लाइव न्यूज़ :

PM Shree Yojana: आखिर क्या है पीएम श्री योजना?, 14500 स्कूलों पर फोकस, 630 करोड़ की धनराशि जारी, जानें इसके बारे में

By सतीश कुमार सिंह | Updated: July 29, 2023 17:35 IST

PM Shree Yojana: शिक्षा मंत्रालय ने अपनी महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री स्कूल फॉर राइजिंग इंडिया (पीएम श्री) के लिए देशभर से करीब 9,000 स्कूलों का चयन किया है।  

Open in App
ठळक मुद्दे केंद्रीय विद्यालयों और नवोदय विद्यालयों समेत 2.5 लाख से अधिक सरकारी स्कूलों में से इन स्कूलों को चुना गया है।स्कूलों का मूल्यांकन छह व्यापक मापदंडों के आधार पर किया गया। अखिल भारतीय शिक्षा समागम का हिस्सा बनना मेरे लिए भी एक महत्वपूर्ण अवसर है।

PM Shree Yojana: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'पीएम श्री योजना' के तहत स्कूलों के लिए धनराशि की पहली किस्त जारी की। 630 करोड़ की धनराशि जारी की गई है। इस योजना के तहत 14500 स्कूलों को आधुनिक व बेहतर बनाया जाएगा। शिक्षा मंत्रालय ने अपनी महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री स्कूल फॉर राइजिंग इंडिया (पीएम श्री) के लिए देशभर से करीब 9,000 स्कूलों का चयन किया है।

पीएम श्री का दर्जा पाने के लिए आवेदन के योग्य पाए गए केंद्रीय विद्यालयों और नवोदय विद्यालयों समेत 2.5 लाख से अधिक सरकारी स्कूलों में से इन स्कूलों को चुना गया है। इन स्कूलों का मूल्यांकन छह व्यापक मापदंडों के आधार पर किया गया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि शिक्षा ही है जो देश का भाग्य बदलने की ताकत रखती है। देश जिस लक्ष्य को लेकर आगे बढ़ रहा है उसमें शिक्षा की अहम भूमिका है, आप इसके प्रतिनिधि हैं। अखिल भारतीय शिक्षा समागम का हिस्सा बनना मेरे लिए भी एक महत्वपूर्ण अवसर है।

NEP ने पारंपरिक ज्ञान प्रणाली से लेकर भविष्य की तकनीक तक को संतुलित तरीके से महत्व दिया है...रिसर्च इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए देश के शिक्षा जगत के सभी महानुभावों ने बहुत मेहनत की है...हमारे छात्र नई व्यवस्थाओं से भली-भांति परिचित हैं, वे जानते हैं कि 10+2 शिक्षा प्रणाली की जगह अब 5+3+3+4 लाई जा रही है।

क्या है PM-SHRI योजना? शिक्षा मंत्रालय के अनुसार यह योजना 14500 मौजूदा स्कूलों को कवर करेगी। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की प्रमुख विशेषताओं पुनर्विकास किया जाएगा। पीएम एसएचआरआई योजना शुरू करने की योजना पर सबसे पहले राज्यों के शिक्षा मंत्रियों के साथ चर्चा की गई थी। पीएम एसएचआरआई एनईपी प्रयोगशालाओं के रूप में कार्य करेगा।

PM-SHRI से स्कूलों और छात्रों को क्या लाभ होगा? प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि योजना के तहत जो संस्थान विकसित किए जाएंगे, वे 'मॉडल स्कूल' बनेंगे और एनईपी के सार को समझेंगे। पीएम के मुताबिक, राष्ट्रीय शिक्षा नीति ने पिछले कुछ वर्षों में शिक्षा क्षेत्र को बदल दिया है। स्कूल शिक्षा प्रदान करने के लिए आधुनिक, परिवर्तनकारी और समग्र दृष्टिकोण अपनाएंगे।

स्कूलों को ऑनलाइन पोर्टल पर स्वयं आवेदन करना होगा। इस योजना के पहले दो वर्षों के दौरान, पोर्टल को वर्ष में चार बार, यानी प्रत्येक तिमाही में एक बार खोला जाएगा। स्कूलों के चयन के लिये 60 मानक निर्धारित किये गए हैं, जिसमें पक्की इमारत, पेयजल सुविधा, लड़के-लड़कियों के लिये अलग अलग शौचालय, खेल का मैदान, दिव्यांग बच्चों के लिये सुविधाएं आदि शामिल हैं।

स्कूलों के दावों का सत्यापन राज्य/केंद्र शासित प्रदेश/केवीएस/जेएनवी करेंगे और स्कूलों की सूची मंत्रालय को सुझाएंगे। पायलट परियोजना के आधार पर पीएम-श्री स्कूलों में विद्या समीक्षा केंद्र की शुरुआत की जायेगी। इसके लिये एक पोर्टल बनाया जायेगा जिस पर हर स्कूल के हर छात्र के प्रदर्शन का ब्योरा होगा।

टॅग्स :नरेंद्र मोदीEducation Departmentधर्मेंद्र प्रधान
Open in App

संबंधित खबरें

भारतIST की जगह 'महाकाल मानक समय'? शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने गणना ढांचे पर पुनर्विचार का दिया प्रस्ताव

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

भारतकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ग्रीनविच मीन टाईम को महाकाल स्टेंडर्ड टाईम में बदलने पर दिया जोर

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारत अधिक खबरें

भारत'वे बंगाल को खत्म करना चाहते हैं': ममता बनर्जी ने BJP पर साधा निशाना, चुनावों से पहले किसानों के लिए अलग से बजट का वादा किया

भारतबिहार से दिल्ली तक की नई पारी, नीतीश कुमार 10 अप्रैल को लेंगे राज्यसभा सांसद की शपथ, पूरी डिटेल यहां

भारतये तो ट्रेलर है, पिक्चर अभी बाकी है..., राघव चड्ढा ने AAP के खिलाफ किया नया वीडियो जारी

भारतWest Asia Conflict: युद्धग्रस्त ईरान में फंसे 345 भारतीय, आर्मेनिया के रास्ते वतन लौटे; भारत की कूटनीतिक जीत

भारतKotma Building Collapses: 4 मंजिला इमारत हुई जमींदोज, 2 लोगों की मलबे में दबकर मौत; कई अब भी फंसे