लाइव न्यूज़ :

HNLC unlawful association: 5 साल के लिए गैरकानूनी संगठन घोषित?, मेघालय स्थित उग्रवादी संगठन एचएनएलसी पर एक्शन

By सतीश कुमार सिंह | Updated: November 14, 2024 16:48 IST

HNLC unlawful association: केंद्र सरकार ने बृहस्पतिवार को मेघालय स्थित विद्रोही समूह हाइनीवट्रेप नेशनल लिबरेशन काउंसिल (एचएनएलसी) को हिंसक घटनाओं में शामिल होने और भारत की संप्रभुता व अखंडता के लिए हानिकारक गतिविधियों को अंजाम देने के वास्ते पांच साल के लिए प्रतिबंधित संगठन घोषित किया।

Open in App
ठळक मुद्देभारत की संप्रभुता और अखंडता के लिए "नुकसानदेह" हैं।गैरकानूनी गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए उठाया गया। गुटों, विंगों और प्रमुख संगठनों पर शिकंजा कस दिया है। 

HNLC unlawful association: केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला किया है। गृह मंत्रालय ने गुरुवार को मेघालय स्थित हाइनीवट्रेप नेशनल लिबरेशन काउंसिल (एचएनएलसी) को प्रतिबंधित संगठन घोषित किया है और 5 साल के लिए गैरकानूनी संगठन घोषित किया है। उसके सभी गुटों, विंगों और प्रमुख संगठनों पर शिकंजा कस दिया है। 16 नवंबर, 2024 से पांच साल के लिए गैरकानूनी संघ घोषित कर दिया। यह कदम एचएनएलसी द्वारा अतीत में की गई गैरकानूनी गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए उठाया गया। ऐसी गतिविधियों में शामिल है, जो भारत की संप्रभुता और अखंडता के लिए "नुकसानदेह" हैं।

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक अधिसूचना में कहा कि केंद्र सरकार की राय है कि एचएनएलसी ने मेघालय के उन क्षेत्रों को अलग करने का लक्ष्य घोषित किया है, जिनमें मुख्य रूप से खासी और जैंतिया जनजातियां निवास करती हैं, तथा उसने अपने संगठन के वास्ते धन उगाही करने के लिए नागरिकों को डराना-धमकाना जारी रखा है।

इसमें कहा गया है कि यह समूह जबरन वसूली और धमकी देने के लिए पूर्वोत्तर क्षेत्र के अन्य विद्रोही समूहों के साथ भी संबंध बनाए हुए है और नवंबर 2019 से जून 2024 की अवधि के दौरान मेघालय में विस्फोट करने या विस्फोटक लगाने के कई मामलों सहित 48 आपराधिक मामलों में शामिल रहा है।

अधिसूचना में कहा गया, “एचएनएलसी अपने सभी गुटों, शाखाओं और मेघालय के सहयोगी संगठनों के साथ ऐसी गतिविधियों में शामिल रहा है जो भारत की संप्रभुता और अखंडता के लिए हानिकारक हैं।” अधिसूचना में कहा गया है कि इन सभी तथ्यों पर विचार करते हुए गृह मंत्रालय ने एचएनएलसी को गैरकानूनी गतिविधियां (निवारण) अधिनियम, 1967 (1967 का 37) के तहत पांच साल के लिए गैरकानूनी घोषित करने का फैसला किया है।

केंद्र ने मणिपुर के हिंसा प्रभावित जिरीबाम सहित छह पुलिस थाना क्षेत्रों में सशस्त्र बल (विशेष शक्तियां) अधिनियम (अफस्पा) को पुनः लागू कर दिया है, जिसके तहत सुरक्षा बलों की सहूलियत के लिए किसी क्षेत्र को “अशांत” घोषित किया जाता है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक अधिसूचना में कहा कि यह निर्णय वहां जारी जातीय हिंसा के कारण लगातार अस्थिर स्थिति को देखते हुए लिया गया है।

जिन पुलिस थाना क्षेत्रों में अफस्पा को फिर से लागू किया गया है, वे हैं इंफाल पश्चिम जिले में सेकमाई और लमसांग, इंफाल पूर्वी जिले में लमलाई, जिरीबाम जिले में जिरीबाम, कांगपोकपी में लीमाखोंग और बिष्णुपुर में मोइरांग। यह ताजा आदेश मणिपुर सरकार द्वारा एक अक्टूबर को इन छह पुलिस थानों समेत 19 थाना क्षेत्रों को छोड़कर पूरे राज्य में अफस्पा लागू करने के बाद आया है।

मणिपुर सरकार के एक अक्टूबर के अफस्पा लगाने के आदेश से बाहर रहे पुलिस थानों में इंफाल, लाम्फाल, सिटी, सिंगजामेई, सेकमाई, लैमसांग, पाटसोई, वांगोई, पोरोम्पैट, हेइनगांग, लामलाई, इरिलबंग, लीमाखोंग, थौबल, बिष्णुपुर, नामबोल, मोइरंग, काकचिंग और जिरीबाम शामिल थे।

मणिपुर के जिरीबाम जिले में सोमवार को छद्म वर्दीधारी और अत्याधुनिक हथियारों से लैस उग्रवादियों द्वारा एक पुलिस थाने और निकटवर्ती सीआरपीएफ शिविर पर अंधाधुंध गोलीबारी की गयी। इसके बाद सुरक्षा बलों के साथ भीषण मुठभेड़ में ग्यारह संदिग्ध उग्रवादी मारे गए। एक दिन बाद, उसी जिले से सशस्त्र आतंकवादियों ने महिलाओं और बच्चों सहित छह नागरिकों का अपहरण कर लिया।

पिछले वर्ष मई से इंफाल घाटी स्थित मेइती और समीपवर्ती पहाड़ियों पर स्थित कुकी-जो समूहों के बीच जातीय हिंसा में 200 से अधिक लोग मारे गए हैं और हजारों लोग बेघर हो गए हैं। जातीय रूप से विविधतापूर्ण जिरीबाम, जो इंफाल घाटी और आसपास की पहाड़ियों में हुए संघर्षों से काफी हद तक अछूता रहा है, इस साल जून में एक खेत में किसान का क्षत-विक्षत शव मिलने के बाद हिंसा का गवाह बना।

टॅग्स :नरेंद्र मोदीमेघालयअमित शाह
Open in App

संबंधित खबरें

विश्व'कोई समझौता नहीं, कोई दोहरा मापदंड नहीं': भारत-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन में पीएम मोदी ने खींची आतंकवाद पर रेखा

विश्वप्रेस फ्रीडम पर पीएम मोदी के ‘सवाल टालने’ पर नॉर्वेजियन पत्रकारों के साथ MEA की तीखी बहस, विदेश मंत्रालय के सचिव (पश्चिम) कहा- "बताता हूँ भारत क्या है" | WATCH

ज़रा हटकेहेमा मालिनी ई-ऑटो से पहुंचीं मीटिंग में, हूटर बजाते हुए निकला ऑटो, वीडियो वायरल

विश्वनीदरलैंड पीएम रॉब जेटन दुनिया में सबसे ज्यादा आबादी वाले देश भारत को क्यों ज्ञान दे रहे हैं?

भारत'भारत अब नक्सल-मुक्त है': अमित शाह ने छत्तीसगढ़ में उग्रवाद के खात्मे की घोषणा की

भारत अधिक खबरें

भारत"सरकार हर आयोजन को सड़क पर करा रही है": सड़कों पर नमाज को लेकर सीएम योगी पर अखिलेश का पलटवार

भारतUjjain: श्री महाकाल मंदिर सभा मंडप में सफाई कर्मी महिला को कुत्ते ने काटा

भारत'चंद दिनों के बलात्कार और दुष्कर्म के चंद आंकड़े दे रहा हूँ': नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आंकड़े जारी कर सम्राट सरकार पर बोला तीखा हमला

भारतविकास प्रक्र‍िया में जनजातीय समाज को शामिल करने प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बनाई नीतियां: मंत्री डॉ. शाह

भारतक्या बीजेपी में शामिल होंगे रेवंत रेड्डी? तेलंगाना सीएम को लेकर निज़ामाबाद के सांसद धर्मपुरी के बयान ने मचाई सनसनीखेज