Bihar Cabinet Expansion: बिहार में सम्राट सरकार बनने के 22 दिन बाद 7 मई को पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में मंत्रियों का शपथ ग्रहण होगा। संभवतः ऐसा पहली बार होगा, जब गांधी मैदान में मुख्यमंत्री का नहीं, मंत्रियों का शपथ ग्रहण होगा। कैबिनेट सदस्यों के शपथ ग्रहण को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर तैयारी शुरू कर दी गई है। पूरे इलाके को उच्च सुरक्षा जोन में बदला गया है। समारोह स्थल को चार हिस्सों में बांटा जाएगा। इसके साथ ही एयरपोर्ट से गांधी मैदान तक सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। खासकर पीएम मोदी के आने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह से कडी रहेगी।
बताया जा रहा है कि करीब 3000 जवान गांधी मैदान और इसके आस-पास के इलाके में तैनात रहेंगे। इसके साथ ही चप्पे-चप्पे पर पैनी नजर रहेगी। गांधी मैदान में करीब डेढ़ लाख लोगों के बैठने की व्यवस्था की जा रही है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने बताया है कि 7 मई के शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के अलावे पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री भी शामिल होंगे। दरअसल, बंगाल-असम समेत पांच राज्यों में चल रहे विधानसभा चुनाव के चलते बिहार में सिर्फ मुख्यमंत्री और दो उपमुख्यमंत्री का ही शपथ ग्रहण हुआ था। जबकि मंत्रिमंडल के सदस्यों का शपथ को टाल दिया गया था। अब तीन राज्यों में एनडीए की जीत के बाद सम्राट मंत्रिमंडल के सदस्यों के शपथ ग्रहण को भव्य रूप देने की तैयारी की जा रही है। चूंकि तीन राज्यों में एनडीए की जीत के बाद गठबंधन उत्साहित है और इसी ऊर्जा के साथ शपथ ग्रहण समारोह को भव्य रूप देने की तैयारी की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार नीतीश कुमार के करीबी माने जाने वाले श्रवण कुमार, अशोक चौधरी और लेसी सिंह जैसे दिग्गज चेहरे फिर से मंत्री पद की जिम्मेदारी संभालेंगे। साथ ही, मदन सहनी, जमा खां, और सुनील कुमार को भी मंत्रिमंडल में जगह मिलना लगभग तय है। सामाजिक संतुलन साधने के लिए शीला मंडल, रत्नेश सदा, बुलो मंडल और जयंत राज या भगवान सिंह कुशवाहा के नामों पर मुहर लग सकती है। जदयू कोटे के संभावित मंत्रियों में श्रवण कुमार, अशोक चौधरी, लेसी सिंह, मदन सहनी, जमा खां, सुनील कुमार, शीला मंडल, रत्नेश सदा, बुलो मंडल, जयंत राज या भगवान सिंह कुशवाहा और श्वेता गुप्ता या ललन सर्राफ के नाम शामिल है। सूत्रों के अनुसार भाजपा ने अपने कोटे से 14 से 16 मंत्री बनाने की योजना बनाई है। संभावितों में विजय कुमार सिन्हा, मंगल पाण्डेय, रामकृपाल यादव और दिलीप जायसवाल जैसे कद्दावर नेताओं के नाम सबसे ऊपर हैं। इसके अलावा, खेल जगत से राजनीति में आईं श्रेयसी सिंह, लखेंद्र पासवान, और संगीता कुमारी जैसे नए चेहरों को भी मौका मिल सकता है। रमा निषाद, प्रमोद कुमार चंद्रवंशी और संजय सिंह टाईगर को भी मंत्रिमंडल में शामिल कर भाजपा जातीय समीकरणों को साधने की कोशिश करेगी। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा पहले से ही टीम का हिस्सा रहे हैं। वहीं, संजीव चौरसिया, नीतीश मिश्रा, मनोज शर्मा, जनक राम जैसे संभावित नाम भी चर्चा में हैं।
एनडीए के अन्य घटक दलों को भी इस विस्तार में उचित स्थान दिया जाएगा। चिराग पासवान की पार्टी लोजपा(रा) से संजय सिंह और संजय पासवान के नाम चर्चा में हैं। जीतन राम मांझी की हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा से संतोष सुमन का मंत्री बनना तय है। वहीं, उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी राष्ट्रीय लोक मोर्चा की ओर से दीपक प्रकाश को मंत्रिमंडल में जगह दी जा सकती है। बता दें कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हाल ही में दिल्ली में अमित शाह से मुलाकात कर इस सूची को अंतिम रूप दिया है, जिससे अब केवल औपचारिक घोषणा बाकी रह गई है।