लाइव न्यूज़ :

5जी वायरलेस पर जूही चावला को झटका, हाईकोर्ट ने 20 लाख रुपये का हर्जाना लगाया

By सतीश कुमार सिंह | Updated: June 4, 2021 20:53 IST

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि जूही चावला की याचिका खामियों और कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग करने वाली है। इससे अदालत का समय खराब हुआ।

Open in App
ठळक मुद्देमुकदमा सिर्फ प्रचार के लिए दायर किया गया। मुकदमा सिर्फ प्रचार के लिए दायर किया गया। जूही चावला ने सोशल मीडिया खाते पर सुनवाई का वेब लिंक साझा किया था।

नई दिल्लीः दिल्ली उच्च न्यायालय ने अभिनेत्री जूही चावला द्वारा 5जी वायरलेस नेटवर्क प्रौद्योगिकी को चुनौती देने के मुकदमे को खारिज कर दिया। अदालत ने जूही पर 20 लाख रुपये का हर्जाना लगाया है।

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि जूही चावला की याचिका खामियों और कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग करने वाली है। इससे अदालत का समय खराब हुआ। यह मुकदमा सिर्फ प्रचार के लिए दायर किया गया। मुकदमा सिर्फ प्रचार के लिए दायर किया गया। जूही चावला ने सोशल मीडिया खाते पर सुनवाई का वेब लिंक साझा किया, जिससे अज्ञात लोगों ने सुनवाई में बाधा पैदा की है।

न्यायमूर्ति जे आर मिधा ने कहा कि वादियों - चावला और दो अन्य ने कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग किया है और अदालत का समय बर्बाद किया है। अदालत ने कहा कि मुकदमा प्रचार पाने के लिए दायर किया गया था जो स्पष्ट है क्योंकि चावला ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर सुनवाई के वीडियो कॉन्फ्रेंस लिंक को साझा किया।

इसके परिणामस्वरूप अज्ञात व्यक्तियों द्वारा बार-बार व्यवधान उत्पन्न किया गया। अदालत ने अज्ञात लोगों के खिलाफ अवमानना नोटिस भी जारी किया और दिल्ली पुलिस से उनकी पहचान करने को कहा। आदेश सुनाए जाने के बाद चावला के वकील ने फैसले पर रोक लगाने का अनुरोध किया, जिसे अदालत ने सिरे से खारिज कर दिया।

उच्च न्यायालय ने 5जी तकनीक के खिलाफ जूही चावला के मुकदमे को ‘दोषपूर्ण’ बताया

दिल्ली उच्च न्यायालय ने देश में 5 जी वायरलेस नेटवर्क स्थापित करने के खिलाफ अभिनेत्री-पर्यावरणविद् जूही चावला के मुकदमे को बुधवार को ‘‘दोषपूर्ण’’ करार दिया और कहा कि यह ‘‘मीडिया प्रचार’’ के लिए दायर किया गया है। न्यायालय ने चावला के सरकार को प्रतिवेदन दिये बिना 5जी वायरलेस नेटवर्क तकनीक को चुनौती देने के लिए सीधे अदालत आने पर भी सवाल उठाये।

उच्च न्यायालय ने तकनीक से संबंधित अपनी चिंताओं के संबंध में सरकार को कोई प्रतिवेदन दिये बगैर, देश में 5जी वायरलेस नेटवर्क स्थापित करने के खिलाफ जूही चावला के सीधे मुकदमा दायर करने पर सवाल उठाया।

न्यायमूर्ति जे आर मिधा ने कहा कि वादी चावला और दो अन्य लोगों को पहले अपने अधिकारों के लिए सरकार से संपर्क करने की आवश्यकता थी और यदि वहां इनकार किया जाता, तब उन्हें अदालत में आना चाहिए था। अदालत ने यह भी पूछा कि वाद में 33 पक्षों को क्यों जोड़ा गया और कहा कि कानून के तहत इसकी अनुमति नहीं है।

(इनपुट एजेंसी)

टॅग्स :जूही चावलादिल्ली हाईकोर्टमुंबई5जी नेटवर्क
Open in App

संबंधित खबरें

बॉलीवुड चुस्कीनहीं रहीं जरीन खान की मां परवीन खान, मुंबई में होगा अंतिम संस्कार

बॉलीवुड चुस्कीभाई आप 30 साल से काम कर रहे हो और हम सबने आपको रिपीट किया?, सलमान खान ने राजपाल यादव को किया सपोर्ट, पढ़िए वायरल पोस्ट

क्राइम अलर्टनिर्माण स्थल पर काम करने गए थे माता-पिता, 7 वर्षीय बेटी से 45 वर्षीय शख्स ने किया रेप, अरेस्ट

क्रिकेटचेन्नई सुपर किंग्सः 7500000 रुपये बनाम 28.4 करोड़?, सरफराज खान के सामने ढेर कार्तिक शर्मा-प्रशांत वीर, 3 मैच के बाद देखिए आंकड़े?

भारतमुंबई में IIMCAA कनेक्शन्स मीट, फिल्म निर्माता मनोज मौर्य की सिल्वर जुबली सम्मान से सम्मानित

भारत अधिक खबरें

भारतनारी शक्ति वंदन अधिनियमः 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित और 2029 के आम चुनाव में लागू?, लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाकर 816, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने दी मंजूरी

भारतरेलवे में 8.85 प्रतिशत लोको पायलट ने लगातार 12 घंटे से अधिक काम किया?, रेलवे संघ ने कहा-46.96 प्रतिशत ने 9 घंटे शिफ्ट किए?

भारतपटना में महिलाएं-लड़कियां सरेआम पीती हैं सिगरेट, पुरुष खड़े होकर मुंह देखते रहते?, लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव बोले- बिहार में शराबबंदी पूरी तरह फेल

भारतमहाराष्ट्र लोक सेवा आयोग परिणाम: 624 अंक के साथ टॉप, सोलापुर के विजय नागनाथ लामका ने किया कारनामा?, 601 अंक लेकर आरती परमेश्वर जाधव ने महिला वर्ग में मारी बाजी?

भारतममता ने कहा- CRPF की 200 बटालियन आ रही, किचन से समान ले कर मारो?, अभिषेक कह रहे- भाजपा समर्थकों का हाथ-पैर तोड़ो, चुनाव आयोग के पास बीजेपी, वीडियो