या है कारण

By सुरेश एस डुग्गर | Updated: February 23, 2026 12:45 IST

Ramadan 2026: फल बाजारों में सेब के एक बाक्स की कीमत 1500-1600 रुपये के बीच है। मलिक कहते थे कि कोल्ड स्टोरड भंडारित सेबों की अच्छी कीमत मिलती है।

Open in App
ठळक मुद्देरमजान फलों और अन्य पौष्टिक खाद्य पदार्थों की बढ़ती खपत का समय है।कई घरों में कश्मीरी सेब इफ्तार की मेज पर मुख्य भोजन बन गया है। आफ-सीजन के दौरान भारत के विभिन्न शहरों में उपलब्ध हो जाते हैं।

जम्मूः रमजान शुरू होने के साथ ही पूरे भारत में कश्मीरी सेब की मांग बढ़ गई है। रमजान की शुरुआत के बाद से, उत्पादकों ने कोल्ड स्टोरेज में रखे सेब को शेष भारत में भेजना शुरू कर दिया है। उत्पादकों के अनुसार इस समय पूरे भारत में सेब की अच्छी मांग है क्योंकि रमजान का पवित्र महीना चल रहा है। नार्थ कश्मीर फ्रूट ग्रोअर्स एंड डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष फैयाज अहमद मलिक बताते थे कि कोल्ड स्टोरड भंडारित सेबों की अभी अच्छी मांग है। अभी कश्मीरी सेब भारत के प्रमुख फल बाजारों में भेजे जा रहे हैं। उनका कहना था कि हमारे पास अभी भी कोल्ड चेन सुविधाओं में भारी मात्रा में सेब संग्रहीत है, जो भारत के विभिन्न बाजारों में भेजे जाने के लिए तैयार है। उनका दावा था कि चूंकि रमजान फलों और अन्य पौष्टिक खाद्य पदार्थों की बढ़ती खपत का समय है।

इसलिए कई घरों में कश्मीरी सेब इफ्तार की मेज पर मुख्य भोजन बन गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और बेंगलुरु जैसे प्रमुख शहरों में कश्मीरी सेब की मांग बढ़ गई है। कश्मीर के सेब उत्पादकों का कहना था कि भारत के विभिन्न फल बाजारों में सेब के एक बाक्स की कीमत 1500-1600 रुपये के बीच है। मलिक कहते थे कि कोल्ड स्टोरड भंडारित सेबों की अच्छी कीमत मिलती है।

क्योंकि वे आफ-सीजन के दौरान भारत के विभिन्न शहरों में उपलब्ध हो जाते हैं। अभी एक सेब की पेटी की कीमत 1500-1600 रुपये है। सेब उत्पादक बताते थे कि भारत के विभिन्न शहरों में इसकी मांग को देखते हुए रमजान अक्सर कश्मीरी सेब के लिए एक लाभदायक मौसम साबित होता है।

सेब उत्पादक शब्बीर अहमद खान बताते थे कि मौजूदा सीजन के दौरान, केवल कश्मीरी सेब भारत के बाजारों में उपलब्ध होते हैं। इसलिए, उत्पादक बड़ी मात्रा में सेब विभिन्न फल बाजारों में भेजते हैं। भंडारित सेब अगले तीन महीनों तक बाजारों में उपलब्ध रहेंगे। उन्होंने भी रमजान के दौरान अपने कोल्ड स्टोरड-भंडारित सेब को नई दिल्ली की आजादपुर फल मंडी में भेजना पसंद किया है।

यह कोल्ड स्टोर कश्मीर के सेब उत्पादकों के लिए मददगार साबित हुए हैं, जिन्हें आफ-सीजन के दौरान फसल का अच्छा रिटर्न मिलता है। सेब उत्पादकों के अनुसार सभी स्टोर पूरी क्षमता से भरे हुए थे क्योंकि इस सीजन में सेब की दरें तुलनात्मक रूप से बेहतर रही हैं।

टॅग्स :ईदजम्मू कश्मीर
Open in App

संबंधित खबरें

भारतजमानत नियम और जेल अपवाद, यूएपीए मामले में भी यही नियम?, सुप्रीम कोर्ट ने हंदवाड़ा निवासी सैयद इफ्तिखार अंद्राबी को दी राहत, पासपोर्ट जमा करने और हर 15 दिन में एक बार थाने जाओ?

भारतसुंबली मावस उत्सव: घाटी में गूंजी पुरानी आवाजें, 37 साल बाद कश्मीरी पंडितों ने अपनी मिट्टी को चूमा

क्राइम अलर्टजम्मू-कश्मीर: अपहरण के मामलों में 50% की कमी, लेकिन शून्य पर पहुंचना अभी बाकी

भारतचौंकाने वाला आंकड़ा: कश्मीर में कुत्तों से आगे निकलीं बिल्लियां, 85,000 से ज़्यादा लोग हुए शिकार

भारत3 हजार करोड़ का सवाल है रे बाबा! कश्मीर में शराबबंदी पर छिड़ी बड़ी बहस

कारोबार अधिक खबरें

कारोबार12 ज्योतिर्लिंगों में से एक भीमाशंकर मंदिर पर खर्च होंगे 172.22 करोड़ रुपये, महाराष्ट्र सरकार ने 6 तीर्थ और विरासत स्थलों के लिए 993 करोड़ रुपये मंजूर

कारोबारGold Price Today: सोने का भाव आज का 18 मई 2026, जानें दिल्ली, मुंबई समेत बड़े शहरों में सोने की कीमत

कारोबार₹6 ट्रिलियन का नुकसान! सेंसेक्स में 833.20 अंक की गिरावट, क्रूड का भाव 111.2 डॉलर प्रति बैरल

कारोबारऊर्जा संकट और बढ़ते विदेशी मुद्रा संकटः मितव्ययिता की शुरुआत तो बहुत पहले ही हो जानी चाहिए थी!

कारोबारघरों की ‘होम मिनिस्टर’ पर बचत की जिम्मेदारी?, पीएम मोदी की ‘बचत और आत्मनिर्भरता’ की अपील?