लाइव न्यूज़ :

Supreme Court: कोटा के अंदर कोटा!, क्रीमी लेयर को लेकर सर्वोच्च न्यायालय का फैसला, तेजस्वी यादव ने विरोध किया, आज भी दलितों के साथ नहीं हो रहा न्याय

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: August 2, 2024 15:51 IST

Supreme Court: भाजपा और जदयू आरक्षण विरोधी है। आरक्षण को 9वीं अनुसूची में शामिल करने की मांग करते हुए तेजस्वी ने कहा कि भाजपा नेताओं ने बिहार में आरक्षण को बढ़ने से रोकने का काम किया है।

Open in App
ठळक मुद्देजिस वक्त राज्य में महागठबंधन की सरकार थी।सीमा 65 फीसदी तक की गई। आरक्षण के दायरे को बढ़ाया गया।

Supreme Court: अनुसूचित जाति एवं जनजाति आरक्षण के वर्गीकरण और उसमें क्रीमी लेयर को लेकर सर्वोच्च न्यायालय का फैसला आने के बाद बिहार में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने विरोध किया है। उन्होंने कहा कि आज भी दलितों के साथ न्याय नहीं हो रहा है। छुआछूत जैसी महामारी को बांटने के लिए यह कानून बनाया गया है। तेजस्वी ने कहा कि दलित आदिवासी में क्रीमी लेयर का मामला हो ही नहीं सकता है। इसके साथ ही उन्होंने एनडीए की सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जिस वक्त राज्य में महागठबंधन की सरकार थी।

उस वक्त आरक्षण के दायरे को बढ़ाया गया और इसकी सीमा 65 फीसदी तक की गई। पटना स्थित राजद कार्यालय में शुक्रवार को एक पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा और जदयू आरक्षण विरोधी है। आरक्षण को 9वीं अनुसूची में शामिल करने की मांग करते हुए तेजस्वी ने कहा कि भाजपा नेताओं ने बिहार में आरक्षण को बढ़ने से रोकने का काम किया है।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार अध्यादेश लाकर इसकी बाधाओं को दूर करे। आरक्षण के मामले में भाजपा के लोग सिर्फ झूठ बोलना जानते हैं। तेजस्वी यादव ने कहा कि राज्यसभा में सांसद मनोज झा ने आरक्षण को 9वीं अनुसूची में डालने को लेकर प्रश्न पूछा था, लेकिन भाजपा की ओर से कोई जवाब नहीं दिया गया।

उन्होंने कहा कि महागठबंधन की सरकार ने देश में पहली बार किसी राज्य में जाति आधारित गणना करवाई और 65 फीसदी आरक्षण व्यवस्था लागू की, लेकिन भाजपा के लोग अपने आदमियों से कोर्ट में खड़ा कराकर इसे रोकने करने का प्रयास किया। तेजस्वी यादव ने कहा कि तमिलनाडु की तर्ज पर इसे भी 9वीं अनुसूची में शामिल किया जाए ताकि इसके साथ कोई छेड़छाड़ ना कर सके।

उन्होंने कहा कि केंद्र में नीतीश कुमार ताकतवर हैं और भी साथ थे तभी आरक्षण का दायरा बढ़ा था। ऐसे में उनको भाजपा पर दवाब बनाना चाहिए और बात नहीं मानी जाती है तो साथ छोड़ देना चाहिए। तेजस्वी यादव ने कहा कि केंद्र सरकार अध्यादेश लाकर इसके विसंगतियों को दूर करे।

उन्होंने कहा कि चाहे नीतीश हों या जदयू सबके मुंह में दही जमा है। पिछड़े, अति पिछड़े, एससी-एसटी के हित में ये काम ही नहीं करना चाहते। तेजस्वी ने कहा कि वे इस मसले पर मौन नहीं रहेंगे। आरक्षण संशोधन को संविधान की नौवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए सर्वोच्च न्यायालय में कंपटीशन दायर करेंगे। 

टॅग्स :तेजस्वी यादवसुप्रीम कोर्टजेडीयूBJPOBC
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारकेरलम विधानसभा चुनावः वृद्ध आबादी 16.5 प्रतिशत?, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा सबसे बड़े चुनावी मुद्दे?, देखिए किस दल ने क्या दिया तोहफा?

भारतराघव चड्ढा पर आतिशी का बड़ा आरोप, 'BJP से डरते हैं, अगला कदम क्या होगा?'

ज़रा हटकेVIDEO: असम में योगी का बड़ा बयान, 'घुसपैठियों को बाहर करना ही होगा'

भारतTamil Nadu Polls: बीजेपी कैंडिडेट्स की लिस्ट में अन्नामलाई का नाम नहीं, 'सिंघम' किए गए साइडलाइन या नई जिम्मेदारी की तैयारी

भारतमुख्यमंत्री नीतीश को जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा को लेकर सियासत, तेजस्वी ने कहा- ‘असम्‍मान जनक विदाई’, नीरज कुमार बोले- लालू जी की तरह परिवार को सीएम नहीं बनाएंगे?

भारत अधिक खबरें

भारतLPG Cylinder Update: सिलेंडर के लिए अब लंबी वेटिंग खत्म! दिल्ली में बस ID कार्ड दिखाओ और 5KG सिलेंडर पाओ

भारतबाबा विश्वनाथ और ‘काशी कोतवाल’ काल भैरव में दर्शन-पूजन, सीएम योगी आदित्यनाथ पहुंचे मंदिर, वीडियो

भारतपश्चिम बंगाल चुनावः 4660 अतिरिक्त मतदान केंद्र?, कुल संख्या 85379 और 23 और 29 अप्रैल को 2 चरणों में पड़ेंगे वोट

भारतTamil Nadu Election 2026: क्या CBSE का नया सिलेबस भाषा विवाद की जड़? सीएम स्टालिन ने कहा- "भाषा थोपने का सुनियोजित प्रयास"

भारतFire Accident: ONGC मुंबई हाई प्लेटफॉर्म पर भीषण आग, 10 लोग घायल; राहत और बचाव कार्य जारी