लाइव न्यूज़ :

फारूक अब्दुल्ला ने कहा, 'कश्मीर से आतंकवाद को खत्म करने के लिए सरकार कश्मीरियों से दिल का रिश्ता कायम करे'

By आशीष कुमार पाण्डेय | Updated: July 13, 2022 21:31 IST

जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि कश्मीर में अमन के शांतिवार्ता की कोशिशें लगातार जारी रहनी चाहिए और अगर जरूर पड़े तो उसके लिए पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान से भी बात करनी चाहिए।

Open in App
ठळक मुद्देसरकार अगर वाकई घाटी में अमन चाहती है तो वो आवाम के लिए मोहब्बत का पैगाम भेजे कश्मीर को आतंकवाद से मुक्त कराने के लिए अगर जरूर पड़े तो पाकिस्तान से भी बात करनी चाहिएजब तक कश्मीर मुद्दे का समाधान नहीं होता घाटी में लोग ऐसे ही मरते रहेंगे

श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉफ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने कश्मीर के मौजूदा हालात पर बात करते हुए कहा कि घाटी में आतंकवाद तब तक खत्म नहीं होगा जब तक कि सरकार घाटी में रहने वाली आवाम से दिलों का रिश्ता नहीं कायम करती है। अगर सरकार वाकई अमन के लिए संजीदा है तो उसे उन लोगों के लिए मोहब्बत का पैगाम भेजना चाहिए, जो आज भी घाटी में खुद को महफूज नहीं रख पा रहे हैं।

अब्दुल्ला ने कहा कि शांति की कोशिशें मुसलसल जारी रहें और अगर जरूर पड़े तो उसके लिए पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान से भी बात करनी चाहिए। आतंक के खात्मे के लिए जो बने पड़े वो करना ही चाहिए।

सूबे के पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला ने मंगलवार को कश्मीर में आतंकियों के हाथों मारे गये एक पुलिस अधिकारी के प्रति शोक व्यक्त करते हुए कहा कि जब तक कश्मीर मुद्दे का समाधान नहीं हो जाता, तब तक लोग ऐसे ही मरते रहेंगे।

अब्दुल्ला ने कहा, "उग्रवाद का कारवां यूं ही नहीं खत्म होगा। उनके (बीजेपी) मंत्री और नेता दिल्ली में बैठकर बयान जारी करते हैं कि यह समाप्त हो गया लेकिन मैं उन्हें बताना चाहता हूं कि यह तब तक खत्म नहीं होगा जब तक तक आप कश्मीर के लोगों का दिल जीतने की कोशिश नहीं करेंगे और हमारे पड़ोसी देश से बात करके इसका समाधान नहीं तलाशेंगे।'

श्रीनगर से लोकसभा सांसद फारूक अब्दुल्ला ने लाल बाजार इलाके में सहायक पुलिस उप निरीक्षक मुश्ताक अहमद की हत्या करते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण घटना बताया। उन्होंने कहा कि हम नहीं जानते कि कौन हत्यारा है। हम सभी इसकी कड़े शब्दों में निंदा करते हैं और दुख की इस घड़ी में परिवार के लिए प्राथर्ना करते हैं और नेशनल कॉफ्रेंस जम्मू-कश्मीर के हुक्मरान से मारे गए पुलिसकर्मी के परिवार को मुआवजा देने की मांग करती है।

घोर आर्थिक संकट में फंसे श्रीलंका के राजनैतिक घटनाक्रम और मौजूदा भारत के विषय में पूछे गये सवाल के जवाब में पूर्व केंद्रीय मंत्री फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि भारत में भी कुछ भी हो सकता है। अब्दुल्ला ने कहा मेरी तो दुआ है उपर वाले से कि वो हमें बचाएं। हम प्रार्थना करते हैं कि श्रीलंका जैसी स्थिति का हमें न सामना करना पड़े। हम श्रीलंका के लोगों के लिए भी दुआ करते है कि उपर वाला उन्हें भी इस मुश्किल भरे दौर से बाहर निकालने में मदद करे। (समाचार एजेंसी पीटीआई के इनपुट के साथ)

टॅग्स :फारुख अब्दुल्लाजम्मू कश्मीरआतंकवादीपाकिस्ताननेशनल कॉन्फ्रेंस
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारदर्द कोई समझे, रील्स से बर्बादी तक?, कैसे पर्यटक और कंटेंट क्रिएटर्स पंपोर सरसों खेतों को पहुंचा रहे हैं नुकसान?

कारोबारईरान में फिर से फंसे सैकड़ों कश्मीरी छात्र?, 7 दिन के लिए बंद अजरबैजान सीमा

ज़रा हटकेपाकिस्तान की 80% आबादी समलैंगिक और 20% उभयलिंगी?, ट्रांसजेंडर कार्यकर्ता हिना बलोच का बयान, वायरल वीडियो

कारोबारपाकिस्तान में पेट्रोल की कीमत 458.40, केरोसिन दाम 457.80 और डीजल की कीमत 520.35 रुपये प्रति लीटर?

भारतगंदरबल एनकाउंटर: 7 दिन में रिपोर्ट पेश करो?, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने एक्स पर लिखा

भारत अधिक खबरें

भारतदिल्ली और उत्तरी भारत के कुछ हिस्सों में महसूस हुए भूकंप के झटके, अफगानिस्तान में आया भूकंप

भारतकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ग्रीनविच मीन टाईम को महाकाल स्टेंडर्ड टाईम में बदलने पर दिया जोर

भारतदलित समुदाय के 22 फीसदी वोट पर जमीन अखिलेश की निगाह , 14 अप्रैल पर अंबेडकर जयंती पर गांव-गांव में करेगी कार्यक्रम

भारतराघव चड्ढा पर आतिशी का बड़ा आरोप, 'BJP से डरते हैं, अगला कदम क्या होगा?'

भारतउत्तर प्रदेश उपचुनाव 2026ः घोसी, फरीदपुर और दुद्धी विधानसभा सीट पर पड़ेंगे वोट?, 2027 विस चुनाव से पहले सेमीफाइनल, सीएम योगी-अखिलेश यादव में टक्कर?