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हॉवर्ड यूनिवर्सिटी ने पूर्व प्रोफेसर को यौन शोषण के आरोप में किया बैन, 40 साल पहले लगा था पहला आरोप

By पल्लवी कुमारी | Updated: May 10, 2019 10:35 IST

हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज को 1972 से हॉवर्ड यूनिवर्सिटी में कार्यरत थे। जॉर्ज डोमिनगेज ने पिछले साल #MeToo अभियान के तहत लगे आरोपों के बाद इस्तीफा दिया था।

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ठळक मुद्दे#MeToo मूमेंट में 18 छात्राओं ने हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के पूर्व प्रोफेसर पर यौन शोषण के आरोप लगाए थे।छात्रों का आरोप था कि क्लास में या पढ़ाई के दौरान पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज उनको जबरदस्ती छूने और गलत इशारे करने की कोशिश करते थे।

हॉवर्ड यूनिवर्सिटी ने अपने एक पूर्व प्रोफेसर को यौन शोषण के आरोप में दोषी पाया है। प्रोफेसर पिछले 40 साल से छात्रों का यौन शोषण कर रहा था। हॉवर्ड यूनिवर्सिटी ने पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज को कैंपस से निष्कासित करते हुए बैन कर दिया है। इसके साथ ही यूनिवर्सिटी से जुड़े सारे अधिकार को भी छीन लिया गया है। हॉवर्ड यूनिवर्सिटी ने 9 मई को बताया कि हमने पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज के खिलाफ सालों से चल रहे IX (भेदभाव विरोधी कानून) जांच को पूरा कर लिया है। जिसमें पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज को दोषी पाया गया है। 

#MeToo अभियान तहत भी लगा हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर पर आरोप

#MeToo अभियान के तहत पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज पर पिछले साल 2018 में भी कई छात्रों ने यौन शोषण के आरोप लगाए थे। जिसमें से 18 छात्राओं और जूनियर फैकल्टी मेंबरों द्वारा गंभीर आरोप लगाए गए थे। इन छात्रों का आरोप था कि क्लास में या पढ़ाई के दौरान पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज उनको जबरदस्ती छूने और गलत इशारे करने की कोशिश करते थे। इसके साथ ही कईयों को अकेले में पाकर भी उन्होंने ऐसी हरकत की थी। 

हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के अध्यक्ष लॉरेंस बेको ने कहा है कि वो मामले की जांच के लिए बाहरी एजेंसी को भी बुलाएंगे। यूनिवर्सिटी के अध्यक्ष लॉरेंस बेको ने एक सरकारी प्रोफेसर स्टीवन लेवित्स्की को एक ईमेल में लिखा है, जिसमें उन्होंने बाहरी जांच एजेंसियों से जांत करवाने के लिए इसपर ध्यान देने के लिए कहा है। अध्यक्ष लॉरेंस बेको का कहना है कि बाहरी जांच एजेंसी इस बात पर ध्यान देगी कहीं यूनिवर्सिटी ने पूर्व प्रोफेसर के खिलाफ फैसला सुनाने में पक्ष तो नहीं लिया है।

यौन शोषण के मामले में हॉवर्ड यूनिवर्सिटी की हुई आलोचना

एक अंग्रेजी वेबसाइट के मुताबिक, हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के इवी लीग परिसर के कई लोगों ने यूनिवर्सिटी की भी आलोचना की है। उनका कहना है कि चार दशकों से  पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज के खिलाफ यौन शोषण की शिकायतें मिल रही थी लेकिन यूनिवर्सिटी प्रशासन ने इस पर कोई कार्रवाई नहीं की। बल्कि उनको हॉवर्ड में बनाए रखा और उनको वक्त-वक्त पर पदोन्नत भी किया गया।

पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज को 1972 से हॉवर्ड यूनिवर्सिटी में कार्यरत थे। जॉर्ज डोमिनगेज ने पिछले साल #MeToo अभियान के तहत लगे आरोपों के बाद इस्तीफा दिया था। पूर्व प्रोफेसर जॉर्ज डोमिनगेज लैटिन अमेरिकी अध्ययन के विशेषज्ञ हैं। हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के प्रशासन ने 1983 में कथित यौन उत्पीड़न मामलों के लिए सख्स हिदायत दी थी। लेकिन उन्हें अपनी सेवा देने से मना नहीं किया गया था। 

टॅग्स :यौन उत्पीड़न# मी टू
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