लाइव न्यूज़ :

वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा- टू-व्हीलर न तो लक्जरी है और न ही डिमेरिट गुड है, GST दर में संशोधन की जरूरत

By भाषा | Updated: August 25, 2020 21:32 IST

देश की सबसे बड़ी दुपहिया विनिमार्ता कंपनी हीरो मोटो कार्प ने 2019 में सरकार से दुपहिया वाहन श्रेणी में जीएसटी दर में चरणबद्ध तरीके से कमी लाने का आग्रह किया था।

Open in App
ठळक मुद्देदुपहिया वाहनों पर वर्तमान में 28 प्रतिशत की दर से जीएसटी लगता है। दुपहिया वाहनों पर जीएसटी दर को कम करने के सवाल पर सीतारमण ने आश्वासन दिया कि यह सही मायनों में अच्छा सुझाव है।

नई दिल्ली:  वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार (25 अगस्त) को कहा कि दुपहिया वाहन न तो विलासिता का सामान है और न ही यह अहितकर सामाना की श्रेणी में आता है इसलिये इस पर माल एवं सेवाकर (जीएसटी) दर में संशोधन का मामला बनता है। भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) के साथ हुई बैठक में सीतारमण ने कहा कि दुपहिया वाहन पर जीएसटी दर में संशोधन के मामले पर जीएसटी परिषद की बैठक में गौर किया जायेगा।

सीआईआई की ओर जारी वक्तव्य में यह जानकारी दी गई है। वित्त मंत्रालय के प्रवक्ता की ओर से भी बाद में इसे जारी किया गया। दुपहिया वाहनों पर वर्तमान में 28 प्रतिशत की दर से जीएसटी लगता है। वक्तव्य में कहा गया है, ‘‘दुपहिया वाहनों पर जीएसटी दर को कम करने के सवाल पर सीतारमण ने आश्वासन दिया कि यह सही मायनों में अच्छा सुझाव है क्योंकि वाहन की यह श्रेणी न तो भोग विलासिता के श्रेणी में आती है और न ही यह अहितकर वस्तु की श्रेणी में आता है, इसलिये इसमें दर में संशोधन का मामला बनता है।’’

वक्तव्य में सीतारमण के हवाले से कहा गया है, ‘‘इस मुद्दे को जीएसटी परिषद के समक्ष रखा जायेगा।’’ पिछले साल देश की सबसे बड़ी दुपहिया विनिमार्ता कंपनी हीरो मोटो कार्प ने सरकार से दुपहिया वाहन श्रेणी में जीएसटी दर में चरणबद्ध तरीके से कमी लाने का आग्रह किया था। इसकी शुरुआत 150 सीसी की मोटरसाइकिल को जीएसटी के 18 प्रतिशत स्लैब में लाकर की जा सकती है।

एएमआरजी एण्ड एससोसियेट्स के वरिष्ठ भागीदार रजत मोहन ने कहा कि मोटरसाइकिल, मोपेड और मोटर लगी साइकिल पर सबसे ऊंची 28 प्रतिशत की दर से जीएसटी लगाया जाता है। उन्होंने कहा, ‘‘देश के लाखों मध्यम वर्गीय परिवार की आज दुपहिया वाहन मूलभूत जरूरत बन गई है। लेकिन जीएसटी के मामले में इसे भी तंबाकू, सिगार, पिस्तौत जैसी अहितकर वस्तुओं की श्रेणी मं रखा गया है।

टॅग्स :निर्मला सीतारमणजीएसटीटू व्हीलर
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारऊर्जा संकट और बढ़ते विदेशी मुद्रा संकटः मितव्ययिता की शुरुआत तो बहुत पहले ही हो जानी चाहिए थी!

कारोबारईरान-अमेरिका संघर्ष और कच्चे तेल की कीमत से असर?, भारत की आर्थिक वृद्धि दर घटकर 6.7 प्रतिशत रहने का अनुमान?, बीएमआई की रिपोर्ट

कारोबारदुनिया के नए निर्यात बाजारों में आगे बढ़ता भारत

कारोबारटूटे सारे रिकॉर्ड, अप्रैल में जीएसटी संग्रह 2.43 लाख करोड़ रुपये

कारोबार'बिजनेस रिफॉर्मर ऑफ द ईयर' पुरस्कार?, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू को दिया अवॉर्ड

भारत अधिक खबरें

भारतDelhi Traffic Update: दिल्ली वाले ध्यान दें! 19 मई को ट्रैफिक जाम से बचना है, तो इन रास्तों का करें इस्तेमाल

भारतभविष्य के लिए ये कैसी पौध तैयार कर रहे हैं हम ?

भारत'भारत अब नक्सल-मुक्त है': अमित शाह ने छत्तीसगढ़ में उग्रवाद के खात्मे की घोषणा की

भारतMadhya Pradesh: खेलते‑खेलते कार में बंद 4 साल की बच्ची की मौत, दो घंटे तक किसी ने नहीं देखा

भारतमुंबई और अहमदाबाद के बीच भारत की पहली बुलेट ट्रेन की पहली झलक सामने आई