भारतीय संसद (राज्य सभा और लोक सभा) की हर साल होने वाली तीन बैठकों को संसद सत्र कहते हैं। इन सत्रों में सभी विधायी कार्य पूरे किये जाते हैं। भारतीय संविधान के अनुसार संसद के दो सत्रों के बीच छह महीने से ज्यादा अंतराल नहीं होना चाहिए। इस वजह से हर साल संसद के कम से कम दो सत्र जरूर आयोजित होते हैं।संसद का बज़ट सत्र फ़रवरी से मई के बीच आहुत होता है। संसद का मॉनसून सत्र जुलाई से सितम्बर के बीच आहुत होता है। संसद का शीतकालीन सत्र नवंबर से दिसंबर के बीच आयोजित होता है। बज़ट सत्र के दौरान भारत सरकार अपना सालाना या अंतरिम बज़ट पेश करती है। इस बज़ट में सरकार वार्षिक आय और व्यय का लेखा-जोखा पेश करती है। Read More
रेल मंत्री ने राज्यसभा को एक प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया ‘‘राजधानी और शताब्दी जैसी रेलगाड़ियों का निजीकरण करने की कोई योजना नहीं बनाई गई है। रेलवे के निजीकरण की कोई योजना ही नहीं है।’’ गोयल से सपा सदस्य सुरेन्द्र सिंह नागर ने पूछा था कि क्या सरका ...
पासवान ने शुक्रवार को राज्यसभा में प्रश्नकाल में बताया कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली को पूरी तरह से ‘‘कैशलेस’’ बनाये जाने के साथ ही सरकार की योजना ‘‘वन नेशन वन राशन’’ कार्ड की सुविधा भी उपलब्ध कराने की है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों को देश म ...
अमित शाह ने कहा कि मोदी सरकार आने के बाद आतंकवादियों से कड़ाई से निबटा गया। उन्होंने कहा, ‘‘ (कांग्रेस नेता) मनीष तिवारी आज देश के विभाजन पर सवाल उठा रहे हैं, मैं इनसे पूछना चाहता हूं कि देश का विभाजन किसने किया था? आज कश्मीर का एक तिहाई हिस्सा भारत ...
गृहमंत्री ने सवाल किया, ‘धर्म के आधार पर देश के विभाजन की गलती किसने की, देश का विभाजन हमने नहीं किया, तब नेहरू ने सीजफायर किया था। कश्मीर का हिस्सा पाक को आपने दिया... उस भूल की सजा लोग भुगत रहे हैं। उस भूल के कारण लाखों लोग मरे।’ नेहरू का नाम लेन ...
पूनम ने सवाल किया कि लंबे समय तक कश्मीर में जाने के लिए परमिट क्यों लेना पड़ता था? दो झंडा और दो निशान (राजकीय चिह्न) की बात क्यों हुई? श्यामा प्रसाद मुखर्जी को बलिदान क्यों देना पड़ा? कश्मीरी पंडितों को घाटी से विस्थापित क्यों होना पड़ा? लोगों को पह ...
तिवारी ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के मशहूर कथन ‘इंसानियत, जम्मूरियत और कश्मीरियत’ का उल्लेख करते हुए कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई तभी जीती जा सकती है जब जनता साथ होगी। इसलिए आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई जारी रखने के साथ जम्मू-कश्मीर की जनता ...
लोकसभा में शाह दो प्रस्ताव लेकर आए जिसमें से एक वहां राष्ट्रपति शासन की अवधि को बढ़ाने और दूसरा जम्मू कश्मीर के संविधान के अनुच्छेद 5 और 9 के तहत जो आरक्षण का प्रावधान है उसमें भी संशोधन करके कुछ और क्षेत्रों को जोड़ने का प्रावधान शामिल है। ...
पर्यावरण, वन व जलवायु परिवर्तन प्रकाश जावड़ेकर उस वक्त असमंजस की स्थिति में आ गए, जब उनकी मेज पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला का सवाल आ गया. यह सवाल सांसद बिरला ने लोकसभा अध्यक्ष बनने से पहले पूछा था. बिड़ला का यह सवाल अनुत्तरित ही रह गया. 17वीं लोकसभा 17 ...