लाइव न्यूज़ :

कोविड-19: रैपिड जांच किट विकसित करने के लिये इजराइली टीम भारत पहुंची

By भाषा | Updated: July 28, 2020 05:05 IST

भारत में इजरायल के राजदूत रोन मलका ने कहा कि अगर जांच किट विकसित हो जाती है तो यह चंद सेकंड में रिपोर्ट दे देगी

Open in App
ठळक मुद्देकोविड-19 महामारी शुरू होने के बाद से इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतान्याहू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तीन बार टेलीफोन पर बातचीत की वायरस से निपटने में परस्पर सहयोग का वादा किया और दोनों देशों के बीच संयुक्त प्रौद्योगिकी एवं वैज्ञानिक अनुसंधन की प्रतिबद्धता जताई।

भारत के साथ मिलकर कोरोना वायरस की जांच के लिए रैपिड जांच किट विकसित कर रही इजरायली अनुसंधानकर्ताओं की एक उच्च स्तरीय टीम सोमवार को यहां पहुंच गई। यह टीम कोरोना वायरस संक्रमण का तेजी से पता लगाने के लिए विकसित की गई उन्नत प्रौद्योगिकी की कारगरता निर्धारित करने को लेकर अंतिम चरण का अनुसंधान करेगी।

इजरायल के रक्षा एवं विदेश मंत्रालयों ने एक बयान में कहा गया है कि इजरायल और भारत के बीच इस अनूठे सहयोग के तहत इजरायली प्रतिनिधिमंडल 10 दिन में हजारों नमूने एकत्र करेगा और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के आधार पर कंप्यूटर प्रणाली का इस्तेमाल कर नमूनों का विश्लेषण करेगा। बयान में बताया गया है कि प्रतिनिधिमंडल भारत में अंतिम चरण का अनुसंधान करेगा।

विशेष विमान से दर्जनों उन्नत वेंटिलेटर भी सोमवार सुबह यहां पहुंचे। इस अभियान को “ऑपरेशन ब्रेथिंग स्पेस“ नाम दिया गया है। इजरायल के विदेश मंत्रालय में एशिया एवं प्रशांत के लिए उपमहानिदेशक गिलेड कोहेन ने “द टाइम्स ऑफ इजरायल“ में प्रकाशित एक लेख में कहा कि इजरायल ने इन वेंटिलेटर का निर्यात एवं भेजने को मंजूरी देने के लिए विशेष प्रयास किए। वहीं , दोनों देश वायरस के प्रसार को रोकने के लिए प्रयास कर रहे हैं।

भारत में इजरायल के राजदूत रोन मलका ने कहा कि अगर जांच किट विकसित हो जाती है तो यह चंद सेकंड में रिपोर्ट दे देगी और यह कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में बहुत ही महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। इजराइली दूतावास ने पिछले सप्ताह कहा था कि इजरायली रक्षा मंत्रालय की अनुसंधान एवं विकास टीम कोविड-19 रैपिड जांच किट विकसित करने के लिए भारत के मुख्य वैज्ञानिक के. विजय राघवन और रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के साथ मिलकर काम कर रही है। इसके जांच परिणाम 30 सेकंड से कम समय में आ सकते हैं।

इजराइल के रक्षा मंत्रालय में ‘डायरेक्टरेट आफ डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट’ (डीडीआर एंड डी) की टीम अपने भारतीय समकक्षों के साथ मिलकर कई रैपिड नैदानिक समाधानों की प्रभावशीलता का पता लगाने के लिए ‘‘अंतिम चरण के परीक्षण’’ करेगी। 

टॅग्स :कोरोना वायरसइजराइल
Open in App

संबंधित खबरें

विश्वकतर, सऊदी अरब और यूएई के अनुरोध पर ईरान पर हमला नहीं किया, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा-युद्ध में मध्यस्थता कर रहे पाकिस्तान पर कोई बात नहीं

विश्वतेहरान में 90 मिनट तक बैठक?, अमेरिका-इजराइल के साथ टकराव के बीच पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान के साथ उच्च स्तरीय वार्ता

विश्वइजरायली हमलों में मारा गया 7 अक्टूबर के हमले का 'रचयिता' हमास की आर्म्ड विंग का चीफ

विश्वमिडिल-ईस्ट तनावः युद्धविराम को 45 दिनों के लिए बढ़ाने पर सहमत इजराइल-लेबनान, अमेरिका ने कहा-2-3 जून को और बातचीत होगी

विश्वट्रंप ने ईरान को दोबारा हमले की दी धमकी, तेहरान के 14 पॉइंट वाले प्रस्ताव पर हो रहा विचार

भारत अधिक खबरें

भारतईमानदारी के अभाव में शातिर बन जाती है समझदारी

भारत"सरकार हर आयोजन को सड़क पर करा रही है": सड़कों पर नमाज को लेकर सीएम योगी पर अखिलेश का पलटवार

भारतUjjain: श्री महाकाल मंदिर सभा मंडप में सफाई कर्मी महिला को कुत्ते ने काटा

भारत'चंद दिनों के बलात्कार और दुष्कर्म के चंद आंकड़े दे रहा हूँ': नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आंकड़े जारी कर सम्राट सरकार पर बोला तीखा हमला

भारतविकास प्रक्र‍िया में जनजातीय समाज को शामिल करने प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बनाई नीतियां: मंत्री डॉ. शाह