लाइव न्यूज़ :

सत्तारूढ़ दल जदयू में नहीं है सबकुछ ’ऑल इज वेल’, राज्यसभा उपसभापति हरिवंश ने सीएम नीतीश कुमार से नहीं की मुलाकात, जानें

By एस पी सिन्हा | Updated: December 6, 2022 15:14 IST

बिहार दौरे पर आये राज्यसभा के उपसभापति और जदयू सांसद हरिवंश नारायण सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करना भी मुनासिब नहीं समझा।

Open in App
ठळक मुद्देमहागठबंधन के साथ जाने से हरिवंश नारायण सिंह काफी दुखी हैं।राज्यसभा में उपसभापति के पद से इस्तीफा नहीं दिया।हरिवंश जी और नीतीश कुमार के बीच दूरियां देखी जाने लगी हैं।

पटनाः बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा अपने दल जदयू में सबकुछ ’ऑल इज वेल’ होने का दावा किया जाता है, लेकिन अंदरूनी हालात इस बात की ओर इशारा कर रहे हैं कि दल के अंदर सबकुछ ’ऑल इज वेल’ नहीं है।

इसका अभी जीता जागता प्रमाण यह सामने आया है कि अभी दो दिन पहले ही बिहार दौरे पर आये राज्यसभा के उपसभापति और जदयू सांसद हरिवंश नारायण सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करना भी मुनासिब नहीं समझा। उल्लेखनीय है कि हरिवंश नारायण सिंह पटना आये थे। उनके पुस्तक का विमोचन पटना पुस्तक मेला में होना था।

इस दौरान उन्होंने कई लोगों से मुलाकात भी की। यही नहीं पुस्तक विमोचन के दौरान कई लोगों का जमावड़ा भी देखा गया, लेकिन इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की चर्चा कहीं दूर-दूर तक सुनाई नहीं दे रही थी। जबकि इसके पहले हरिवंश जी के हर कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की मौजूदगी निश्चित तौर पर हुआ करती थी।

दरअसल, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा एनडीए का साथ छोड़कर महागठबंधन के साथ जाने से हरिवंश नारायण सिंह काफी दुखी हैं। इसका इजहार भी उन्होंने कई मौकों पर कर चुके हैं। उनका कहना है कि नीतीश कुमार ने महागठबंधन के साथ जाने के निर्णय के बारे में न तो कभी उन्हें बताया और न ही कभी इसकी चर्चा उनसे की।

ऐसे में वह व्यक्तिगत तौर पर नीतीश कुमार के इस निर्णय से खुश नही हैं। शायद यही कारण है कि नीतीश कुमार के एनडीए का साथ छोड़ दिये जाने के बावजूद हरिवंश जी ने राज्यसभा में उपसभापति के पद से इस्तीफा नहीं दिया। जिसके चलते नीतीश कुमार उनसे नाराज बताये जा रहे हैं। इसतरह हरिवंश जी और नीतीश कुमार के बीच दूरियां देखी जाने लगी हैं।

जानकारों की माने तो हरिवंश जी का वैसा व्यक्तित्व है कि उन्होंने खुलकर नीतीश कुमार से विरोध जता दिया, लेकिन दल में और वैसे नेता नहीं हैं जो खुलकर नीतीश कुमार के मनमाना रवैया का विरोध कर सकें। लेकिन दबे जुबान जदयू के कई नेता नीतीश कुमार ने निर्णय नाराजगी जता रहे हैं। लेकिन उनमें उस साहस नहीं बन पा रहा है कि वे खुलकर सामने आ सकें।  

टॅग्स :हरिवंशनीतीश कुमारसंसदजेडीयूBJPआरजेडीपटनाबिहार
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टपटना परसा बाजारः 3 साल की बच्ची से यौन उत्पीड़न, रिश्तेदार सहित 2 आरोपी अरेस्ट, अस्पताल में भर्ती मासूम?

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

क्राइम अलर्टबिहार सिपाही भर्ती घोटालाः मुश्किल में पूर्व डीजीपी एसके सिंघल?, ईओयू ने किया जवाब तलब, गंभीर खामियां सामने

क्राइम अलर्टगर्लफ्रेंड शगुफ्ता शमीम के साथ-साथ नौकरानी भी करोड़ों की मालकिन, चलती है थार से?, बिहार में गैलेन्ट्री अवार्ड से सम्मानित डीएसपी गौतम कुमार ने किए कारनामे?

भारतघायल हूं इसलिए घातक हूं?, राघव ने एक्स पर किया पोस्ट, मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया गया झूठ भी सच लगने लगता, वीडियो

भारत अधिक खबरें

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए

भारत‘फ्यूचर सीएम ऑफ बिहार’?, निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाओ, जदयू कार्यकर्ताओं ने पटना में लगाए पोस्टर