लाइव न्यूज़ :

लोकसभा चुनावः क्या दस दिन में किसान कर्जमाफी जैसा असर दिखा पाएगी राहुल गांधी की न्याय योजना?

By प्रदीप द्विवेदी | Updated: May 5, 2019 18:03 IST

राहुल गांधी अपनी चुनावी सभाओं में न्याय योजना के बारे में विस्तार से बता रहे हैं, परन्तु यह किसान कर्जमाफी की तरह असर दिखा पाएगी या नहीं, यह तो चुनावी नतीजों में ही स्पष्ट हो पाएगा.

Open in App
ठळक मुद्देराहुल का कहना था कि- जैसे ही न्याय योजना शुरू होगी, वैसे ही पैसा गरीब के बैंक खाते में आएगाराहुल गांधी ने दावा किया कि पार्टी की प्रस्तावित महत्वाकांक्षी न्यूनतम आय गारंटी- न्याय योजना से देश की अर्थव्यवस्था तेज गति से बढ़ेगी

राजस्थान विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा था कि उनकी सरकार आई तो दस दिन में किसानों के कर्जे माफ किए जाएंगे,. इसका ऐसा असर हुआ कि राजस्थान ही नहीं, एमपी और छत्तीसगढ़, तीनों राज्यों से बीजेपी की विदाई हो गई.

इस बार कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने दावा किया कि पार्टी की प्रस्तावित महत्वाकांक्षी न्यूनतम आय गारंटी- न्याय योजना से देश की अर्थव्यवस्था तेज गति से बढ़ेगी और इससे लाखों युवाओं को रोजगार भी मिलना शुरू हो जाएगा. 

विभिन्न चुनावी सभाओं में राहुल गांधी का कहना था कि- जैसे ही हम न्याय योजना शुरू करेंगे, अर्थव्यवस्था चलना शुरू हो जाएगी. युवाओं को रोजगार मिलना शुरू हो जाएगा.

उनका कहना था कि- ‘न्याय’ योजना का फायदा केवल सबसे गरीब पांच करोड़ परिवारों को ही नहीं, बल्कि समूचे देश को होगा. पीएम मोदी के नोटबंदी और जीएसटी जैसे फैसलों ने देश की अर्थव्यवस्था को चोट पहुंचने के साथ-साथ बेरोजगारी बढ़ाने एवं लोगों की क्रय क्षमता घटाने का काम किया है. नोटबंदी एवं गब्बर सिंह टैक्स- जीएसटी जैसे कदमों से जो पैसा लोगों की जेब से निकाला गया है, मैं केन्द्र में कांग्रेस की सरकार आने के बाद 5 करोड़ गरीब लोगों के खाते में न्याय योजना के तहत 6,000 रुपये प्रति माह डालकर 25 करोड़ लोगों को सीधा फायदा पहुंचाना चाहता हूं, मतलब- 72,000 रुपये साल के, तीन लाख 60 हजार रुपये पांच साल के और ये पैसा महिलाओं के बैंक खातों में जाएगा. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार उस दिन तक यह पैसा डालेगी, जिस दिन तक उस व्यक्ति के परिवार की आमदानी 12,000 रूपये प्रति माह तक नहीं होगी.

राहुल का कहना था कि- जैसे ही न्याय योजना शुरू होगी, वैसे ही पैसा गरीब के बैंक खाते में आएगा, उसी दिन से वे पुनः कच्चा माल खरीदना शुरू करेंगे, जिससे दुकानें चलेंगी, फैक्ट्रियां शुरू होंगी, माल बनाएंगे और वहां युवाओं को रोजगार भी मिलने लगेगा. इस तरह न्याय योजना शुरू होते ही नोटबंदी एवं जीएसटी से देश की खराब हुई अर्थव्यवस्था पटरी पर आ जाएगी.

क्योंकि, पीएम मोदी सरकार के पुराने वादे ही अभी तक अधूरे हैं, लिहाजा पीएम मोदी अपने चुनावी भाषणों में गरीबों, किसानों, युवाओं के लिए न्याय जैसी किसी बड़ी योजना की घोषणा तो नहीं कर रहे हैं, लेकिन अपनी सरकार की इसी तरह की योजनाओं को बेहतर जरूर बता रहे हैं.

राहुल गांधी अपनी चुनावी सभाओं में न्याय योजना के बारे में विस्तार से बता रहे हैं, परन्तु यह किसान कर्जमाफी की तरह असर दिखा पाएगी या नहीं, यह तो चुनावी नतीजों में ही स्पष्ट हो पाएगा.

टॅग्स :लोकसभा चुनावराजस्थान लोकसभा चुनाव 2019भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)कांग्रेसनरेंद्र मोदीराहुल गांधी
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारवायनाड पुनर्वासः 200 से अधिक लोगों की मौत और 5.38 करोड़ रुपये खर्च?, कांग्रेस ने धनराशि का हिसाब किया सार्वजनिक

भारतअल्पसंख्यकों पर हमला करने वाले लोगों के साथ सीएम विजयन?, राहुल गांधी ने कहा- 140 में से 100 सीट जीतकर बनाएंगे सरकार?, भाजपा 0 पर आउट?

कारोबारकेरलम विधानसभा चुनावः वृद्ध आबादी 16.5 प्रतिशत?, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा सबसे बड़े चुनावी मुद्दे?, देखिए किस दल ने क्या दिया तोहफा?

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

ज़रा हटकेVIDEO: असम में योगी का बड़ा बयान, 'घुसपैठियों को बाहर करना ही होगा'

भारत अधिक खबरें

भारतगोदाम में भर रहे थे नाइट्रोजन गैस?, विस्फोट में 4 की मौत और 2 घायल

भारतPAN Card Update: घर बैठे सुधारें पैन कार्ड में मोबाइल नंबर या नाम, बस 5 मिनट में होगा पूरा काम; देखें प्रोसेस

भारत'Three Allegations, Zero Truth': आम आदमी पार्टी द्वारा राज्यसभा की भूमिका से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा का जवाब

भारतMadhya Pradesh: अनूपपुर ज़िले में चार-मंज़िला होटल गिरने से मलबे में कई लोगों के फँसे होने की आशंका, एक की मौत

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण