लाइव न्यूज़ :

कर्मचारी राज्य बीमा निगम की योजना से अगस्त में 13.22 लाख नये सदस्य जुड़े

By भाषा | Updated: October 25, 2021 15:59 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 25 अक्टूबर कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) की सामाजिक सुरक्षा योजना से इस साल अगस्त में 13.22 लाख नये सदस्य जुड़े। इससे पिछले महीने जुलाई में इस योजना से 13.33 लाख सदस्य जुड़े थे। सोमवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों में यह जानकारी दी गयी जो मोटे तौर पर देश के संगठित क्षेत्र में रोजगार की स्थिति को दर्शाता है।

ताजा आंकड़ा राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) की रिपोर्ट का हिस्सा है।

ताजा आंकड़ों के अनुसार सकल रूप से ईएसआईसी की योजना से इस साल अप्रैल में 10.74 लाख, मई में 8.88 लाख और जून में 10.62 लाख और जुलाई में 13.33 लाख नये सदस्य जुड़े।

जून और जुलाई के आंकड़े बताते हैं कि कोरोना वायरस महामारी की दूसरी लहर की रोकथाम के लिये राज्यों के स्तर पर लगाये गये प्रतिबंधों में ढील दिये जाने के बाद से योजनाओं से जुड़ने वाले सदस्यों की संख्या बढ़ी है।

कोविड महामारी की दूसरी लहर इस साल अप्रैल के मध्य में आयी थी। उसके बाद राज्यों ने महामारी की रोकथाम के लिये ‘लॉकडाउन’ लगाये।

एनएसओ की रिपोर्ट के अनुसार, 2020-21 में ईएसआईसी की योजनाओं से जुड़ने वाले नये अंशधारकों की कुल संख्या 1.15 करोड़ रही जो 2019-20 में 1.51 करोड़ और 2018-19 में 1.49 करोड़ थी।

सितंबर, 2017 से मार्च, 2018 के दौरान करीब 83.35 लाख नये अंशधारक ईएसआईसी योजना से जुड़े थे।

रिपोर्ट के अनुसार, सितंबर, 2017 से जुलाई, 2021 के दौरान ईएसआईसी से जुड़ने वाले सदस्यों की संख्या 5.56 करोड़ रही।

एनएसओ की रिपोर्ट ईएसआईसी, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) और पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) की योजनाओं से जुड़ने वाले नये अंशधारकों के आंकड़ों पर आधारित है।

एनएसओ अप्रैल, 2018 से इस प्रकार के आंकड़े जारी कर रहा है। इसमें सितंबर, 2017 से आंकड़े लिये गये हैं।

रिपोर्ट के अनुसार, शुद्ध रूप से ईपीएफओ से अगस्त में 14.80 लाख नये अंशधारक जुड़े। यह जुलाई, 2021 के 13.15 लाख से अधिक है।

इसमें कहा गया है कि सितंबर, 2017 से अगस्त, 2021 के दौरान करीब 4.61 करोड़ (सकल) नये अंशधारक ईपीएफओ योजना से जुड़े।

‘भारत में पेरोल (नियमित वेतन पर रखे गये लोग) रिपोर्टिंग: रोजगार परिदृश्य-अगस्त 2021’ शीर्षक से जारी रिपोर्ट में कहा गया है कि चूंकि सदस्यों की संख्या विभिन्न स्रोतों से ली गयी है, ऐसे में आंकड़ों में दोहराव हो सकता है और अनुमान को जोड़ा नहीं जा सकता।

एनएसओ ने यह भी कहा कि रिपोर्ट संगठित क्षेत्र में रोजगार के स्तर के बारे में अलग-अलग परिदृश्य को बताती है और यह समग्र रूप से नौकरी का आकलन नहीं करती है।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारतAAP का राघव चड्ढा के खिलाफ एक्शन, पंजाब सरकार ने छीन ली Z प्लस सुरक्षा; जानें इसके क्या मायने

भारतMP Rajya Sabha: एक सीट, 'अनेक' जातियां; दिग्गी के 'दलित कार्ड' ने कांग्रेस में छेड़ा 'जातिगत गृहयुद्ध'

भारतBihar: सम्राट चौधरी को 24वें मुख्यमंत्री के रूप में राज्यपाल ने दिलाई शपथ, मंत्रिमंडल विस्तार पर टिकी सबकी नजरें

भारतपीएम मोदी ने कर्नाटक में श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर का किया उद्घाटन, सीएम सिद्धारमैया ने ज्ञापन लिख मांगी मदद; जानें पूरा मामला

पूजा पाठAmarnath Yatra 2026: आज से शुरू हुए अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन, जानें CHC नियम और आवेदन की स्टेप-बाय-स्टेप प्रक्रिया

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारPetrol-Diesel Rates 15 April: क्या आज फिर लगी जेब में आग? दिल्ली से मुंबई तक जानें पेट्रोल-डीजल का ताजा भाव

कारोबारGold Rate Today: 14 अप्रैल 2026 को दिल्ली, मुंबई समेत बड़े शहरों में सोने का भाव

कारोबार28 दिन में 3.42 लाख पहुंचे?, खाड़ी युद्ध की छाया टयूलिप गार्डन पर भी, वर्ष 2023 का रिकार्ड भी नहीं टूटा?

कारोबारFuel Price Freeze: पेट्रोल पर नुकसान बढ़कर 18 और डीजल पर 35 रुपये प्रति लीटर?, अप्रैल 2022 से खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं

कारोबारStock Market Holiday: 14 अप्रैल को अंबेडकर जयंती की छुट्टी, निवेशक ध्यान दें, ये रहा स्टॉक मार्केट का पूरा कैलेंडर