लाइव न्यूज़ :

औरंगाबाद का नाम बदलने के पीछे वोट बैंक की राजनीति, कांग्रेस और शिवसेना की नूरा कुश्ती

By शीलेष शर्मा | Updated: January 6, 2021 18:27 IST

महाराष्ट्र के औरंगाबाद का नाम बदलकर संभाजीनगर किए जाने का मुद्दा बीते कुछ दिनों से राज्य की राजनीति में चर्चा का विषय बना हुआ है। रेलवे पुलिस बल ने शहर के रेलवे स्टेशन की सुरक्षा बढ़ा दी है। 

Open in App
ठळक मुद्देजून 1995 में औरंगाबाद नगर निगम में एक प्रस्ताव पारित किया गया था।शिवसेना ने हाल में कहा कि नाम में बदलाव जल्दी ही होगा जिसका कांग्रेस ने विरोध किया।2019 में एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।

नई दिल्लीः औरंगाबाद का नाम बदलने को लेकर कांग्रेस और शिवसेना के बीच शुरू हुई जंग अपने अंजाम तक पहुँचने से पहले ही दम तोड़ती नज़र आ रही है, जिससे औरंगाबाद का नाम बदलने की संभावना समाप्त होती दिख रही है।

उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार दोनों ही दल इस मुद्दे को लेकर गंभीर नहीं हैं। सूत्रों ने बताया कि यह जुबानी जंग केवल अपने अपने वोट बैंक को बचाये रखने के लिये शुरू की गयी है, सरकार के वरिष्ठ मंत्री ने लोकमत से बात करते हुये कहा कि यह विवाद केवल अख़बार की सुर्ख़ियों के लिये है।

सूत्रों ने दावा किया कि कांग्रेस अपने मुस्लिम वोट बैंक को बचाये रखने के लिये इसका विरोध दर्ज़ करा रही है। इसके संकेत उस समय मिले जब अघाड़ी सरकार में कांग्रेस के मंत्री नितिन राउत ने कहा कि औरंगाबाद नाम ऐतिहासिक है।

इतिहास को आखिर बदलने की क्या ज़रूरत है। उनकी दलील थी कि नाम बदलने से समाज के एक वर्ग को चोट पहुँचेगी, नतीजा मुस्लिम और दलित मतदाता दूर चला जायेगा। ग़ौरतलब है कि असदुद्दीन ओवैसी पहले ही मुस्लिम मतदाताओं को तोड़ने में लगे हैं।

इस कारण कांग्रेस ऐसा कोई मौका हाथ से नहीं जाने देना चाहती, जिससे ओवैसी अपने इरादों में पूरी तरह कामयाब हो सकें। दूसरी तरफ शिवसेना अपने पुराने गढ़ को दुरुस्त रखने के लिये हिन्दू कार्ड खेल कर औरंगाबाद का नाम बदलने का पासा फेंक कर भाजपा के मंसूबों को नाकाम करना चाहती है।

शिवसेना को डर है कि भाजपा उसके गढ़ में हिन्दू कार्ड फेंक कर सेना के जनाधार को तोड़ने की रणनीति बनायेगी। कांग्रेस और सेना अपने अपने वोट बैंक को बचाये रखने के लिये यह नाम बदलने की जुबानी जंग लड़ रहे हैं जिसका कोई नतीज़ा निकलने वाला नहीं है।  

टॅग्स :औरंगाबादमहाराष्ट्रकांग्रेसशिव सेनाभारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारबेंगलुरु-मुंबई एक्सप्रेस शुरू, देखिए रूट, समय और टिकट की कीमत, तुमकुरु, हुबली, बेलगावी, सांगली, कराड, सतारा, लोनांद, पुणे, लोनावला, कल्याण और ठाणे सहित 15 स्टेशनों पर रुकेगी

भारतकौन थे भुवन चंद्र खंडूरी?, देहरादून में निधन

बॉलीवुड चुस्कीमुंबई में सलमान खान के गैलेक्सी अपार्टमेंट में 5 फुट लंबा सांप?, वीडियो

कारोबार800 करोड़ रुपये खर्च, लाखों कर्मचारी को तोहफा?, 5वें, 6वें और 7वें वेतन आयोगों के तहत कर्मचारियों के महंगाई भत्ता डीए के बकाया भुगतान को मंजूरी

कारोबार800 करोड़ रुपये खर्च, लाखों कर्मचारी को तोहफा?, 5वें, 6वें और 7वें वेतन आयोगों के तहत कर्मचारियों के महंगाई भत्ता डीए के बकाया भुगतान को मंजूरी

राजनीति अधिक खबरें

राजनीतिDUSU Election 2025: आर्यन मान को हरियाणा-दिल्ली की खाप पंचायतों ने दिया समर्थन

राजनीतिबिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलीं पाखी हेगड़े, भाजपा में शामिल होने की अटकलें

राजनीतिBihar voter revision: वोटरों की सही स्थिति का पता चलेगा, SIR को लेकर रूपेश पाण्डेय ने कहा

राजनीतिबिहार विधानसभा चुनावः बगहा सीट पर बीजेपी की हैट्रिक लगाएंगे रुपेश पाण्डेय?

राजनीतिगोवा विधानसभा बजट सत्रः 304 करोड़ की 'बिना टेंडर' परियोजनाओं पर बवाल, विपक्ष का हंगामा