लाइव न्यूज़ :

आरोग्य सेतु एप पर सरकार ने सेना को चेताया, ''आपरेशन एरिया व कमांड सेंटर पर न ले जाएं मोबाइल''

By संतोष ठाकुर | Updated: April 16, 2020 09:31 IST

कोरोना मरीज के समीप आने की सूचना देने वाला आरोग्य सेतु एप सबसे तेज डाउनलोड होने वाला एप बनने की ओर बढ़ रहा है। पिछले 13 दिन में इस एप को करीब 4.5 करोड़ बार डाउनलोड किया गया है। यह उम्मीद की जा रही है कि एक—दो दिन में यह पांच करोड़ के पार हो जाएगा।

Open in App
ठळक मुद्देकोरोना मरीज के समीप आने की सूचना देने वाला आरोग्य सेतु एप सबसे तेज डाउनलोड होने वाला एप बनने की ओर बढ़ रहा है।सरकार ने अपने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को कहा है कि वे कार्यालय आने से पहले आरोग्य सेतु एप डाउनलोड करे।

नई दिल्ली। कोरोना मरीज के समीप आने की सूचना देने वाला आरोग्य सेतु एप सबसे तेज डाउनलोड होने वाला एप बनने की ओर बढ़ रहा है। पिछले 13 दिन में इस एप को करीब 4.5 करोड़ बार डाउनलोड किया गया है। यह उम्मीद की जा रही है कि एक—दो दिन में यह पांच करोड़ के पार हो जाएगा। इस बीच, सरकार ने अपने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को कहा है कि वे कार्यालय आने से पहले आरोग्य सेतु एप डाउनलोड करे। सेना को भी यह सलाह दी गई है लेकिन उन्हें कहा गया है कि वे आपरेशन एरिया, कमांड सेंटर में जाते समय मोबाइल वहां लेकर न जाएं। साथ ही अपना रैंक और नौकरी में आने की सूचना साझा न करें।

एक अधिकारी ने कहा कि यह आरोप पूरी तरह से गलत है कि इस एप से लोगों की निगरानी की जा रही है। एप का समस्त डाटा कूटभाषा या इंक्रिप्टीड रूप में उसी व्यक्ति के मोबाइल में रहता है जिसने एप डाउनलोड किया है। अगर उस व्यक्ति के संपर्क मे आए किसी व्यक्ति में कोरोना के संक्रमण पाए जाते हैं तो उसके बाद संक्रमित व्यक्ति के मोबाइल से डाटा हासिल करके उसके संपर्क में आए व्यक्तियों को तलाश किया जाता है। इसका उददेश्य केवल व्यक्ति को कोरोना से बचाना है। सरकार इससे निगरानी का कोई कार्य नहीं कर रही है। यही नहीं, यह किसी भी सरकार के लिए संभव नहीं है और न ही इसे व्यवहारिक माना जा सकता है कि वह बे—वजह लोगों की निगरानी करे। इससे सरकार को क्या हासिल होगा।

इधर, सरकार ने बड़े औद्योगिकी संस्थानों, मैन्युफैक्चरिंग करने वाले कारखानों को भी सलाह दी है कि वे अपने कर्मचारियों को यह एप डाउनलोड करने के लिए प्रेरित करें। जिससे कि इस बीमारी को फैलने से रोका जा सके। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कहा कि सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय का यह एप काफी कारगार है। यह बताता है कि हमारे वैज्ञानिक कितनी सटीक और उपयोगी उपकरण बना सकते हैं। देशवासियो को चाहिए कि वे इसके लिए सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद, सूचना प्रौद्योगिकी सचिव और अन्य अधिकारियों की टीम का धन्यवाद करें। जबकि इससे उलट कुछ लोग इसको लेकर भ्रामक बातें फैला रहे हैं। यह कोरोना के योद्धाओंं का अपमान करने जैसा ही है। हर व्यक्ति को चाहिए कि वे सावधानी बरतते हुए इस एप को अपने मोबाइल में डाउनलोड करे।

टॅग्स :कोरोना वायरसऐपसीओवीआईडी-19 इंडिया
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारबेंगलुरु के स्टार्टअप के साथ 25,000 करोड़ रुपये कागजी एमओयू निरस्त?, एक्शन में सीएम योगी, नपेंगे कई अधिकारी

कारोबारपूछ एआई का टर्न ओवर 50 लाख का और 25000 करोड़ रुपए का एमओयू किया?, जल्दी ही नाता तोड़ेगी योगी सरकार! 

क्राइम अलर्टमहादेव ऐप: ईडी ने दुबई के बुर्ज खलीफा समेत 1,700 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की

स्वास्थ्यकौन हैं हर्ष सिंह?, देश में स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ बनाने की?

स्वास्थ्यकौन हैं डॉ. आरती किनिकर?, सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवा में खास उपलब्धि के लिए लोकमत महाराष्ट्रीयन ऑफ द ईयर 2026 पुरस्कार

भारत अधिक खबरें

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए