ज्योतिरादित्य माधवराव सिंधिया भारतीय राजनेता हैं। मोदी सरकार में नागर विमानन मंत्री हैं। इससे पहले वह 18 सालों तक में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के नेता थे। ज्योतिरादित्य सिंधिया 15वीं लोकसभा के मंत्रिमंडल में वाणिज्य और उद्योग राज्यमंत्री भी रहे थे। उनका जन्म 1 जनवरी 1971 को हुआ था। इनका संबंध सिंधिया राजघराने से है। इनके पिता स्व. माधवराव सिंधिया भी गुना से कांग्रेस के विजयी उम्मीदवार रहे हैं। Read More
मध्य प्रदेश सदस्यता अभियान 2020 में रविवार को ग्वालियर दक्षिण व ग्रामीण विधानसभा के हजारों कांग्रेस कार्यकर्ताओं, मुरैना विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस के 5000 से ज़्यादा वरिष्ठ पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं, अबांह विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस पार्टी के ...
प्रदेश में शिक्षकों की स्थिति अत्यंत खराब हो गई है. कोरोना महामारी के चलते शिक्षकों को अपना पेट भरने तक की समस्या खड़ी हो गई है. महंगाई, बेरोजगारी, आर्थिक मंदी के चलते हमारे प्रदेश में बच्चों का भविष्य बनाने वाले शिक्षकों का क्या कसूर है? ...
शाही सवारी में शामिल होने अपने दौरे पर उज्जैन पहुंचे पूर्व केंद्रीय मंत्री और राज्यसभा सदस्य ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ उज्जैन का संक्रमित युवक पूरे समय घूमता रहा. ...
कांग्रेस नेता ने प्रदेश में लगभग 69 हजार अतिथि शिक्षकों को पिछले तीन-चार माह से वेतन नहीं मिलने की बात करते हुए आरोप लगाया कि करीब 65 लोगों की आत्महत्या के आंकड़े सामने आये हैं। ...
बाबा महाकाल की शाही सवारी का पूजन करने पहुंचे ज्योतिरादित्य सिंधिया राणा जी की छतरी से रामघाट की ओर जा रहे थे तभी उनके और उनके कार्यकर्ताओं द्वारा धक्का मुक्की के दौरान रेलिंग उनके ऊपर गिरते-गिरते बची घटना के बाद ज्योतिरादित्य सिंधिया कुछ देर रुक कर ...
ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि जिस तरह से मेरी दादी और पिता ने सदैव सत्य के मार्ग पर चलते हुए जनता जनार्दन की सेवा की है, उसी प्रकार मैं भी सदैव सत्य के झंडे को ऊँचा रखते हुए, जनहित के लिए निरंतर कार्य करता रहूँगाI ...
जिस तरह से मेरी दादी और पिता ने सदैव सत्य के मार्ग पर चलते हुए जनता जनार्दन की सेवा की है, उसी प्रकार मैं भी सदैव सत्य के झंडे को ऊँचा रखते हुए, जनहित के लिए निरंतर कार्य करता रहूँगाI ...
आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि मेरे पिता कैलाश विजयवर्गीय और ज्योतिरादित्य माधवराव सिंधिया में निजी तौर पर मनमुटाव कभी नहीं रहा। उनके बीच के निजी संबंध हमेशा बडे़ अच्छे रहे हैं। ...