लाइव न्यूज़ :

पीएम मोदी के आह्वान पर 9 मिनट घरों की बिजली बंद करने से ग्रिड पर कोई असर नहीं, सबकुछ सामान्य

By भाषा | Updated: April 5, 2020 22:31 IST

बिजली मंत्री आर के सिंह ने कहा, ‘‘बिजली आपूर्ति में कमी (रैंप ढाउन) और फिर बढ़ोतरी (रैंप अप) का काम बहुत सुचारु रूप से चला। उन्होंने (अधिकारियों) ने अच्छे तरीके से इसका प्रबंध किया। मैं और मेरे साथ वरिष्ठ अधिकारी...बिजली सचिव और पोस्को सीएमडी...नेश्नल मॉनिटरिंग सेंटर से व्यक्तिगत रूप से स्थिति पर नजर रखे हुए थे...।''

Open in App
ठळक मुद्देप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील पर रविवार को रात नौ बजे से नै मिनट के लिये देश भर में घरों के बल्ब और ट्यूबलाइट बंद होने से बिजली ग्रिड पर कोई असर नहीं पड़ा। सरकार और बिजली कंपनियों के मांग में अचानक से कमी और फिर बढ़ोतरी की स्थिति से निपटने के लिये तैयार की गयी विस्तृत कार्य योजना से कोई समस्या उत्पन्न नहीं हुई।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील पर रविवार को रात नौ बजे से नै मिनट के लिये देश भर में घरों के बल्ब और ट्यूबलाइट बंद होने से बिजली ग्रिड पर कोई असर नहीं पड़ा। सरकार और बिजली कंपनियों के मांग में अचानक से कमी और फिर बढ़ोतरी की स्थिति से निपटने के लिये तैयार की गयी विस्तृत कार्य योजना से कोई समस्या उत्पन्न नहीं हुई।

प्रधानमंत्री ने शुक्रवार को कोरोना वायरस के खिलाफ अभियान के तहत देश के नाम अपने संदेश में ‘अंधकार को चुनौती’ के रूप मे रविवार को रात नौ बजे नौ मिनट तक बिजली बंद करने और दीया, टार्च या मोबाइल से रोशनी करने की अपील की थी।

बिजली मंत्री आर के सिंह ने पीटीआई भाष से कहा, ‘‘बिजली आपूर्ति में कमी (रैंप ढाउन) और फिर बढ़ोतरी (रैंप अप) का काम बहुत सुचारु रूप से चला। उन्होंने (अधिकारियों) ने अच्छे तरीके से इसका प्रबंध किया। मैं और मेरे साथ वरिष्ठ अधिकारी...बिजली सचिव और पोस्को सीएमडी...नेश्नल मॉनिटरिंग सेंटर से व्यक्तिगत रूप से स्थिति पर नजर रखे हुए थे। मैं एनएलडीसी (नेश्नल लोड डिस्पैच सेंटर), आरएलडीसी (रिजनल लोड डिस्पैच सेंटर) और एसएलडीसी (स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर) के सभी इंजीनियरों को स्थिति से बखूबी निपटने को लेकर बधाई देता हूं...।’’

मंत्री के अनुसार करीब चार-पांच मिनट के दौरान बिजली खपत 1,17,000 मेगावाट से कम होकर 85,300 मेगावाट रही। यह संभावित 12,0000 मेगावाट की कमी से कहीं अधिक थी। मंत्रालय के अनुसार लाइट बंद होने के बाद मांग में कमी के पश्चात 110 मेगावाट की बढ़ोतरी (रैंप अप) सुचारू रही। कहीं से भी बिजली में गड़बड़ी या बंद होने की घटना नहीं हुई। उन्होंने बिजली उत्पादन कंपनियों एनटीपीसी और एनएचपीसी की सराहना की।

सिंह ने कहा कि पनबिजली क्षेत्र से अच्छा योगदान मिला। ऐसी आशंका जतायी गयी थी कि प्रधानमंत्री की अपील पर रात नौ बजे से नौ मिनट तक घरों में बल्ब, ट्यूबलाइट बंद होने से बिजल ग्रिड पर प्रतिकूल असर पड़ेगा और बिजली व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। हालांकि मंत्रालय ने साफ तौर पर कहा कि था कि देश की ग्रिड व्यवस्था मजबूत है और इस प्रकार की आशंकाएं निराधार हैं।

टॅग्स :कोरोना वायरससीओवीआईडी-19 इंडियामोदी सरकारनरेंद्र मोदीइंडियालोकमत हिंदी समाचार
Open in App

संबंधित खबरें

भारतWest Asia Conflict: युद्धग्रस्त ईरान में फंसे 345 भारतीय, आर्मेनिया के रास्ते वतन लौटे; भारत की कूटनीतिक जीत

भारतPAN Card Update: घर बैठे सुधारें पैन कार्ड में मोबाइल नंबर या नाम, बस 5 मिनट में होगा पूरा काम; देखें प्रोसेस

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

भारतTamil Nadu Election 2026: क्या CBSE का नया सिलेबस भाषा विवाद की जड़? सीएम स्टालिन ने कहा- "भाषा थोपने का सुनियोजित प्रयास"

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

भारत अधिक खबरें

भारतKotma Building Collapses: 4 मंजिला इमारत हुई जमींदोज, 2 लोगों की मलबे में दबकर मौत; कई अब भी फंसे

भारतगोदाम में भर रहे थे नाइट्रोजन गैस?, विस्फोट में 4 की मौत और 2 घायल

भारत'Three Allegations, Zero Truth': आम आदमी पार्टी द्वारा राज्यसभा की भूमिका से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा का जवाब

भारतMadhya Pradesh: अनूपपुर ज़िले में चार-मंज़िला होटल गिरने से मलबे में कई लोगों के फँसे होने की आशंका, एक की मौत

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण