आर्टिकल 370 के प्रावधान के तहत जम्मू कश्मीर को विशेषाधिकार दिए जाते हैं। इसके अनुसार भारतीय संसद द्वारा पारित कोई भी प्रस्ताव, नियम या नीति में बदलाव जम्मू कश्मीर पर लागू नहीं होता। जम्मू कश्मीर राज्य का अपना संविधान और झंडा है। देश में घोषित आपातकाल या आर्थिक आपातकाल कश्मीर में लागू नहीं होता। भारत की संसद जम्मू कश्मीर की विधानसभा भंग नहीं कर सकती। अनुसूचित जाति और अनिसूचित जनजाति सम्बंधी नियम जम्मू कश्मीर में लागू नहीं होते। Read More
जम्मू कश्मीर पुनर्गठन विधेयक पर एक पखवाड़े पहले लोकसभा में अपने भाषण के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से तारीफ बटोरने वाले नामग्याल ने कहा कि कांग्रेस ने कश्मीर मुद्दे को संयुक्त राष्ट्र में ले जाकर गलती की थी। उन्होंने कहा, दू ...
जितेंद्र सिंह ने कहा बताया कि वह फिलहाल दो-चार नेताओं से निपट रहे हैं।उन्होंने कहा 'जम्मू-कश्मीर में लागू प्रतिबंधों को वे लोग बढ़ा-चढ़ा कर दिखा रहे हैं जो अनुच्छेद 370 के प्रावधान निरस्त किए जाने के विरोधी हैं। ...
मोदी सरकार ने जम्मू कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा देने वाला आर्टिकल 370 खत्म कर दिया। इसके साथ ही जम्मू कश्मीर को दो केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू कश्मीर और लद्दाख में बांट दिया। सरकार के इस फैसले से पाकिस्तान बौखलाया हुआ है। ...
स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले के प्राचीर से गुरुवार को अपने भाषण में उन्होंने इसमें कोई संदेह नहीं छोड़ा कि एक साथ विधानसभा और लोकसभा चुनावों के लिए वह आक्रामक रूप से पूरी जोर लगाएंगे। ...
अधिकारियों ने बताया कि कश्मीर के 35 पुलिस थाना क्षेत्रों में पाबंदियों में ढील दी गई है जबकि घाटी में कुल 96 टेलीफोन एक्सचेंज में से 17 को बहाल कर दिया गया है। ...
आम धारणा के अनुसार देश के अधिकांश लोग मानते हैं कि यह एक सराहनीय कदम है. वे यह भी मानते हैं कि सरकार के इस कदम को संकीर्ण राजनीति के चश्मे से नहीं देखा जाना चाहिए, क्योंकि यह देश की एकता और अखंडता से जुड़ा हुआ मुद्दा है. ...
चीन के अनुरोध पर शुक्रवार को बुलायी गयी यह अनौपचारिक बैठक करीब एक घंटे तक चली। उसके बाद संयुक्त राष्ट्र में चीन के राजदूत झांग जुन और पाकिस्तान की राजदूत मलीहा लोदी ने एक-एक कर टिप्पणी। उन्होंने संवाददाताओं का कोई सवाल नहीं लिया। बैठक में हुई चर्चा क ...