लाइव न्यूज़ :

चीन से जारी विवाद के बीच भारत ने शौर्य मिसाइल का किया सफल परीक्षण, 800 किलोमीटर दूर टारगेट पर करेगा वार, जानें इसके बारे में सबकुछ

By अनुराग आनंद | Updated: October 3, 2020 16:28 IST

शौर्य मिसाइल भारत के मौजूदा मिसाइल सिस्टम को मजबूत करेगा और संचालन में हल्का व आसान है।

Open in App
ठळक मुद्देइससे पहले भारत ने विस्तारित रेंज ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफलतापूर्वक परीक्षण किया है।ब्रह्मोस मिसाइल मूल रूप से 290 किलो मीटर तक की दूरी तक मार कर सकती थी। शौर्य मिसाइल 800 किलोमीटर दूर तक टारगेट को तबाह कर सकता है।

नई दिल्ली: एलएसी पर चीन व भारतीय सेना के बीच जारी तनाव के बीच भारत ने परमाणु संपन्न शौर्य मिसाइल का परीक्षण किया है। भारतीय वैज्ञानिकों ने इस मिसाइल का परीक्षण उड़ीसा के बालासोर में किया है। शनिवार को शौर्य मिसाइल के सफल परीक्षण के बाद सरकार की तरफ से इस बात की जानकारी दी गई है।  

दरअसल, पीएम नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत अभियान की घोषणा के बाद एक तरह से देखा जाए तो यह पहल डिफेंस रिसर्च एंड डिवेलपमेंट ऑर्गनाइजेशन (डीआरडीओ) स्ट्रैटिजिक मिसाइल के फील्ड में देश को पूर्ण रूप से आत्मनिर्मर बनाने का प्रयास है।

शौर्य मिसाइल की खासियत क्या है?

बता दें कि यह बैलेस्टिक मिसाइल परमाणु क्षमता से लैस है। यह मिसाइल 800 किलोमीटर दूर तक टारगेट को तबाह कर सकता है। यह मिसाइल मौजूदा मिसाइल सिस्टम को मजबूत करेगा और संचालन में हल्का व आसान है। भारत ने इस आधुनिक मिसाइल का परीक्षण ऐसे समय पर किया है जब एलएसी पर चीन के साथ तनाव चरम पर है।

मौजूदा मिसाइलों के मुकाबले यह हल्का है और इस्तेमाल भी आसान है। सूत्रों ने यह भी बताया कि टारगेट की ओर बढ़ते हुए अमितम चरण में यह हाइपरसोनिक स्पीड हासिल कर लेता है।

इससे पहले भारत ने किया ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफल परीक्षण-

बता दें कि इससे पहले लद्दाख में चीन सीमा पर जारी तनाव के बीच भारत को बड़ी सफलता हाथ लग चुकी है। दरअसल, भारत ने विस्तारित रेंज ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफलतापूर्वक परीक्षण किया है, जोकि 400 किलो मीटर से अधिक दूरी पर लक्ष्य को मार सकती है। रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के PJ-10 परियोजना के तहत यह परीक्षण किया गया। इस मिसाइल को स्वदेशी बूस्टर के साथ लॉन्च किया गया।

समाचार एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, विस्तारित रेंज ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल को ओडिशा के बालासोर के तट परीक्षण किया गया। यह मिसाइल 400 किलोमीटर से अधिक की दूरी पर लक्ष्य को मार सकती है। 

आपको  बता दें कि इससे पहले ब्रह्मोस मिसाइल मूल रूप से 290 किलो मीटर तक की दूरी तक मार कर सकती थी। इस मिसाइल को भारत और रूस ने मिलकर बनाया है। यह सुपरसॉनिक मिसाइल अत्याधुनिक तकनीक से लैस है।  

टॅग्स :मिसाइलडीआरडीओओड़िसाबालासोरेचीनलद्दाख
Open in App

संबंधित खबरें

विश्वअमेरिका-इजरायल के वार बेअसर? हमलों के बावजूद ईरान की मिसाइल क्षमता बरकरार: रिपोर्ट

भारतबीजू पटनायक के खिलाफ ‘अपमानजनक’ टिप्पणी?, नवीन पटनायक ने कहा- ‘मनोचिकित्सक’ से जांच कराएं सांसद निशिकांत दुबे

कारोबारअमेरिका-इजराइल ईरान युद्ध के बीच रूस का खामोश खेल

विश्वक्या जख्म पर मरहम लगाएंगे बालेन शाह?

कारोबारतेज आर्थिक विकास के साथ उन्नत परमाणु हथियारों से सुसज्जित मजबूत सैन्य शक्ति बनने की आवश्यकता

भारत अधिक खबरें

भारतराघव चड्ढा पर आतिशी का बड़ा आरोप, 'BJP से डरते हैं, अगला कदम क्या होगा?'

भारतउत्तर प्रदेश उपचुनाव 2026ः घोसी, फरीदपुर और दुद्धी विधानसभा सीट पर पड़ेंगे वोट?, 2027 विस चुनाव से पहले सेमीफाइनल, सीएम योगी-अखिलेश यादव में टक्कर?

भारतTamil Nadu Polls: बीजेपी कैंडिडेट्स की लिस्ट में अन्नामलाई का नाम नहीं, 'सिंघम' किए गए साइडलाइन या नई जिम्मेदारी की तैयारी

भारतमुख्यमंत्री नीतीश को जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा को लेकर सियासत, तेजस्वी ने कहा- ‘असम्‍मान जनक विदाई’, नीरज कुमार बोले- लालू जी की तरह परिवार को सीएम नहीं बनाएंगे?

भारतक्या राघव चड्ढा किसी अन्य दल से जुड़े हुए हैं, पंजाब सीएम मान ने कहा-हां, समोसा और जहाज किराया पर बोल रहे थे और पंजाब मुद्दे पर नहीं, वीडियो