अभिनेत्री और नेत्री हेमा मालिनी उत्तर प्रदेश के मथुरा से लोकसभा सांसद हैं। हेमा मालिनी का जन्म 16 अक्टूबर 1948 को फ़िल्म प्रोड्यूसर जया लक्ष्मी चक्रवर्ती और वीएसआर चक्रवर्ती के घर हुआ। हेमा मालिनी की शुरुआती पढ़ाई लिखाई चेन्नई (तब मद्रास) में हुई। 11वीं की पढ़ाई बीच में छोड़कर हेमा अभिनय की दुनिया में आ गईं। हेमा मालिनी ने 1961 में तमिल फिल्म इधु साथियम से एक्टिंग डेब्यू किया। हिन्दी सिनेमा में हेमा ने 1968 में आई फिल्म 'सपनों का सौदागर' से कदम रखा। इस फिल्म में उनके को-स्टार शोमैन राज कपूर थे। अपने पाँच दशक से ज्यादा लम्बे फिल्मी करियर में हेमा मालिनी ने शोले, सीता और गीता, तेरे मेरे सपने, राजा जानी, क्रांति, रजिया सुल्तान, सत्ते पर सत्ता जैसी हिट फिल्में दीं। हेमा मालिनी साल 2004 में आधिकारिक तौर पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में शामिल हुईं। साल 2003 में बीजेपी ने उन्हें राज्यसभा सांसद मनोनित किया। साल 2014 के लोकसभा चुनाव में उन्हें मथुरा लोकसभा सीट से टिकट मिला। हेमा ने रालोद नेता जयंत चौधरी को एक लाख से ज्यादा वोटों से हराकर चुनाव जीता। बीजेपी ने लोकसभा चुनाव 2019 में हेमा मालिनी को मथुरा से प्रत्याशी बनाया है। Read More
हेमा मालिनी ने उस अनुभव को साझा करते हुए लिखा, 'एक खुशहाल और शांत देश अफगानिस्तान के साथ जो हो रहा है वह दुखद है। 'धर्मात्मा' में मैंने एक घुमंतू लड़की की भूमिका निभाई थी जिसकी पूरी शूटिंग अफगानिस्तान में हुई थी। ...
Sholay completed 46 Years: रमेश सिप्पी ने फिल्म शोले को याद करते हुए लिखा- शोले ने आज 46 साल पूरे कर लिए। समय कितनी तेजी से उड़ गया। इतनी बेहतरीन स्टार कास्ट और पूरी टीम के साथ काम करने का 46 साल का अविश्वसनीय अनुभव। ...
ईपीएस-95 कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) की कर्मचारी पेंशन योजना है। ईपीएस (कर्मचारी पेंशन योजना), 95 के तहत आने वाले कर्मचारियों के मूल वेतन (मूल वेतन और महंगाई भत्ता) का 12 प्रतिशत हिस्सा भविष्य निधि में जाता है। ...
बड़ा सवाल यह है कि क्या बीजेपी अब भी पर्दे के पीछे से कंगना का समर्थन ही करती रहेगी या हेमा मालिनी की बात भी सुनेगी? क्योंकि, कंगना जैसे बयान पर समर्थक ताली बजा सकते हैं, कुछ समय के लिए न्यूज चैनल की टीआरपी भी बढ़ा सकते हैं, लेकिन पार्टी की साख नहीं बढ़ ...