लाइव न्यूज़ :

Shardiya Navratri 2025: नवरात्रि के 9 दिन किस रंग के पहनें कपड़े? मां दुर्गा की होगी अपार कृपा

By अंजली चौहान | Updated: September 11, 2025 05:41 IST

Shardiya Navratri 2025: प्रत्येक रंग उस दिन पूजी जाने वाली देवी दुर्गा के एक विशिष्ट रूप से जुड़ा हुआ है, और ऐसा माना जाता है कि संबंधित रंग पहनने से आशीर्वाद बढ़ता है और ईश्वर के साथ सकारात्मक संबंध बनता है।

Open in App

Shardiya Navratri 2025: हिंदू धर्म में शारदीय नवरात्रि का त्योहार देवी दुर्गा को समर्पित है। नौ दिन का यह त्योहार देवी दुर्गा के नौ रूपों को समर्पित है और नौ दिनों तक मां की पूजा-अर्चना की जाती है। इस दौरान नौ देवियों की पसंद के अनुसार पूजा-पाठ, प्रसाद और अन्य विधि-विधानों को पूरा किया जाता है। इस साल 22 सितंबर से नवरात्रि का त्योहार शुरू हो रहा है। ऐसे में अब बस कुछ ही दिन बचे हैं और इससे पहले पूरी तैयारी करना जरूरी है।

नवरात्रि के नौ दिनों में आप मां के प्रत्येक रूप के अनुसार रंगीन कपड़े पहन सकते हैं। पहले दिन नारंगी, दूसरे दिन सफेद, तीसरे दिन लाल, चौथे दिन शाही नीला, पांचवें दिन पीला, छठे दिन हरा, सातवें दिन स्लेटी (ग्रे), आठवें दिन बैंगनी और नौवें दिन मोरपंखी हरा रंग धारण करना शुभ माना जाता है।

चूंकि नवरात्रि के नौ दिन, देवी दुर्गा के नौ अलग-अलग रूपों को समर्पित हैं। हर दिन एक खास रंग और महत्व से जुड़ा है, और भक्त देवी को प्रसन्न करने और आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त करने के लिए उसी रंग के कपड़े पहनते हैं। ऐसा करने से माता रानी प्रसन्न होंगी और आपके जीवन में सुख और शांति का वास होगा।

पहला दिन: मां शैलपुत्री (22 सितंबर, 2025)

रंग: नारंगी

महत्व: यह दिन ऊर्जा, खुशी और सकारात्मकता का प्रतीक है। मां शैलपुत्री, जो पर्वत हिमालय की पुत्री हैं, इस रंग से पूजी जाती हैं। नारंगी रंग पहनने से आपके जीवन में उत्साह और चमक आती है।

दूसरा दिन: मां ब्रह्मचारिणी (23 सितंबर, 2025)

रंग: सफेद

महत्व: सफेद रंग शांति, पवित्रता और सादगी का प्रतीक है। मां ब्रह्मचारिणी तपस्या और वैराग्य की देवी हैं। सफेद कपड़े पहनने से मन शांत और शुद्ध होता है।

तीसरा दिन: मां चंद्रघंटा (24 सितंबर, 2025)

रंग: लाल

महत्व: लाल रंग प्रेम, शक्ति और साहस का प्रतीक है। मां चंद्रघंटा अपने भक्तों को निडरता और वीरता प्रदान करती हैं। इस दिन लाल रंग पहनना शक्ति और ऊर्जा को दर्शाता है।

चौथा दिन: मां कूष्मांडा (25 सितंबर, 2025)

रंग: शाही नीला (Royal Blue)

महत्व: यह रंग समृद्धि और शांति का प्रतीक है। मां कूष्मांडा ब्रह्मांड की निर्माता मानी जाती हैं। शाही नीला रंग पहनना जीवन में खुशहाली और आध्यात्मिक विकास को बढ़ावा देता है।

पांचवां दिन: मां स्कंदमाता (26 सितंबर, 2025)

रंग: पीला

महत्व: पीला रंग ज्ञान, खुशी और चमक का प्रतीक है। मां स्कंदमाता को ज्ञान और बुद्धि की देवी माना जाता है। इस दिन पीला रंग पहनने से सकारात्मकता और सीखने की इच्छा बढ़ती है।

छठा दिन: मां कात्यायनी (27 सितंबर, 2025)

रंग: हरा

महत्व: हरा रंग प्रकृति, विकास और ताजगी का प्रतीक है। मां कात्यायनी अपने भक्तों को प्रकृति से जोड़ती हैं और उन्हें स्वस्थ जीवन का आशीर्वाद देती हैं। यह रंग मन और शरीर को संतुलित रखता है।

सातवां दिन: मां कालरात्रि (28 सितंबर, 2025)

रंग: ग्रे

महत्व: यह रंग शांति और संतुलन का प्रतीक है। मां कालरात्रि अपने भक्तों के सभी दुख और नकारात्मकता को दूर करती हैं। ग्रे रंग पहनने से मन में स्थिरता और सुरक्षा की भावना आती है।

आठवां दिन: मां महागौरी (29 सितंबर, 2025)

रंग: बैंगनी (Purple)

महत्व: बैंगनी रंग आध्यात्मिकता, ज्ञान और समृद्धि का प्रतीक है। मां महागौरी भक्तों को पवित्रता और ज्ञान का आशीर्वाद देती हैं। यह रंग पहनने से आध्यात्मिक उन्नति होती है।

नवां दिन: मां सिद्धिदात्री (30 सितंबर, 2025)

रंग: मोरपंखी हरा (Peacock Green)

महत्व: यह दिन पूर्णता और सफलता का प्रतीक है। मां सिद्धिदात्री सभी प्रकार की सिद्धियाँ और ज्ञान प्रदान करती हैं। मोरपंखी हरा रंग पहनना सभी इच्छाओं की पूर्ति और जीवन में पूर्णता को दर्शाता है।

आप इन रंगों के अनुसार अपने कपड़े चुनकर नवरात्रि का उत्सव मना सकते हैं और देवी का आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं।

(डिस्क्लमेर: प्रस्तुत आर्टिकल में मौजूद जानकारी सामान्य ज्ञान पर आधारित है। लोकमत हिंदी इसमें मौजूद तथ्यों की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी सलाह को मानने से पहले कृपया विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।)

टॅग्स :शारदीय नवरात्रिनवरात्रिमां दुर्गाहिंदू त्योहार
Open in App

संबंधित खबरें

पूजा पाठBohag Bihu 2026: कब है रोंगाली बिहू? जानिए क्यों खास हैं उत्सव के ये 7 दिन

पूजा पाठHanuman Jayanti Puja Muhurat 2026: नोट कर लें बजरंगबली की पूजा के ये 2 सबसे शुभ मुहूर्त, बरसेगी पवनपुत्र की कृपा

पूजा पाठHanuman Jayanti 2026: बिना तामझाम ऐसे करें बजरंगबली की पूजा, चमक जाएगी आपकी किस्मत

पूजा पाठHanuman Jayanti 2026: 1 या 2 अप्रैल, कब मनाई जाएगी हनुमान जयंती? दूर करें अपना कन्फ्यूजन

कारोबारApril 2026 Festival List: बैसाखी से बिहू तक, अप्रैल 2026 में छुट्टियों का पिटारा, चेक करें त्योहारों की पूरी लिस्ट

पूजा पाठ अधिक खबरें

पूजा पाठPanchang 15 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 15 April 2026: आज वृषभ राशिवालों के भाग्य में कोई बड़ी उपलब्धि, जानें अपनी राशि का भविष्य

पूजा पाठRashifal 14 April 2026: आज धन संचय करने में सफल होंगे मेष समेत ये 5 राशि के लोग

पूजा पाठPanchang 14 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठPanchang 13 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग