मूल रूप से तमिलनाडु के रहने वाले एस जयशंकर का जन्म दिल्ली में हुआ। उनके दिवंगत पिता के. सुब्रमण्यम भारत के प्रमुख रणनीतिक विश्लेषकों में से एक माने जाते रहे हैं। एस. जयशंकर की शिक्षा एयरफोर्स स्कूल और सेंट स्टीफेंस कॉलेज में हुई। जयशंकर ने पॉलिटिकल साइंस से एमए करने के अलावा एम फिल और पीएचडी भी किया है। वह इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट फॉर स्ट्रेटिजक स्टडी लंदन के भी सदस्य हैं। 1977 बैच के आईएफएस अधिकारी एस. जयशंकर की विदेश मामलों में अच्छी पैठ है और वे काफी तेज-तर्रार अफसर माने जाते हैं। एस. जयशंकर को जनवरी 2015 में केंद्र सरकार ने विदेश सचिव बनाया था। Read More
विदेश मंत्री ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि यह महत्वपूर्ण है कि शीर्ष स्तर पर दोनों देशों में इस तरह की खुली चर्चा होती है। यदि आप एक-दूसरे से खुलकर बात नहीं कर सकते हैं, तो आप वास्तव में सही दिशा में आगे नहीं बढ़ सकते हैं।’’ ...
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सोमवार को कहा कि साझेदार देशों के साथ भारत का विकास सहयोग समानता, संप्रभुता के लिए परस्पर सम्मान और चयन की स्वतंत्रता पर आधारित है, न कि प्रतिस्पर्धा, शर्तों और निर्देश पर। भारत के विकास साझेदारी कार्यक्रम ‘भारतीय तकनीकी और ...
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने पंजाब एंड महाराष्ट्र को-ऑपरेटिव बैंक (पीएमसी बैंक) के परेशान ग्राहकों को राहत देते हुए जमाकर्ताओं के लिए निकासी की सीमा को बढ़ाकर बृहस्पतिवार को 10,000 रुपये कर दिया है। रिजर्व बैंक के इस कदम से सहकारी बैंक के 60 प्रतिश ...
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा, ‘‘एक विकल्प यह था कि आपके पास नीतियों का एक ऐसा सेट था, जो पिछले 70 साल से था। लेकिन पिछले 40 साल से यह प्रदर्शित हो रहा था कि ये काम नहीं कर रहे हैं।’’ उन्होंने कहा कि दूसरा विकल्प जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले ...
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा, ‘‘आपने दो प्रमुख शब्दों का प्रयोग किया है और मैं फर्क करते हुए बात की शुरुआत करना चाहता हूं। एक शब्द था कश्मीर और दूसरा पाकिस्तान और मैं ऐसा करने की वजह भी बताउंगा। मैं नहीं समझता कि भारत और पाकिस्तान के बीच बुनियादी म ...
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने फिनलैंड के शीर्ष नेतृत्व के साथ सीमा पार से होने वाले आतंकवाद पर लंबी चर्चा की। गौरतलब है कि दोनों देशों के शीर्ष नेतृत्व के बीच यह बातचीत जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 के ज्यादातर प्रावधानों ...
जयशंकर ने कहा ने कहा कि पीओके (पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर) भारत का एक हिस्सा है और हमें उम्मीद है कि एक दिन हम इस पर भौगोलिक अधिकार क्षेत्र बना लेंगे। इसके साथ ही जयशंकर ने कहा कि धारा 370 द्विपक्षीय मुद्दा नहीं है, यह आंतरिक मुद्दा है। ...