लाइव न्यूज़ :

केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले की मांग- सरकारी नौकरियों में दिया जाए 75 प्रतिशत आरक्षण

By एस पी सिन्हा | Updated: October 13, 2018 16:02 IST

एससी-एसटी ओबीसी आरक्षण की तरह अन्य जातियों के द्वारा आरक्षण की हो रही मांग पर केन्द्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि एनडीए की बैठक में इस पर विचार किया गया है।

Open in App

रांची,13 अक्टूबर: केंद्रीय सामाजिक न्याय अधिकारिता राज्यमंत्री रामदास अठावले झारखंड के दौरे पर रांची में हैं। मीटू में केंद्रीय राज्यमंत्री एमजे अकबर पर लगे आरोप के बारे में उन्होंने कहा कि उनका पक्ष सुनने के बाद पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। झारखंड दौरे पर आये केन्द्रीय राज्यमंत्री रामदास अठावले ने एससी-एसटी एक्ट में किसी भी तरह का बदलाव से इनकार करते हुए कहा है कि जो इसका विरोध कर रहे हैं उनसे बातचीत की जायेगी। 

राजधानी रांची के प्रोजेक्ट भवन में कल्याण विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक करने के बाद उन्होंने राज्य सरकार के कामकाज की सराहना करते हुए कहा कि इंटरकास्ट मैरेज करने वालों को 25 हजार की जगह एक लाख रुपये का प्रोत्साहन देने के लिए वे मुख्यमंत्री को पत्र लिखेंगे। 2019 के लोकसभा चुनाव पर बोलते हुए रामदास अठावले ने कहा कि केन्द्र में एक बार फिर मोदी सरकार ही बनेगी।

एससी-एसटी ओबीसी आरक्षण की तरह अन्य जातियों के द्वारा आरक्षण की हो रही मांग पर केन्द्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि एनडीए की बैठक में इस पर विचार किया गया है। जिसके तहत आरक्षण की सीमा 50 फीसदी से बढ़ाकर 75 फीसदी कर सामान्य श्रेणी के 50 फीसदी में से 25 फीसदी आरक्षण आर्थिक रूप से कमजोर सवर्णो को देने पर विचार किया जा रहा है। 

उन्होंने कहा कि एसटी-एससी एक्ट का गलत इस्तेमाल अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजातियों की तरफ से नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज का एक बड़ा तबका इस एक्ट के गलत इस्तेमाल को लेकर सशंकित है। इसे दूर करने के लिए वह दिल्ली में जल्द ही एक बैठक बुलाकर एक्ट की जरूरत से अवगत कराएंगे। साथ ही किया भरोसा दिलाएंगे कि एक्ट का गलत इस्तेमाल नहीं होने दिया जाएगा। 

उन्होंने कहा कि कई परिवार एसटी-एससी आरक्षण लेकर समाज के अगली पंक्ति में आ चुके हैं, फिर भी उनके बच्चे स्कॉलरशिप का लाभ लेते हैं। इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि सक्षम परिवारों को ऐसा नहीं करना चाहिए। राम मंदिर निर्माण के बाबत रामदास अठावले ने कहा कि इलाहाबाद हाई कोर्ट के फैसले के तहत हिंदू और मुस्लिम के लिए जमीन के जिस हिस्से की बात हुई थी। उस आधार पर उसी जगह मंदिर के साथ-साथ मुस्लिम समाज की इच्छा पर मस्जिद बनाने में कोई एतराज नहीं होना चाहिए। इसके लिए उन्होंने दिल्ली के लाल किला के पास स्थित मंदिर, मस्जिद, चर्च और गुरुद्वारा का हवाला दिया।

टॅग्स :आरक्षणभारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)SC/ST एक्टबिहार
Open in App

संबंधित खबरें

भारत'चंद दिनों के बलात्कार और दुष्कर्म के चंद आंकड़े दे रहा हूँ': नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आंकड़े जारी कर सम्राट सरकार पर बोला तीखा हमला

क्राइम अलर्टडंडा और रॉड से हमला कर पत्नी फूल कुमारी दास, 3 बच्चे ह्रदय दास, संध्या दास और सोन दास को मार डाला, चंदनपट्टी गांव से दिल दहला देने वाली घटना

भारतशिविर में कुल 67 शिकायत, 30 दिन में करें समाधान नहीं तो 31वें दिन निलंबित?, रेफर नीति अपनाई तो सिविल सर्जन और डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई?, सम्राट चौधरी ने दी चेतावनी

भारतबाप नीतीश कुमार-बेटे निशांत को डॉक्टर की जरूरत, स्वास्थ्य मंत्रालय दिया गया?, पूर्व सांसद और बाहुबली नेता आनंद मोहन का फूटा गुस्सा, वीडियो

भारततख्त श्री पटना साहिब गुरुद्वारे में माथा टेकने पटना पहुंचे पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने केन्द्र सरकार और भाजपा पर बोला तीखा हमला

भारत अधिक खबरें

भारत"सरकार हर आयोजन को सड़क पर करा रही है": सड़कों पर नमाज को लेकर सीएम योगी पर अखिलेश का पलटवार

भारतUjjain: श्री महाकाल मंदिर सभा मंडप में सफाई कर्मी महिला को कुत्ते ने काटा

भारतविकास प्रक्र‍िया में जनजातीय समाज को शामिल करने प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बनाई नीतियां: मंत्री डॉ. शाह

भारतक्या बीजेपी में शामिल होंगे रेवंत रेड्डी? तेलंगाना सीएम को लेकर निज़ामाबाद के सांसद धर्मपुरी के बयान ने मचाई सनसनीखेज

भारत2020 Delhi riots case: अदालत ने बीमार माँ की देखभाल के लिए उमर खालिद को अंतरिम ज़मानत देने से किया इनकार