लाइव न्यूज़ :

Top Afternoon News: उमर अब्दुल्ला की नजरबंदी को लेकर कोर्ट पहुंची सारा अब्दुल्ला, गार्गी कॉलेज में छात्राओं के साथ छेड़छाड़

By भाषा | Updated: February 10, 2020 17:06 IST

Top Afternoon News: दिल्ली पुलिस ने गार्गी कॉलेज की छात्राओं के साथ पिछले सप्ताह एक सांस्कृतिक उत्सव के दौरान हुई कथित छेड़छाड़ के मामले में सोमवार को प्राथमिकी दर्ज की। पढ़ें अब तक की बड़ी खबरें...

Open in App
ठळक मुद्देसुप्रीम कोर्ट ने अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति संशोधन अधिनियम 2018 की संवैधानिक वैधता को सोमवार को बरकरार रखा।छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में सोमवार को मुठभेड़ में एक नक्सली मारा गया

जन सुरक्षा कानून के तहत उमर अब्दुल्ला की नजरबंदी को उनकी बहन ने न्यायालय में दी चुनौती

जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की जन सुरक्षा कानून के तहत नजरबंदी के खिलाफ उनकी बहन सारा अब्दुल्ला पायलट ने सोमवार को उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की। न्यायमूर्ति एन वी रमणा की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष सारा अब्दुल्ला पायलट की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने इस याचिका का उल्लेख किया और इसे शीघ्र सूचीबद्ध करने का अनुरोध किया। सिब्बल ने कहा कि उन्होंने जन सुरक्षा कानून के तहत उमर अब्दुल्ला की नजरबंदी को चुनौती देते हुए बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर की है और इस पर इसी सप्ताह सुनवाई करने का अनुरोध किया। पीठ इस याचिका को शीघ्र सूचीबद्ध करने पर सहमत हो गई है। सारा अब्दुल्ला पायलट ने अपनी याचिका में कहा है कि ऐसा व्यक्ति जो पहले ही छह महीने से नजरबंद हो, उसे नजरबंद करने के लिए कोई नयी सामग्री नहीं हो सकती। याचिका में नजरबंदी के आदेश को गैरकानूनी बताते हुए कहा गया है कि इसमें बताई गईं वजहों के लिए पर्याप्त सामग्री और ऐसे विवरण का अभाव है जो इस तरह के आदेश के लिए जरूरी है। इसमें कहा गया है, ‘‘यह बिरला मामला है कि वे लोग जिन्होंने सांसद, मुख्यमंत्री और केन्द्र में मंत्री के रूप में देश की सेवा की और राष्ट्र की आकांक्षाओं के साथ खड़े रहे, उन्हें अब राज्य के लिए खतरा माना जा रहा है।’’ याचिका में कहा गया है कि उमर अब्दुल्ला को चार-पांच अगस्त, 2019 की रात घर में ही नजरबंद कर दिया गया था। बाद में पता चला कि इस गिरफ्तारी को न्यायोचित ठहराने के लिए दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 की धारा 107 लागू की गई है। इसके अनुसार, ‘‘इसलिए यह नितांत महत्वपूर्ण और जरूरी है कि यह न्यायालय व्यक्ति के जीने और दैहिक स्वतंत्रता के अधिकार की रक्षा ही नहीं करे बल्कि संविधान के भाग के अनुरूप अनुच्छेद 21 के भाव की भी रक्षा करे क्योंकि जिसका उल्लंघन एक लोकतांत्रिक राष्ट्र के लिए अभिशाप है।’’ याचिका में उमर अब्दुल्ला को जन सुरक्षा कानून के तहत नजरबंद करने संबंधी पांच फरवरी का आदेश निरस्त करने का अनुरोध किया गया है।

गार्गी कॉलेज में छात्राओं के साथ छेड़छाड़ के मामले में प्राथमिकी दर्ज

दिल्ली पुलिस ने गार्गी कॉलेज की छात्राओं के साथ पिछले सप्ताह एक सांस्कृतिक उत्सव के दौरान हुई कथित छेड़छाड़ के मामले में सोमवार को प्राथमिकी दर्ज की। पुलिस ने कहा कि कॉलेज अधिकारियों ने उससे शिकायत की है। हौज खास थाने में भारतीय दंड संहिता की धाराओं 452 (हमला करना, या नुकसान पहुंचाने के इरादे से अनधिकृत तरीके से घुसना), धारा 354 (महिला की मर्यादा को क्षति पहुंचाने के लिए उस पर हमला या आपराधिक बल प्रयोग), धारा 509 (किसी महिला की मर्यादा का अनादर करने के आशय से कोई अश्लील शब्द कहना, हावभाव प्रकट करना या कोई कृत्य करना) और धारा 34 (साझा आपराधिक इरादा) के तहत मामला दर्ज किया गया है। कुछ छात्राओं ने इस घटना के संबंध में सोशल मीडिया पर जानकारी साझा की थी। सोशल मीडिया पोस्ट के अनुसार छह फरवरी को कॉलेज उत्सव ‘रेवरी’ के दौरान शाम करीब साढ़े छह बजे नशे में धुत पुरुषों के समूह ने कॉलेज के प्रवेश द्वार पर धावा बोल दिया था और वे अंदर घुस गए गए जिसके बाद उन्होंने छात्राओं के साथ कथित रूप से छेड़छाड़ की थी।

शाहीनबाग में प्रदर्शनकारी सड़क अवरुद्ध कर दूसरों के लिए असुविधा पैदा नहीं कर सकते: न्यायालय

उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को कहा कि दिल्ली के शाहीनबाग में नागरिकता संशोधन कानून का विरोध कर रहे लोग सार्वजनिक मार्ग अवरुद्ध कर दूसरों के लिए असुविधा पैदा नहीं कर सकते। न्यायमूर्ति संजय किशन कौल और न्यायमूर्ति के एम जोसेफ की पीठ ने शाहीनबाग से इन प्रदर्शनकारियों को हटाने के लिए दायर याचिकाओं पर संक्षिप्त सुनवाई के बाद केन्द्र, दिल्ली सरकार और पुलिस को नोटस जारी किए। पीठ ने कहा, ‘‘एक कानून है और इसके खिलाफ लोग हैं। मामला न्यायालय में लंबित है। इसके बावजूद कुछ लोग विरोध कर रहे हैं। वे विरोध करने के हकदार हैं।’’ इसने कहा, ‘‘आप सार्वजनिक सड़कों को अवरुद्ध नहीं कर सकते। इस तरह के क्षेत्र में अनिश्चितकाल के लिए विरोध प्रदर्शन नहीं हो सकता। यदि आप विरोध करना चाहते हैं, तो ऐसा एक निर्धारित स्थान पर होना चाहिए।’’ शीर्ष अदालत ने यह भी कहा कि शाहीनबाग में लंबे समय से विरोध प्रदर्शन चल रहा है लेकिन यह दूसरे लोगों के लिए असुविधा पैदा नहीं कर सकता।

अन्य बड़ी खबरें

- उच्चतम न्यायालय ने अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति संशोधन अधिनियम 2018 की संवैधानिक वैधता को सोमवार को बरकरार रखा।-  छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में सोमवार को मुठभेड़ में एक नक्सली मारा गया और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की कोबरा बटालियन के चार जवान घायल हो गए।- महाराष्ट्र के वर्धा जिले में पीछा करने वाले एक व्यक्ति द्वारा पिछले सप्ताह आग के हवाले की गई एक महिला लेक्चरर की सोमवार की सुबह नागपुर के एक अस्पताल में मौत हो गई। अ- सियाम ग्रेटर नोएडा, यात्री वाहनों की घरेलू बिक्री में जनवरी में 6.2 प्रतिशत की गिरावट देखी गयी है। वाहन विनिर्माताओं के संगठन सियाम ने सोमवार को यह जानकारी दी।- चीन में घातक कोरोना वायरस से मरने वालों की संख्या बढ़कर 908 हो गई है और इसके संक्रमण के 40,000 से अधिक मामलों की पुष्टि हो चुकी है।- फीनिक्स और जेल्वेगर को सर्वश्रेष्ठ अभिनेता-अभिनेत्री का पुरस्कार लॉस एंजिलिस, अकादमी पुरस्कार में इस बार दक्षिण कोरियाई फिल्म ‘पैरासाइट’ का बोलबाला रहा, जहां फिल्म ने सर्वश्रेष्ठ फिल्म, सर्वश्रेष्ठ निर्देशक, सर्वश्रेष्ठ अंतरराष्ट्रीय फीचर फिल्म सहित तमाम प्रमुख श्रेणियों में पुरस्कार अपने नाम कर इतिहास रच दिया।- भारतीय क्रिकेट टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ तीसरे और आखिरी एक दिवसीय क्रिकेट मैच में उतरेगी तो उसकी पूरी कोशिश ‘वाइटवाश’ से बचने की होगी।- भारत के अंडर 19 कप्तान ने कहा पोटचेफ्स्ट्रूम, भारतीय कप्तान प्रियम गर्ग ने कहा कि पहला अंडर 19 विश्व कप जीतने के बाद बांग्लादेश के खिलाड़ियों का बर्ताव ‘भद्दा ’ था। 

टॅग्स :सुप्रीम कोर्टनरेंद्र मोदी
Open in App

संबंधित खबरें

भारतईमानदारी के अभाव में शातिर बन जाती है समझदारी

कारोबारबुलेट ट्रेन परियोजना को व्यावहारिक बनाने की चुनौती

कारोबारइटली और भारत के बीच रणनीतिक साझेदारी?, 2029 तक व्यापार को 20 अरब यूरो से आगे ले जाना

विश्व'कोई समझौता नहीं, कोई दोहरा मापदंड नहीं': भारत-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन में पीएम मोदी ने खींची आतंकवाद पर रेखा

विश्वप्रेस फ्रीडम पर पीएम मोदी के ‘सवाल टालने’ पर नॉर्वेजियन पत्रकारों के साथ MEA की तीखी बहस, विदेश मंत्रालय के सचिव (पश्चिम) कहा- "बताता हूँ भारत क्या है" | WATCH

भारत अधिक खबरें

भारत"सरकार हर आयोजन को सड़क पर करा रही है": सड़कों पर नमाज को लेकर सीएम योगी पर अखिलेश का पलटवार

भारतUjjain: श्री महाकाल मंदिर सभा मंडप में सफाई कर्मी महिला को कुत्ते ने काटा

भारत'चंद दिनों के बलात्कार और दुष्कर्म के चंद आंकड़े दे रहा हूँ': नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आंकड़े जारी कर सम्राट सरकार पर बोला तीखा हमला

भारतविकास प्रक्र‍िया में जनजातीय समाज को शामिल करने प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बनाई नीतियां: मंत्री डॉ. शाह

भारतक्या बीजेपी में शामिल होंगे रेवंत रेड्डी? तेलंगाना सीएम को लेकर निज़ामाबाद के सांसद धर्मपुरी के बयान ने मचाई सनसनीखेज