लाइव न्यूज़ :

नयी सरकार को विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पर अधिक ध्यान देने की जरूरत है: जी माधवन नायर

By भाषा | Updated: May 29, 2019 17:57 IST

इसरो के पूर्व अध्यक्ष जी माधवन नायर के अनुसार सरकार को कृषि और चिकित्सकीय अनुसंधान और परमाणु कार्यक्रम जैसे क्षेत्रों में कई राष्ट्रीय टीमें बनानी होंगी। उन्होंने कहा कि अनुसंधान एवं विकास से संबंधित संगठनों को साथ मिलकर काम कराने की जरूरत है।

Open in App

जाने माने वैज्ञानिक एवं भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के पूर्व अध्यक्ष जी माधवन नायर ने बुधवार को कहा कि केंद्र की नयी सरकार को विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पर अधिक ध्यान देने की जरूरत है। नायर ने साथ ही अनुसंधान एवं विकास कार्यक्रमों की दिशा में कुशल एवं केंद्रित दृष्टिकोण लिए भारतीय विज्ञान परिषद के गठन पर जोर दिया।

नायर ने कहा कि रक्षा, परमाणु ऊर्जा, कृषि और चिकित्सा के क्षेत्रों में अनुसंधान गतिविधियों की एक महत्वपूर्ण समीक्षा करने की जरुरत है। उन्होंने कहा, ‘‘आज कुछ दिख रहा है..वह इसरो कार्यक्रमों से है। क्यों अन्य सभी क्षेत्र चुप हैं? महत्वपूर्ण समीक्षा की जरुरत है, विशेष तौर पर रक्षा अनुसंधान, परमाणु ऊर्जा, कृषि और चिकित्सकीय अनुसंधान में।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ये क्षेत्र देश के लिए अत्यंत प्रासंगिक हैं। व्यावहारिक रूप से यदि परिणाम नहीं दिखते तो इसका मतलब है कि उस तरह का काम नहीं हो रहा है।’’ इसरो इसलिए सफल है क्योंकि वह एक मिशन मोड दृष्टिकोण पर काम करता है।

नायर के अनुसार सरकार को कृषि और चिकित्सकीय अनुसंधान और परमाणु कार्यक्रम जैसे क्षेत्रों में कई राष्ट्रीय टीमें बनानी होंगी। उन्होंने कहा कि अनुसंधान एवं विकास से संबंधित संगठनों को साथ मिलकर काम कराने की जरुरत है। उन्होंने कहा कि स्वदेशी प्रौद्योगिकियों के विकास पर जोर देने की जरुरत है।

उन्होंने कहा कि अनुसंधान गतिविधियों पर कोई जोर नहीं है और उनके लिए वित्तपोषण ‘‘बिखरे हुए तरीके’’ से वितरित होता है। नायर ने नयी सरकार द्वारा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में क्या करने की जरुरत है, इस बारे में अपने विचार साझा करते हुए पीटीआई से कहा, ‘‘भारत को राष्ट्रीय मिशन की पहचान करने की जरुरत है।’’

उन्होंने कहा कि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी प्रबंधन प्रशासन का कोई शीर्ष निकाय नहीं है जो क्षेत्र में सरकार की ओर से सभी निर्णय करे। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद की शुरुआत करने की जरुरत है। उन्होंने कहा कि भारत में अनुसंधान एवं विकास परियोजनाओं की मंजूरी में लंबा समय लगता है। 

Open in App

संबंधित खबरें

भारतFire Accident: ONGC मुंबई हाई प्लेटफॉर्म पर भीषण आग, 10 लोग घायल; राहत और बचाव कार्य जारी

क्राइम अलर्टAndhra Pradesh: सरकारी महिला कर्मचारी से दरिंदगी की हदें पार, चाकू की नोक पर लूटी अस्मत, गुप्तांगों में डाली लोहे की रॉड

कारोबारPetrol, Diesel Price Today: कहीं महंगा तो कहीं स्थिर; OMC ने दी 4 अप्रैल के पेट्रोल-डीजल रेट की अपडेट, पूरी लिस्ट यहां

भारतElection 2026: केरल में चुनावी हिंसा! शशि थरूर के काफिले पर हमला, गनमैन को भी पीटा, 5 धरे गए

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

भारत अधिक खबरें

भारतवाराणसी का रोम-रोम हुआ रोमांचित, दर्शकों ने देखा कैसा था सम्राट विक्रमादित्य का सुशासन, देखें Photos

भारतराष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टीः उत्तरार्द्ध में उत्तराधिकार के लिए संघर्ष

भारतदिल्ली और उत्तरी भारत के कुछ हिस्सों में महसूस हुए भूकंप के झटके, अफगानिस्तान में आया भूकंप

भारतकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ग्रीनविच मीन टाईम को महाकाल स्टेंडर्ड टाईम में बदलने पर दिया जोर

भारतदलित समुदाय के 22 फीसदी वोट पर जमीन अखिलेश की निगाह , 14 अप्रैल पर अंबेडकर जयंती पर गांव-गांव में करेगी कार्यक्रम