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दवा, स्वास्थ्य उद्योग को उम्मीद, वर्ष 2022 में बनी रहेगी वृद्धि की रफ्तार

By भाषा | Updated: December 23, 2021 18:37 IST

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नयी दिल्ली, 23 दिसंबर वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के चुनौतीपूर्ण समय में कोविड-19 रोधी टीके की वैश्विक जरूरतों में से 60 फीसदी की आपूर्ति करके भारतीय दवा एवं स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े उद्योग ने दुनिया के सामने अपनी ताकत को साबित कर दिखाया है। अब यह उद्योग बीते दो वर्ष के अनुभव के आधार पर सरकार के साथ अपनी साझेदारी को मजबूत करने और 2022 में भी रफ्तार को कायम रखने के लिए प्रयासरत है।

भारत की दवा कंपनियों के संगठन ‘ऑर्गेनाइजेशन ऑफ फार्मास्युटिकल प्रोड्यूसर्स ऑफ इंडिया (ओपीपीआई)’ के महानिदेशक के जी अनंतकृष्णन ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘वैश्विक महामारी के दौरान जो फायदा हुआ है, उसे बनाए रखना उद्योग के लिए आवश्यक है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘उद्योग की नियामक आवश्यकताओं को वैश्विक मानकों के अनुरुप बनाना 2022 और उसके बाद भी वृद्धि के लिए महत्वपूर्ण चरण होगा।’’

घरेलू दवा कंपनियों के लिए परेशानियों का जिक्र करते हुए सन फार्मा में मुख्य कार्यपालक अधिकारी (भारत में कारोबार) कीर्ति गानोरकर ने कहा कि मुद्रा में उतार-चढ़ाव, ब्याज दर संबंधी अनिश्चितता, कच्चे माल की कीमतों में उल्लेखनीय वृद्धि और परिवहन लागत कुछ प्रमुख चुनौतियां रही हैं।

उद्योग में नए चलन के बारे में डॉ. रेड्डीज लेबोरेटरीज के को-चेयरमैन और प्रबंध निदेशक जी वी प्रसाद ने कहा, ‘‘मेरे ख्याल से जिस एक चलन का 2022 में खासा प्रभाव होगा वह है सरकार और उद्योग के बीच मजबूत साझेदारी जो बीते दो वर्ष में महामारी के दौरान कायम हुई है।’’

शारदुल अमरचंद मंगलदास एंड कंपनी में साझेदार अरविंद शर्मा ने कहा कि महामारी से प्रभावित प्रौद्योगिकी लाभ और बिक्री उच्च कौशल वाले कार्यबल के कारण धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं। दवा क्षेत्र का प्रदर्शन 2022 में अच्छा रहने की उम्मीद है और यह अगले दो वर्ष में 11 फीसदी की दर के साथ बढ़ सकता है तथा बाजार का आकार 60 अरब डॉलर से अधिक हो सकता है।’’

स्वास्थ्य देखभाल उद्योग के संगठन ‘नेटहैल्थ’ के अध्यक्ष हर्ष महाजन ने कहा, ‘‘डिजिटल स्वास्थ्य और टेलीमेडिसिन महामारी काल में महत्वपूर्ण हो गए और यह चलन जारी रहेगा तथा इसमें निवेश भी बढ़ेगा।’’

फोर्टिस हेल्थकेयर के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी आशुतोष रघुवंशी ने कहा कि दुनिया ने भारतीय स्वास्थ्य देखभाल क्षेत्र की संभावनाओं को पहचाना है और 2022 में यहां अधिक निवेश आएगा जिससे रोजगार बढ़ेगा और कारोबार में वृद्धि भी होगी।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

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