लालू प्रसाद यादव राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष हैं। साल 1990 से लेकर 1997 तक वो बिहार के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। साल 1997 में चारा घोटाला में नाम आने के बाद उन्हें मुख्यमंत्री के पद से इस्तीफा देने पड़ा था। बिहार के मुख्यमंत्री के अलावा उन्हें कांग्रेस गठबंधन सरकार में रेलमंत्री का कार्यभार संभाला है। 2013 में लालू प्रसाद यादव को चारा घोटाला अलग-अलग मामले में दोषी करार दिया गया। Read More
दोनों बड़ी पार्टियों के बीच टकराव से वीआईपी और वामपंथी दलों का भविष्य भी अधर में लटक गया है. उधर कांग्रेस ने बिहार के प्रमुख नेताओं को दिल्ली बुला लिया है. राजद ने कांग्रेस को अल्टीमेटम दे दिया है की उन्हें 58 से अधिक सीटें नहीं दी जा सकती है. अगर उन ...
लवली आनंद राजद के टिकट पर विधानसभा का चुनाव लड़ सकती हैं. एनडीए में दाल नहीं गलने के बाद आज पूर्व सांसद लवली आनंद अपने बेटे चेतन आनंद के साथ तेजस्वी के दरबार पहुंची और लालू की लालटेन को थाम लिया. ...
मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोडा ने बताया कि बिहार के 38 जिलों में करीब 18.87 लाख प्रवासी थे. इनमें से 16.6 लाख मतदान करने के योग्य थे. इनमें से 13.93 लाख प्रवासी मजदूरों के नाम पहले से ही मतदाता सूची में थे. ...
बिहार विधान सभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही लालू यादव से मिलने वालों की संख्या में इजाफा हुआ है। टिकट पाने सहित अन्य बातों के लिए बड़ी संख्या में बिहार से नेता और कार्यकर्ता लालू से मिलने रांची आ रहे हैं। ...
बिहार की सत्ता के दावेदार दो बडे़ गठबंधन एनडीए और महागठबंधन के रणनीतिकारों ने अंदर- ही- अंदर जो युद्ध और योद्धाओं का समीकरण तय कर लिया हो पर, मतदाताओं के सामने अभी तक दोनों गठबंधन की तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं हुई है. एनडीए में लोजपा को झोल अभी बना हुआ ...
महागठबंधन और एनडीए दोनों में खींचतान साफ दिख रही है. लेकिन इस बीच तेजस्वी यादव ने रालोसपा को महागठबंधन से आउट कर दिया है. तेजस्वी से बगावत करने के बाद महागठबंधन से दूरी के बाद कुशवाहा लगातार भाजपा नेताओं के संपर्क में थे, लेकिन वहां भी कुशवाहा की दाल ...
रोक के बावजूद प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में टिकटार्थी लालू से मिलने के लिए मचलते दिखाई दे रहे हैं. कुछ को दर्शन का सौभाग्य प्राप्त होता है तो कुछ का आवेदन पिछले दरवाजे से अंदर भेज दिया जा रहा है. चूंकि टिकट लालू को ही तय करना है, इसलिए दरबार भी सजने ...
लालू यादव के बडे़ बेटे तेज प्रताप यादव ने महुआ सीट से हार के खतरे को देखते हुए सुरक्षित सीट की तलाश में समस्तीपुर जिले में हसनपुर सीट का रुख कर चुके हैं. लेकिन लगता है कि तेजप्रताप की मुश्किलें यहां भी कम नहीं होने वाली. लेकिन वहां भी जदयू तेजप्रताप ...