लाइव न्यूज़ :

Dussehra 2021 Muhurat: विजयादशमी कल, जानें शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व

By रुस्तम राणा | Updated: October 14, 2021 08:24 IST

विजयादशमी के दिन शस्त्र पूजन और रावण के पुतले का दहन किया जाता है। सनातन धर्म में इस पावन पर्व का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, अधर्म पर धर्म, असत्य पर सत्य की जीत का प्रतीक माना जाता है।

Open in App
ठळक मुद्देदशहरा हर साल आश्विन मास शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि के दिन मनाया जाता है। यह पर्व अधर्म पर धर्म, असत्य पर सत्य की जीत का प्रतीक माना जाता है।

अच्छाई-पर बुराई की जीत का प्रतीक विजयादशमी पर्व 15 अक्टूबर, शुक्रवार को मनाया जाएगा। इसे दशहरा के नाम से भी जाना जाता है। हिन्दू पंचांग के अनुसार, दशहरा हर साल आश्विन मास शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि के दिन मनाया जाता है। इस दिन शस्त्र पूजन और रावण के पुतले का दहन किया जाता है। सनातन धर्म में इस पावन पर्व का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यता के अनुसार दशहरा पर्व को अधर्म पर धर्म, असत्य पर सत्य की जीत का प्रतीक माना जाता है। 

विजयादशमी मुहूर्त

आश्विन शुक्ल पक्ष की दशमी 14 अक्टूबर 2021 को शाम 6.52 बजे से आरंभ हो जाएगी, जो अगले यानी 15 अक्टूबर को शाम 6.02 बजे तक रहेगी। इस दिन विजय मुहूर्त दोपहर 2.02 बजे से 2.48 बजे रहेगा। वहीं अपर्णा पूजा का मुहूर्त दोपहर 1:16 बजे शुरू होगा और दोपहर 3:34 बजे समाप्त होगा।

दशहरा पूजा विधि

सुबह जल्दी उठकर स्नान-ध्यान करें। इसके बाद गेंहू या चूने से दशहरा की प्रतिमा बनाएं। गाय के गोबर से 9 गोले व 2 कटोरियां बनाकर, एक कटोरी में सिक्के और दूसरी कटोरी में रोली, चावल, जौ व फल रखें। अब प्रतिमा को केले, जौ, गुड़ और मूली अर्पित करें। सामार्थ्य के अनुसार ब्राह्मणों को दान-दक्षिणा दें और गरीबों को भोजन कराएं। रावण दहन के बाद शमी वृक्ष की पत्ती अपने परिजनों को देकर उनका आशीर्वाद लें।

दशहरा के धार्मिक महत्व

विजयादशमी से दो पौराणिक मान्यताएं जुड़ी हुई हैं। पहली मान्यता ये है कि इस दिन मां दुर्गा ने महिषासुर का वध कर देवलोक को उसके आतंक से मुक्त कराया था। मां शक्ति और महिषासुर के बीच दस दिनों तक युद्ध चला था। वहीं दूसरी मान्यता ये है कि भगवान श्री ने विजयादशमी के दिन लंकापति रावण का वध कर लंका पर विजय प्राप्त की थी और मां सीता को उसके चंगुल से आजाद कराया था। इसलिए हर साल दशहरा के दिन देशभर में रावण के पुतले फूंके जाते हैं।

टॅग्स :दशहरा (विजयादशमी)हिंदू त्योहार
Open in App

संबंधित खबरें

पूजा पाठMay 2026 Festival Calendar: मोहिनी एकादशी से लेकर बुद्ध पूर्णिमा तक, नोट कर लें मई महीने की त्योहारों की तारीख

पूजा पाठUpcoming Hindu Festivals List: अप्रैल 2026 में 6 बड़े त्योहार, ये तारीखें नोट कर लें वरना पछताएंगे

पूजा पाठAkshaya Tritiya 2026: सोना खरीदने के पैसे नहीं हैं, अक्षय तृतीया पर खरीदें ये 7 चीजें बदल देंगी किस्मत!

पूजा पाठBohag Bihu 2026: कब है रोंगाली बिहू? जानिए क्यों खास हैं उत्सव के ये 7 दिन

पूजा पाठHanuman Jayanti Puja Muhurat 2026: नोट कर लें बजरंगबली की पूजा के ये 2 सबसे शुभ मुहूर्त, बरसेगी पवनपुत्र की कृपा

पूजा पाठ अधिक खबरें

पूजा पाठPanchang 20 May 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 20 May 2026: आज मिथुन राशिवालों को होगी परेशानी, जानें सभी राशियों का भविष्य

पूजा पाठGuru Gochar: 2 जून से 5 माह तक इन 3 राशि वालों का गोल्डन पीरियड, भाग्य में वृद्धि, धन वर्षा के संकेत

पूजा पाठPanchang 19 May 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 19 May 2026: रोजमर्रा के कामों में आ सकती हैं रुकावटें, जानें अपना भाग्यफल