लाइव न्यूज़ :

लेफ्टिनेंट जनरल ने सरकारी पैसे से खरीद लिया एसी-फर्नीचर, भ्रष्टाचार के आरोपों में हुई कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी

By रोहित कुमार पोरवाल | Updated: May 11, 2019 19:20 IST

जैसे ही सेना मुख्यालय में अधिकारी के खिलाफ आरोपों की शिकायत पहुंची तो सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत के प्रिंसिपल स्टाफ ऑफिसर की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी का आदेश दिया गया।

Open in App
ठळक मुद्देसेना के एक सीनियर लेफ्टिनेंट जनरल के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों में कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी हुई।सैन्य अधिकारी पर सरकारी पैसे का दुरुपयोग कर 10 लाख रुपये के निजी सामान खरीदने का आरोप लगा है

भारतीय सेना के एक सीनियर लेफ्टिनेंट जनरल के खिलाफ भ्रष्टाचार का आरोप लगा है। सैन्य अधिकारी पर सरकारी पैसे का दुरुपयोग करने का आरोप है। आरोपों के तहत सीनियर लेफ्टिनेंट जनरल के खिलाफ कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी की गई। समाचार एजेंसी एएनआई की खबर के मुताबिक सरकार के सूत्रों ने बताया कि अधिकारी के खिलाफ आरोप लगे हैं कि उन्होंने निजी इस्तेमाल के लिए सरकारी फंड का दुरुपयोग कर 10 लाख रुपये का सामान खरीदा था। इस पर संज्ञान लेते हुए सेना मुख्यालय ने एक सीनियर लेफ्टिनेंट जनरल के जरिये आरोपी अधिकारी के खिलाफ कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी का आदेश दिया था। 

आरोपों के मुताबिक सैन्य अधिकारी ने सरकारी पैसे से अपने लिए जो सामान खरीदा, उसमें एयर कंडीशनर, फर्नीचर और बाकी चीजें शामिल हैं।

जैसे ही सेना मुख्यालय में अधिकारी के खिलाफ आरोपों की शिकायत पहुंची तो सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत के प्रिंसिपल स्टाफ ऑफिसर की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी का आदेश दिया गया। 

प्रिंसिपल स्टाफ ऑफिसर्स सेना के सबसे वरिष्ठ लेफ्टिनेंट जनरल होते हैं जिनकी तैनाती सेना प्रमुख के दिन-ब-दिन के आधिकारिक कार्यों में सहायता प्रदान करने के लिए मुख्यालय में होती है। 

इस मामले में एक लेफ्टिनेंट जनरल के खिलाफ जांच बैठाई गई तो इसी रैंक के अधिकारियों ने उसे अंजाम दिया। एक सूत्र ने बताया कि कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी के पीठासीन अधिकारी ने जांच पूरी कर ली है और पहले ही सेना प्रमुख को इस बारे में बता दिया है। 

ऐसी जानकारी सामने आ रही है कि कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी ने अधिकारी के खिलाफ अनुशास्नात्मक कार्रवाई करने की सिफारिश की है। 

बता दें कि जब से जनरल बिपिन रावत सेना प्रमुख बने हैं, वह अधिकारियों और जवानों से साफ कह चुके हैं कि सेना में नैतिक पतन और आर्थिक भ्रष्टाचार के लिए कोई जगह नहीं होगी। अब तक ऐसे मामलों में लिप्त पाए जाने पर कई अधिकारियों को बर्खास्त किया जा चुका है और बिना पेंशन के रिटायर किया जा चुका है।

टॅग्स :भारतीय सेनाबिपिन रावत
Open in App

संबंधित खबरें

भारत'पाकिस्तान को तय करना होगा भूगोल में रहना है या इतिहास बनना है' सेना प्रमुख

भारतIndias New CDS: भारत को मिला नया चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ, लेफ्टिनेंट जनरल एनएस राजा सुब्रमणि संभालेंगे तीनों सेनाओं की कमान

भारतभारतीय सेना के पराक्रम की गाथा है ऑपरेशन सिंदूर

विश्वभारतीय सेना के अधिकारी क्यों करते हैं अंग्रेज़ी का इस्तेमाल?: पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता ने पूछा और हो गए ट्रेल

भारतड्रोन और रडार तकनीक में नवाचार का मौका, वायुसेना ने मेहर बाबा प्रतियोगिता के तीसरे संस्करण के लिए पंजीकरण किया आरंभ

भारत अधिक खबरें

भारत"सरकार हर आयोजन को सड़क पर करा रही है": सड़कों पर नमाज को लेकर सीएम योगी पर अखिलेश का पलटवार

भारतUjjain: श्री महाकाल मंदिर सभा मंडप में सफाई कर्मी महिला को कुत्ते ने काटा

भारत'चंद दिनों के बलात्कार और दुष्कर्म के चंद आंकड़े दे रहा हूँ': नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आंकड़े जारी कर सम्राट सरकार पर बोला तीखा हमला

भारतविकास प्रक्र‍िया में जनजातीय समाज को शामिल करने प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बनाई नीतियां: मंत्री डॉ. शाह

भारतक्या बीजेपी में शामिल होंगे रेवंत रेड्डी? तेलंगाना सीएम को लेकर निज़ामाबाद के सांसद धर्मपुरी के बयान ने मचाई सनसनीखेज