एक कैलेंडर वर्ष खत्म होके जब दूसरा कैलेंडर वर्ष शुरू होता है तो उसे नया साल कहते हैं। दुनिया की हर सभ्यता में दिन-रात, महीने और साल की गणना के लिए किसी ने किसी कैलेंडर का अनुसरण किया जाता रहा है। आम तौर पर कैलेंडर की निर्धारण पृथ्वी की सूर्य के चारों तरफ परिक्रमा के समय या सूर्य या चंद्र की गति के अनुसार किया जाता है। भारत समेत पूरी दुनिया में इस समय सबसे अधिक देश ग्रेगैरियन कैलेंडर का पालन करते हैं। इस कैलेंडर में हर वर्ष एक जनवरी को नया साल शुरू होता है। ग्रेगैरियन कैलेंडर को पोप ग्रेगरी अष्टम ने अक्टूबर 1582 में प्रस्तुत किया था। इस कैलेंडर की खासियत थी कि इसमें लीप ईयर (29 दिन की फ़रवरी) की परिकल्पना प्रस्तुत की गयी थी। भारत सरकार भी ग्रेगैरियन कैलेंडर का अनुसरण करती है। भारत में सर्वाधिक प्रचलित विक्रम संवत और शक संवत रहे हैं। हालाँकि इनका प्रचलन अब केवल धार्मिक मामलों में होता है। Read More
वर्ष 2019 में कर्क राशि के जातको का प्रेमी जीवन यादगार लम्हे बनाएगा। कुछ ऐसा होगा जिसे जिन्दगी भर आप याद करके मुस्कुराएंगे। सिंगल लोग इस साल नए रिश्ते की ओर कदम बढ़ाएंगे। ...
पीएम मोदी ने लोकसभा चुनाव 2014 के ऐन पहले भी ठीक इसी तरह समाचार एजेंसी एएनआई को इंटरव्यू दिया था। तब भी एएनआई की संपादक स्मिता प्रकाश उनका इंटरव्यू किया था। अब फिर से लोकसभा चुनाव सिर पर हैं। ...
एएनआई के एडिटर स्मिता प्रकाश को दिए इंटरव्यू में राम मंदिर को लेकर अध्यादेश लाने की संभावनाओं पर पूर्ण विराम लगा दिया है. उन्होंने कहा कि राम मंदिर संवैधानिक तरीके से ही बनेगा. ...
अगर आप भी डायबिटीज के रोगी हैं तो आप भी बिना किसी तनाव के फेस्टिव सीजन में खाने का मजा उठा सकते हैं। लेकिन कुछ आसान गाइड से आप अपने डायबिटीज को कंट्रोल कर सकते हैं। ...
2019 की पहली सुबह हमें अवसर देती है कि उन पूर्वजों के सुकर्मो को याद करें, जिनकी बदौलत हम आज यहां हैं अन्यथा अंग्रेज तो हमें आदिम गुफाओं में भटकने के लिए छोड़ गए थे. ...
घटना के फौरन बाद यह आशंका जताई गई कि यह किसी साजिश का हिस्सा हो सकता है, लेकिन समुद्र से मिले विमान के मलबे की जांच से यह सिद्ध हो गया कि यह एक हादसा था और यह किसी हमले या साजिश का शिकार नहीं हुआ। ...