शिवसेना एक राजनीति दल है। यह मुख्यत महाराष्ट्र की क्षेत्रीय पार्टी है। इसकी स्थापना 19 जून 1966 में प्रमुख राजनीतिक कार्टूनिस्ट बालासाहेब ठाकरे ने की थी। इस दल का प्रतीक चिह्न (लोगो) बाघ है। पूरे देश में शिव सेना को एक कट्टर हिन्दू राष्ट्रवादी दल के रूप में जाना जाता है। इस समय उद्धव ठाकरे प्रमुख हैं। इसका मुखपत्र सामना है। Read More
पीएम मोदी से मुलाकात करने के बाद उद्धव ठाकरे कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात करेंगे। महाराष्ट्र में कांग्रेस-एनसीपी-शिवसेना के गठबंधन की सरकार चल रही है। तीनों ही पार्टियां अलग-अलग राय रखती हैं। ...
शिवसेना नेता संजय राउत ने ट्वीट किया कि ठाकरे इस दौरान मोदी से मिलेंगे। राउत ने कहा, ‘‘यह एक शिष्टाचार मुलाकात होगी।’’ ठाकरे ने गत 28 नवंबर को महाराष्ट्र की शिवसेना-राकांपा-कांग्रेस गठबंधन सरकार के मुखिया के रूप में कार्यभार संभाला था। ...
78 सदस्यीय उच्च सदन में इस समय भाजपा का बहुमत है। पिछले साल अक्टूबर में विधानसभा चुनाव के बाद शिवसेना ने अपनी पुरानी सहयोगी भाजपा से नाता तोड़कर वैचारिक विरोधी राकांपा व कांग्रेस के साथ मिलकर राज्य सरकार बनाई। ...
शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ के संपादकीय में उच्चतम न्यायालय के फैसले को ‘महिला शक्ति’ की जीत करार दिया गया है और कहा गया है कि केंद्र सरकार को अपने व्यवहार और दृष्टि में बदलाव करने की जरूरत है। मुखपत्र में कहा गया है कि उच्चतम न्यायालय के फैसले का मतल ...
शिवाजी का जन्म 19 फरवरी 1630 को शिवनेरी दुर्ग में हुआ था। ठाकरे ने वहां पालना समारोह में हिस्सा लिया और किले में विकास कार्य का मुआयना किया। शिवसेना प्रमुख ने ट्विटर पर भी शिवाजी को श्रद्धांजलि दी और ‘शिव जयंती’ पर राज्य के लोगों को भी शुभकामनाएं दी। ...
महाराष्ट्र: उद्धव ठाकरे ने सीएए और एनआरसी के अलावा राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) को लेकर कहा कि वह व्यक्तिगत रूप से इसमें दिए जा रहे कॉलमों की जांच करेंगे, जिससे एनपीआर के दौरान कोई समस्या नहीं होनी चाहिए। ...
अहमदाबाद में एक भूखंड पर कथित तौर पर दीवार बनाए जाने की आलोचना करते हुए शिवसेना ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति की यात्रा से न तो विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपए के गिरते मूल्य में सुधार होगा और न ही दीवार के पीछे झुग्गियों में रहने वालों की हालत सु ...
भीमा कोरेगांव मामले की जांच एनआईए को देने के बाद से माना जा रहा है कि पवार नाखुश हैं। पहले कहा गया था कि भीमा कोरेगांव मामले की जांच महाराष्ट्र पुलिस करेगी, लेकिन इसके बाद उद्धव ठाकरे ने एनआईए को इस मामले की जांच सौंपने का फैसला कर लिया। ...