Mumbai: महाराष्ट्र की 29 नगर निगमों के चुनावों के लिए मतगणना जारी है और रुझानों से संकेत मिलता है कि भाजपा के नेतृत्व वाली महायुति पार्टी कम से कम 24 नगर निगमों में आगे चल रही है और बड़ी जीत की ओर अग्रसर है। भाजपा अकेले 20 निगम पर आगे है। मुंबई, नागपुर, पुणे, छत्रपति संभाजीनगर और नासिक में बीजेपी को बहुमत है? मुंबई के बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) सहित कुछ वार्डों के परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। बीएमसी चुनाव परिणामों में शिवसेना के 4, भाजपा के तीन और कांग्रेस के दो उम्मीदवारों की जीत दर्ज की गई है, जिनमें धारावी के दो वार्ड भी शामिल हैं।
महाराष्ट्र के 893 वार्डों में फैली 2,869 सीटों के लिए 15 जनवरी को मतदान हुआ था और परिणाम आज घोषित हो रहे हैं। मुंबई, पुणे, ठाणे, पिंपरी-चिंचवाड़, कल्याण-डोंबिवली, मीरा-भयंदर, उल्हासनगर और नवी मुंबई सहित कुछ प्रमुख नगर निगमों पर नजर है। राजनीतिक गठबंधनों में बदलाव देखा गया। पूर्व सहयोगी दल टूट रहे हैं और प्रतिद्वंद्वी दल आपस में हाथ मिला रहे हैं।
ठाकरे परिवार के कभी एक-दूसरे से अलग रहे चचेरे भाई राज और उद्धव, जिन्होंने पिछले जून में अपनी प्रतिद्वंद्विता समाप्त कर दी थी, महाराष्ट्र में नगर निकाय चुनावों के लिए एकजुट हो गए हैं। वहीं, महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार भी शरद पवार के एनसीपी गुट के साथ पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ सीटों पर चुनाव लड़ रहे हैं।
पुणे में भाजपा अपनी सहयोगी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) पर हावी नजर आई। भाजपा 165 वार्ड में से 32 में आगे है जबकि उपमुख्यमंत्री अजित पवार के नेतृत्व वाली राकांपा 14 सीट पर आगे है। ‘एग्जिट पोल’ (चुनाव बाद सर्वेक्षण) में बृहस्पतिवार को हुए 29 नगर निगमों के चुनाव में सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन की भारी जीत का अनुमान जताया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, बीएमसी के चुनाव में 52.94 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया जो 2017 में हुए 55.53 प्रतिशत मतदान से कम है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) का वार्षिक बजट 74,400 करोड़ रुपये से अधिक है। यहां चार साल की देरी के बाद चुनाव कराए गए। ये 2022 में शिवसेना के विभाजन के बाद पहले बीएमसी चुनाव हैं।
मौजूदा उपमुख्यमंत्री शिंदे 2022 में पार्टी के अधिकतर विधायकों के साथ पार्टी से अलग हो गए थे और भाजपा के साथ गठबंधन कर मुख्यमंत्री बने थे। अविभाजित शिवसेना का देश की सबसे अमीर नगर निकाय संस्था पर 25 वर्षों (1997-2022) तक दबदबा रहा। चुनाव से पहले एक अहम राजनीतिक घटनाक्रम में उद्धव और राज ठाकरे पिछले महीने साथ आए।
वहीं राकांपा के प्रतिद्वंद्वी धड़ों ने पुणे और पिंपरी-चिंचवड में स्थानीय गठबंधन किया। इन नगर निगमों के चुनाव कई वर्षों के अंतराल के बाद कराए गए जबकि इनमें से अधिकतर के कार्यकाल 2020 से 2023 के बीच समाप्त हो गए थे। इनमें से नौ नगर निगम मुंबई महानगर क्षेत्र (एमएमआर) में आते हैं। जिन नगर निगमों में मतदान हुआ।
उनमें मुंबई, छत्रपति संभाजीनगर, नवी मुंबई, वसई-विरार, कल्याण-डोंबिवली, कोल्हापुर, नागपुर, सोलापुर, अमरावती, अकोला, नासिक, पिंपरी-चिंचवड, पुणे, उल्हासनगर, ठाणे, चंद्रपुर, परभणी, मीरा-भायंदर, नांदेड़-वाघाला, पनवेल, भिवंडी-निजामपुर, लातूर, मालेगांव, सांगली-मिरज-कुपवाड, जलगांव, अहिल्यानगर, धुले, जालना और इचलकरंजी शामिल हैं।