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मध्यप्रदेश: देवास के पीपलरावां नगर परिषद के तत्कालीन अध्यक्ष, सीएमओ सहित 5 पर षडयंत्र पूर्ण गबन का मामला दर्ज

By बृजेश परमार | Updated: April 17, 2023 19:57 IST

जांच में सामने आया कि वर्ष 2019 से 2020 -21 के मध्य वहां पदस्थ रहे मुख्य नगरपालिका अधिकारी के एन एस चौहान ने प्रधानमंत्री आवास योजना के खातों से फर्जी एवं अनियमित भुगतान कर एक विशेष फर्म निर्मल इंटरप्राइजेस को बार-बार भुगतान किया है । भुगतान के लिए नियम पूर्वक कोई भी प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया।

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ठळक मुद्देप्रधानमंत्री आवास योजना की राशि में गबन का है मामला70.22 लाख रुपए का भुगतान अन्य मदों में किया गयापीपलरावा नगर परिषद के तत्कालीन अध्यक्ष पर गबन का मामला दर्ज

उज्जैन: पुलिस अधीक्षक विशेष पुलिस स्थापना लोकायुक्त उज्जैन संभाग ने पीपलरावा नगर परिषद के तत्कालीन अध्यक्ष मनोज चौहान,सीएमओ के एन एस चौहान सहित दो कर्मचारी एवं एक फर्म के संचालक पर भ्रष्टाचार अधिनियम के साथ ही षडयंत्र पूर्ण गबन का मामला दर्ज किया है। प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि से 70.22 लाख रुपए का  भुगतान अन्य मदों में परिवर्तन करके अन्य कार्यों के लिए कर दिया गया ।

लोकायुक्त डीएसपी सुनील तलान के अनुसार इस संबंध में अनियमितताओं की शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत में उल्लेख किया गया था कि प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि से 70.22 लाख रुपए का  भुगतान अन्य मदों में परिवर्तन करके अन्य कार्यों के लिए कर दिया गया है। नगर परिषद के अधिकारी कर्मचारियों की संदिग्ध भूमिका बताई गई थी। 

शिकायत के आधार पर लोकायुक्त उज्जैन संभाग द्वारा जांच कराई गई। जांच में सामने आया कि वर्ष 2019 से 2020 -21 के मध्य वहां पदस्थ रहे मुख्य नगरपालिका अधिकारी के एन एस चौहान ने  प्रधानमंत्री आवास योजना के खातों से फर्जी एवं अनियमित भुगतान कर एक विशेष फर्म निर्मल इंटरप्राइजेस को बार-बार भुगतान किया है । भुगतान के लिए नियम पूर्वक कोई भी प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया । भुगतान के एवज में सामग्री प्राप्त नहीं हुई। इसके चलते 43 हितग्राहियों को 42.90 लाख रुपए की राशि की किस्त आवास के लिए प्रदान नहीं की जा सकी।

नगर परिषद पीपलरावां के अधिकारी कर्मचारियों ने शासकीय धनराशि का गबन, विश्वास का हनन किया तथा छल करते हुए संदिग्ध कार्यों पर राशि व्यय की। इस कार्य में तत्कालीन अध्यक्ष मनोज चौहान, तत्कालीन लेखापाल अशोक परमार, तत्कालीन स्टोर प्रभारी वकील मंसूरी तथा निर्मल इंटरप्राइजेज के बलराज तिवारी प्राइवेट व्यक्ति आपराधिक षड्यंत्र में शामिल पाए गए। जांच प्रतिवेदन पर लोकायुक्त मुख्यालय भोपाल से अनुमोदन उपरांत 5 नामजद आरोपी के विरूद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट क्रमांक 89 /2023 धारा 7 ,13A,13(2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन 2018)तथा भादवि की धारा 409,420,120 बी का प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।

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