लाइव न्यूज़ :

नर्मदा नदी के किनारे 200 तोतों की मौत, बर्ड फ्लू को लेकर दहशत?

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: January 2, 2026 15:54 IST

Khargone: वन विभाग ने एहतियात के तौर पर एक्वाडक्ट पुल के आसपास पक्षियों को भोजन कराने पर प्रतिबंध लगा दिया है और वहां निगरानी के लिए कर्मचारियों की तैनाती की गई है।

Open in App
ठळक मुद्देभोजन में मौजूद विषाक्तता इतनी अधिक थी कि वे कुछ ही देर बाद मर गए।पशु चिकित्सा परीक्षण में संक्रमण के कोई लक्षण नहीं मिले। वन विभाग और वन्यजीव शाखा की टीमें क्षेत्र की निगरानी कर रही हैं।

Khargone: मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में नर्मदा नदी के किनारे खाद्य विषाक्तता के कारण कम से कम 200 तोतों की मौत हो गई है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि बीते चार दिनों में बड़वाह क्षेत्र में नर्मदा नदी पर बने एक्वाडक्ट पुल के पास तोते मृत मिले हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बर्ड फ्लू की आशंका से इनकार किया गया है। जिला वन्यजीव वार्डन टोनी शर्मा ने बताया कि बचाव कार्य के दौरान कुछ तोते जीवित पाए गए थे लेकिन भोजन में मौजूद विषाक्तता इतनी अधिक थी कि वे कुछ ही देर बाद मर गए।

तोतों की मौत से इलाके में बर्ड फ्लू को लेकर दहशत फैल गई, हालांकि पशु चिकित्सा परीक्षण में संक्रमण के कोई लक्षण नहीं मिले। वन विभाग ने एहतियात के तौर पर एक्वाडक्ट पुल के आसपास पक्षियों को भोजन कराने पर प्रतिबंध लगा दिया है और वहां निगरानी के लिए कर्मचारियों की तैनाती की गई है।

अधिकारियों ने बताया कि मृत पक्षियों के विसरा के नमूने आगे की जांच के लिए जबलपुर भेजे गए हैं। पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारियों के अनुसार, खाद्य विषाक्तता और अनुचित आहार के कारण तोतों की मौत हुई है। स्थानीय लोगों की सूचना पर बीते चार दिनों से पशु चिकित्सा विभाग, वन विभाग और वन्यजीव शाखा की टीमें क्षेत्र की निगरानी कर रही हैं।

पोस्टमार्टम करने वाली पशु चिकित्सक डॉ. मनीषा चौहान ने बताया कि तोतों में 'फूड पॉइजनिंग' के लक्षण पाए गए हैं और बर्ड फ्लू से जुड़ा कोई संकेत नहीं मिला। उन्होंने कहा कि लोग अक्सर अनजाने में पक्षियों को ऐसा भोजन खिला देते हैं जो उनके पाचन तंत्र के लिए घातक साबित होता है। पशु चिकित्सा विस्तार अधिकारी डॉ. सुरेश बघेल ने बताया कि मृत तोतों के पेट में चावल और छोटे कंकड़ पाए गए हैं।

उन्होंने कहा कि प्राथमिक तौर पर मौतें अनुचित भोजन से जुड़ी प्रतीत होती हैं। इसमें कीटनाशक छिड़के गए खेतों में दाना चुगने और नर्मदा नदी के पानी के सेवन जैसे कारण भी शामिल हो सकते हैं। अधिकारियों ने बताया कि पुल पर आने वाले पर्यटकों द्वारा पक्षियों को पकाया हुआ या बचा हुआ भोजन खिलाना भी मौत का कारण बन सकता है।

टॅग्स :क्राइम न्यूज हिंदीमध्य प्रदेश
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टपंजाब पुलिस ने सीमा पार से मादक पदार्थ तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया, 2 गिरफ्तार, 4.13 किलोग्राम हेरोइन बरामद

क्राइम अलर्टरिजवान अहमद को दिल्ली पुलिस ने उठाया?, मोबाइल, लैपटॉप की जांच, 2017 मुंबई बम विस्फोट को लेकर कार्रवाई

क्राइम अलर्टपटना परसा बाजारः 3 साल की बच्ची से यौन उत्पीड़न, रिश्तेदार सहित 2 आरोपी अरेस्ट, अस्पताल में भर्ती मासूम?

क्राइम अलर्टएक वर्ष से शादी का झांसा देकर नाबालिग लड़की से रेप, 23 वर्षीय प्रियेस रंजन अरेस्ट, दहेज में मांगे 500000 रुपये

क्राइम अलर्ट2 साल से चचेरे भाई से अवैध संबंध, भाई मेराज अली ने पैर पकड़ा और माता रबिया खातून-पिता मोहम्मद मनीर ने तकिये से मुंह दबा कर बेटी को मार डाला

क्राइम अलर्ट अधिक खबरें

क्राइम अलर्टबिहार के मोतिहारी जिले में जहरीली शराब कांड में मरने वालों की संख्या हुई 10, कई लोगों की स्थिति अभी भी गंभीर

क्राइम अलर्टबिहार की राजधानी पटना से सटे खगौल में अपराधियों ने खुद को कस्टम अधिकारी बताकर स्वर्ण व्यापारियों से लूटा 16 किग्रा सोना

क्राइम अलर्टयूपी के मदरसे में शिक्षकों ने 10 साल के बच्चे को पीटा, एक ने उसे पकड़कर रखा, दूसरे ने डंडे से मारा, VIDEO

क्राइम अलर्टMotihari News: बिहार पुलिस ने मदरसे में की छापेमारी, पीएफआई से सांठगांठ का संदेह

क्राइम अलर्टपति-पत्नी और वो..., अवैध संबंध के चलते महिला ने सुहाग को उतारा मौत के घाट; आगरा पुलिस का खुलासा