आम आदमी पार्टी का गठन 26 नवंबर 2012 को हुआ था। अरविंद केजरीवाल, प्रशांत भूषण, योगेंद्र यादव, मनीष सिसोदिया, कुमार विश्वास, आनंद कुमार और शाजिया इल्मी इत्यादि इसके संस्थापक सदस्य थे। साल 2013 के दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने राज्य की कुल 70 सीटों में से 28 पर जीत हासिल की। पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल कांग्रेस के सहयोग से बनी सरकार में मुख्यमंत्री बने। यह सरकार केवल 49 दिन ही चल सकी। 2014 के लोकसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी के चार उम्मीदवार पंजाब से लोकसभा चुनाव जीतने में सफल रहे। साल 2015 में हुए दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने 67 सीटों पर जीत हासिल की थी। अरविंद केजरीवाल दोबारा दिल्ली के मुख्यमंत्री बने। पार्टी 2017 में हुए पंजाब विधानसभा चुनाव में राज्य की कुल 177 सीटों में से 20 पर जीत हासिल करने में कामयाब रही। पार्टी के राज्यसभा में तीन सांसद हैं। आम आदमी पार्टी के प्रशांत भूषण, योगेंद्र यादव, शाजिया इल्मी और आनंद कुमार जैसे संस्थापक सदस्य पार्टी से नाता तोड़ चुके हैं। Read More
नामांकन पत्र दाखिल करने के अंतिम दिन मंगलवार को 70 विधानसभा सीटों के लिए 800 से अधिक नामांकन पत्र दाखिल किए गए। दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय से एक अधिकारी ने बताया कि 187 महिलाओं समेत 1,029 उम्मीदवारों ने कुल 1,528 नामांकन दाखिल किए। ...
Delhi Polls 2020: अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पांच साल के कार्यकाल में दिल्ली के लोगों के लिए उनकी सरकार ने काफी कुछ किया लेकिन 70 साल से जो काम लंबित हैं उन्हें पूरा करने के लिए कुछ और समय की आवश्यकता है। ...
दिल्ली में विधानसभा की 70 सीटें हैं जिसमें से 58 सामान्य श्रेणी की है, जबकि 12 सीटें अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित हैं। दिल्ली विधानसभा का कार्यकाल 22 फरवरी 2020 को समाप्त हो रहा है। ...
अमित शाह से सोमवार को पार्टी की कमान संभालने वाले नड्डा की महासचिवों के साथ यह पहली बैठक थी। पार्टी सूत्रों ने बताया कि बैठक के एजेंडे में संशोधित नागरिकता कानून के समर्थन में जनसंपर्क का मुद्दा भी शामिल था। ...
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने उन आरोपों को खारिज किया जिसमें आरोप लगाया गया है कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के नामांकन प्रक्रिया में जानबूझकर देरी की गयी.. दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि वे तय प्रक्रियाओं का पालन कर रहे थे। उन्ह ...
मध्य दिल्ली के जामनगर हाउस में नयी दिल्ली के निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय में उम्मीदवारों की भारी भीड़ के चलते केजरीवाल को अपनी बारी के लिये छह घंटे से भी ज्यादा समय तक इंतजार करना पड़ा। ...
आम आदमी पार्टी के कुछ नेताओं ने दावा किया था कि अधूरे कागजात के साथ आए 35 उम्मीदवारों ने कहा कि जब तक वे नामांकन नहीं भर लेते तब तक मुख्यमंत्री को नामांकन नहीं भरने देंगे। पार्टी नेताओं को इसमें साजिश दिखी। इस बयान पर दिल्ली चुनाव कार्यालय ने प्रतिक् ...
अगर दिल्ली के वोटरों के पंद्रह-बीस फीसदी वोटरों ने भी कांग्रेस को चुना, तो राष्ट्रवादी भावनाओं पर भरोसा करने वाली भाजपा का ग्राफ एकदम ऊपर चढ़ सकता है. दरअसल, भाजपा चुनाव जीते या हारे, उसे 30-32 फीसदी वोट मिलते ही हैं. अगर उसके विरोधी वोट बंट जाएं तो ...