महाराष्ट्र के पालघर जिले में 16 अप्रैल की रात तीन लोगों की भीड़ द्वारा पीट-पीट कर हत्या कर दी गई थी। मॉब लिंचिंग की इस घटना ने एक बार फिर पूरे देश को दहला दिया है। तीन मृतक में से दो लोग लोग साधु बताये जा रहे हैं। इस लिहाज से यह विवाद और गहरा गया है। दरअसल तीनों व्यक्ति मुंबई के कांदीवली से कार में सवार होकर गुजरात के सूरत जा रहे थे। इसी दौरान, पालघर जिले में भीड़ ने इन्हें चोर समझकर उनके वाहन को रोक लिया और उनकी पीट-पीट कर हत्या कर दी। Read More
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को “भारत कोविड-19 आपात प्रतिक्रिया और स्वास्थ्य प्रणाली तैयारी पैकेज” के लिए 15,000 करोड़ रुपये के निवेश को मंजूरी दे दी। ...
Palghar mob lynching Case: 16 अप्रैल की रात तीन व्यक्ति (दो साधु और एक ड्राइवर) मुंबई के कांदीवली से कार में सवार होकर गुजरात के सूरत जा रहे थे। इसी दौरान, पालघर जिले में भीड़ ने इन्हें चोर समझकर उनके वाहन को रोक लिया और उनकी पीट-पीट कर हत्या कर दी। ...
Palghar Mob Lynching Case:यह घटना उस समय हुई, जब गुरुवार रात दो साधु सहित तीन लोग मुंबई के कांदीवली से कार में सवार होकर गुजरात के सूरत जा रहे थे। इसी दौरान, पालघर जिले में भीड़ ने इन्हें चोर समझकर उनके वाहन को रोक लिया और उनकी पीट-पीटकर हत्या कर दी ...
हर तरफ पालघर मॉब लिंचिंग की चर्चा है. पालघर में दो संतों की भीड़ ने पीट-पीट कर हत्या कर दी थी. मुंबई में कांदिवली के रहने वाले तीन लोगों, 35 साल के सुशीलगिरि महाराज, महाराज कल्पवृक्षगिरि, और 30 साल के ड्राइवर निलेश तेलगाडे को पुलिस की मौजूदगी में ही ...
बीजेपी नेता शाहनवाज़ हुसैन ने कहा कि जिस तरह से पालघर में दो संतों और उनके ड्राइवर की हत्या हुई यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है क्योंकि संतों का कोई कसूर नहीं था। पुलिस की मौजूदगी में हत्या होना यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है और इसका पूरे देश में विरोध, गम और ग ...
सबसे बड़ा अखाड़ा जूना अखाड़ा माना जाता है जहां साधुओं की संख्या 4 लाख से भी ज्यादा है। इनमें नागा साधु भी बड़ी संख्या में हैं। इस वक्त आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जूना अखाड़े के प्रमुख हैं। ...
महाराष्ट्र के पालघर में 16 अप्रैल को मुंबई के दो संतों समेत तीन लोगों की ग्रामीणों ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी और मामले में 100 से अधिक लोग गिरफ्तार किए गए हैं। ...
महाराष्ट्र के पालघर में मॉब लिंचिंग की घटना ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। इस घटना में मारे गए साधु कल्पवृक्षगिरि महाराज और सुशील गिरि महाराज जूना अखाड़े से जुड़े हुए थे। अब आपके मन में सवाल उठ रहा होगा कि ये अखाड़ा क्या होता है? दरअसल, हिंदू धर्म ...