अयोध्या उत्तर प्रदेश का एक शहर है। इस शहर को भगवान राम की जन्मस्थली माना जाता है। उनके जन्म की जगह को लेकर काफी वक्त से विवाद चल रहा था। राम का जन्मस्थान होने की वजह से अयोध्या को हिंदुओं के साथ सबसे महत्वपूर्ण तीर्थ स्थलों में माना जाता है। Read More
बाबरी मस्जिद का विवादित ढांचा गिराए जाने के 27 साल पूरे होने के मौके पर सुप्रीम कोर्ट में राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद फैसले पर पुनर्विचार के लिये चार अलग अलग याचिकायें दायर की गई है। ...
आल इण्डिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (एआईएमपीएलबी) के सचिव जफरयाब जिलानी ने गुरुवार को कहा था कि बोर्ड के आह्वान पर शुक्रवार को छह अलग—अलग पुनर्विचार याचिकाएं दाखिल की जाएंगी। ...
भगवान राम की जन्म स्थली इस तीर्थ नगरी के विभिन्न हिस्सों में सुबह के समय जनजीवन बिलकुल सामान्य दिखा। लोग सैर के लिए सड़कों पर निकले। दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान हर रोज की तरह खुले हैं। बाबरी मस्जिद को छह दिसंबर 1992 को गिरा दिया गया था। ...
26 बरस पहले उत्तर प्रदेश के अयोध्या में घटी यह घटना इतिहास में प्रमुखता के साथ दर्ज है, जब राम मंदिर की सांकेतिक नींव रखने के लिए उमड़ी भीड़ ने बाबरी मस्जिद ढहा दी थी। इससे देश के दो संप्रदायों के बीच पहले से मौजूद रंजिश की दरार बढ़कर खाई में बदल गई। ...
अयोध्या मामलाः याचिकाएं महफूजुर्रहमान, मिसबाहुद्दीन, हाजी महबूब, मोहम्मद उमर, हाजी असद, उनके भाई रिजवान और मौलाना हसबुल्ला की तरफ से दाखिल होंगी। इनमें ...
पुलिस इस मौके पर कोई जोखिम नहीं लेना चाहती। अधिकारी ने बताया कि नौ नवंबर को अयोध्या प्रकरण पर उच्चतम न्यायालय के फैसले के मद्देनजर जिस तरह की सुरक्षा व्यवस्था की गई थी उसी तरह की तैयारी अयोध्या में की गई है। ...
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के नेता अकबरुद्दीन ओवैसी ने छह दिसम्बर को बाबरी मस्जिद ढहाने ढहाये जाने की बरसी से पहले यूनाइटेड मुस्लिम एक्शन कमेटी के तत्वावधान में सोमवार देर रात आयोजित एक विरोध बैठक में कहा, ‘‘हमें न्याय पर भरोस ...
एजाज के मुताबिक, वह कल ही समीक्षा याचिका दायर करना चाहते थे, लेकिन श्री राजीव धवन नहीं पहुंचे। यही वजह रहा है कि राजीव धवन का नाम याचिका में नहीं दिया गया है। इसकी वजह साफ है कि राजीव मीटिंग में उपलब्ध नहीं थे। यह कोई बड़ा मुद्दा नहीं है। ...