मोहन भधुकर भागवत का जन्म 11 सितंबर 1950 को महाराष्ट्र के चंद्रपुर में हुआ। मोहन भागवत एक पशु चिकित्सक भी हैं। 2009 से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक हैं। केएस सुदर्शन के बाद उन्हें उत्ताराधिकारी चुना गया था। संघ कार्यकर्ताओं के परिवार से हैं। पिता मधुकरराव भागवत चन्द्रपुर क्षेत्र के प्रमुख थे। Read More
सांप्रदायिक हिंसा से प्रभावित राष्ट्रीय राजधानी में कानून-व्यवस्था बहाल करने के लिए आवश्यक कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘सरकार को उन इलाकों में शांति बहाल करनी चाहिए, जहां अशांति है। किसी को भी कानून अपने हाथ में लेने का अधिकार नहीं है।’’ ...
मोहन भागवत पांच दिनों के दौरे पर बुधवार को रांची हैं। 20 फरवरी को रांची महानगर की ओर से आयोजित संघ समागम में उन्होंने पूर्ण गणवेशधारी स्वयंसेवकों को संबोधित किया। ...
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भावगत ने कहा, ‘‘हिंदू समाज को संगठित करने के अलावा संघ का कोई और काम नहीं है। यह भ्रम फैलाया जाता है कि संघ देश के सभी मामलों में हस्तक्षेप करता है। ऐसा कई लोग कहते हैं। इमरान खान भी कहते हैं। ...
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने नेशनलिज्म शब्द का विरोध किया है। उसकी जगह पर कई अन्य शब्दों को बोलने के लिए कहा। नेशनलिज्म शब्द को उन्होंने हिटलर करार दिया है। ...
नागरिकता संशोधन अधिनियम और इसके खिलाफ विरोध प्रदर्शनों पर भागवत ने कहा कि कोई भी कानून को पसंद या नापसंद कर सकता है, उसे बदलने की भी मांग कर सकता है लेकिन सार्वजनिक सम्पत्ति को जलाया या नुकसान नहीं पहुंचाया जा सकता है। ...
भागवत ने यहां महात्मा गांधी के जीवन दर्शन पर आधारित एक पुस्तक का विमोचन करते हुये कहा, ‘‘गांधी जी ने इस बात को समझा था कि भारत का भाग्य बदलने के लिये पहले भारत को समझना पड़ेगा और इसके लिए वह साल भर भारत में घूमे।’’ ...