मुलायम सिंह यादव एक भारतीय राजनेता थे। उनका जन्म 22 नवम्बर 1939 को इटावा जिले के सैफई गाँव में हुआ था। वे छात्र जीवन से ही राजनीति में सक्रिय हो गए। लेकिन पहली बार उन्होंने विधानसभा चुनाव 1967 में जीता। 5 दिसम्बर 1989 को वे पहली बार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने थे। 10 अक्टूबर 2022 को निधन हो गया। साल 1992 में वे समाजवादी पार्टी (सपा) बनाकर वे अकेले मुख्य धारा की राजनीति में उतरे। इसके बाद 5 दिसम्बर 1993 को वे दोबारा सीएम चुने गए थे। लेकिन इसी बीच वे केंद्रीय राजनीति चले गए। साल 1996 में वे संयुक्त मोर्चा की सरकार में रक्षामंत्री बने। लेकिन वह सरकार ज्यादा दिन चली नहीं। उन्होंने फिर से राज्य की राजनीति का रुख किया और 29 अगस्त 2003 को तीसरी बार यूपी सीएम की गद्दी संभाली थी। Read More
2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा-अपना दल गठबंधन ने 27 में से 26 सीट पर कब्जा किया था। एक सीट यानी आजमगढ़ पर सपा संरक्षक और पूर्व रक्षा मंत्री मुलायम सिंह यादव जीते थे। इस बार भी भाजपा-अपना दल में गठबंधन है। कांग्रेस अकेले मैदान में है। बसपा 16 सीट और स ...
आजमगढ़ का जातीय समीकरण ही सपा के इस किले को मजबूत बनाता है और इस बार बसपा भी उसके साथ है। स्थानीय सियासी जानकारों के मुताबिक, इस लोकसभा क्षेत्र में करीब 19 लाख मतदाताओं में से साढ़े तीन लाख से अधिक यादव, तीन लाख से ज्यादा मुसलमान और करीब तीन लाख दलित ह ...
पांचवें चरण के साथ ही 543 सीट में से 424 सीट पर चुनाव खत्म हो गए। अब शेष 118 सीट पर 12 मई (छठा चरण) और 19 मई (7वां चरण) को मतदान होंगे। इसके साथ ही 23 मई को मतगणना होगी। ...
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के प्रचार के लिए आजमगढ़ पहुंचे धर्मेंद्र ने यह भी कहा कि सपा-बसपा गठबंधन की मौजूदगी वाली सरकार बनने के बाद जाति आधारित जनगणना के आंकड़े सार्वजनिक किए जाएंगे और संख्या के अनुपात में आरक्षण सुनिश्चित किया जाएगा। ...
उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव मैनपुरी से चुनाव लड़ रहे हैं। मैनपुरी रैली के दौरान मुलायम सिंह यादव ने इस बात की घोषणा की थी कि लोकसभा चुनाव 2019 उनका आखिरी चुनाव है। ...
महाराष्ट्र राजनीति के दिग्गज नेता शरद पवार, उत्तर प्रदेश से मुलायम सिंह यादव और कर्नाटक से पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा परिवार चुनावी दंगल में हैं। बीते 4-5 दशक की सियासत की बात होगी, तो इन परिवार का जिक्र सबसे पहले होगा, सूबे के साथ-साध देश की र ...
यूपी के तीसरे चरण के चुनाव की बात करें तो मैनपुरी समाजवादी पार्टी के लिए सबसे सुरक्षित सीट मानी जा रही है। हालांकि, फिरोजाबाद और रामपुर में मुकाबला दिलचस्प है। ...
जब भी सपा-बसपा के साथ होने की बात होती है मायावती लखनऊ गेस्ट हाउस कांड का नाम लेना नहीं भूलती हैं। सपा- बसपा के लोकसभा चुनाव 2019 के पहले हुए गठबंधन की घोषणा करने के दौरान भी मायावती ने 2 जून 1995 में हुए चर्चित 'गेस्ट हाउस कांड' को दो बार याद किया ...