महाकुंभ या कुंभ मेला हर 12 वर्षों में चार स्थानों - प्रयागराज, हरिद्वार, उज्जैन, नासिक पर आयोजित किया जाता है। पौराणिक कथा के अनुसार देवताओं और राक्षसों का युद्ध 12 दिनों तक चला था। स्वर्ग का एक दिन पृथ्वी के एक वर्ष के समान होता है। इसलिए महाकुंभ 12 वर्षों में चार बार किया जाता है।आदि शंकराचार्य द्वारा पहली इस महा उत्सव की शुरुआत की गई थी। उन्होंने ही चार मुख्य तीर्थों को कुंभ मेले के चार पीठ के रूप में स्थापित कराया था। कुंभ मेले के दौरान देश दुनिया से दूर दूर से श्रद्धालु आते हैं। सभी का एक ही मकसद होता है पवित्र स्नान में डुबकी लगाना। मान्यता है कि कुंभ मेले के दौरान पवित्र स्नान करने से पिछले और इस जन्म के सभी पाप धुल जाते हैं। Read More
कुम्भ नगरी में सेक्टर 14 में अपने शिविर में विशेष बातचीत में पायलट बाबा ने कहा, “हम सन 82 से कुम्भ मेला में शिविर लगा रहे हैं और हमें चार लाख वर्ग फुट से अधिक क्षेत्र मिलता रहा है।” ...
Kumbh Mela 2019 Prayagraj: चार शहरों प्रयागराज, हरिद्वार, उज्जैन और नासिक में होने वाले इस कुंभ की पौराणिक कथा भी उतनी ही रोमांचक है जितना ये कुंभ का मेला। ...
नागा साधुओं को भगवान शिव के सच्चे भक्त के रूप में संबोधित किया जाता है। ये साधु कुंभ मेले के दौरान भारी संख्या में दिखते हैं। कड़ाके की ठंड में ये साधु निर्वस्त्र घूमते हैं। शरीर पर केवल भस्म लगाते हैं। ...
मेला क्षेत्र में जिस समय आप घुसिएगा चारों ओर रंग-बिरंगे टेंट के साथ हवा में लहराता रंग-बिरंगा झंडा दिखाई देगा। किसी पर त्रिशूल बना होता है तो किसी पर तीर कमान, किसी पर रेलगाड़ी तो किसी पर हवाई जहाज। ...
इतिहास में पहली बार एक महा उत्सव के रूप में कुंभ मेले की शुरुआत आदि शंकराचार्य द्वारा की गई थी। उन्होंने ही चार मुख्य तीर्थों को कुंभ मेले के चार पीठ के रूप में स्थापित कराया था ...
प्रवक्ता ने बताया कि 'कुम्भ 2019' के पुण्यलाभ के लिए सभी राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का निमंत्रण दिया जा रहा है । ...
Kumbh Mela 2019 Prayagraj: क्रूज की इस सवारी को लेकर शहर वालों के बीच भी खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। बताया जा रहा है कि ये क्रूज 5 जनवरी से चलाया जायेगा। ...