लाइव न्यूज़ :

पाकिस्तानः मशहूर लेखिका फहमीदा रियाज़ का निधन, निर्वासन के वक्त भारत में गुज़ारे थे 6 साल

By आदित्य द्विवेदी | Updated: November 22, 2018 11:22 IST

Pakistani Writer Fahmida Riaz passes away at the age of 72: फहमीदा रियाज़ पिछले कुछ महीनों से बीमार थी। उन्होंने 21 नवंबर को 72 वर्ष की उम्र में आखिरी सांस ली। उर्दू साहित्य में शोक की लहर।

Open in App

मशहूर प्रगतिशील लेखिका फहमीदा रियाज़ का निधन हो गया। वो 72 वर्ष की थी और पिछले कुछ महीने से बीमार थीं। साहित्य जगत में नारीवादी योगदान के लिए उन्हें हमेशा याद किया जाएगा। वो मानवाधिकारों के लिए भी सक्रिय रहीं। उनके 15 से ज्यादा फिक्शन और कविता संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं। फहमीदा के निधन से उर्दू साहित्य जगत में शोक व्याप्त है।

फहमीदा रियाज़ की पहली साहित्यिक किताब 1967 में प्रकाशित हुई थी जिसका नाम 'पत्थर की जुबान' था। उनके अन्य कविता संग्रह में धूप, पूरा चांद, आदमी की ज़िंदगी इत्यादि शामिल हैं। उन्होंने कई उपन्यास भी लिखे जिनमें जिंदा बहर, गोदवरी और करांची प्रमुख हैं। उनकी कविताओं में क्रांति और बगावत की झलक मिलती है।

जब उनका दूसरा कविता संग्रह बदन दरीदा 1973 में प्रकाशित हुआ तो उनपर कविता में वासना और अश्लीलता के इस्तेमाल के आरोप लगे। उस वक्त तक ऐसे विषय महिला लेखिकाओं से लिए दूर की कौड़ी माने जाते थे। उन्होंने अनुवाद के जरिए भी उर्दू साहित्य को समृद्ध किया है। 

फहमीदा रियाज का जन्म मेरठ में जुलाई 1946 में एक साहित्यिक परिवार में हुआ था। उन्होंने जीवन भर सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।  जनरल जिया-उल-हक के शासन काल में वो 6 साल भारत में रही। 

1988 में पहली पीपीपी सरकार में फहमीदा को नेशनल बुक काउंसलि ऑफ पाकिस्तान की मैनेजिंग डायरेक्टर बनाया गया। बेनजीर भुट्टो के दूसरे कार्यकाल के दौरान वो संस्कृति मंत्रालय से भी जुड़ी रही। 2009 में उन्हें उर्दू डिक्शनरी बोर्ड का मुख्य संपादक नियुक्त किया गया था।

टॅग्स :कला एवं संस्कृतिपाकिस्तान
Open in App

संबंधित खबरें

विश्वईरान युद्ध के बीच रक्षा समझौते के तहत पाकिस्तान ने सऊदी में अपने 8,000 सैनिक और जेट किए तैनात

विश्वतेहरान में 90 मिनट तक बैठक?, अमेरिका-इजराइल के साथ टकराव के बीच पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान के साथ उच्च स्तरीय वार्ता

भारत'पाकिस्तान को तय करना होगा भूगोल में रहना है या इतिहास बनना है' सेना प्रमुख

विश्वआज मानवता के सामने अनेक बड़ी चुनौतियां, पहले कोरोना आया, फिर युद्ध और अब energy crisis?, पीएम मोदी ने कहा- ये आपदाओं का दशक, वीडियो

भारतपाकिस्तान को तय करना होगा भूगोल या इतिहास का हिस्सा बने रहना चाहता?, सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने कहा-  भारत के खिलाफ कार्रवाई जारी रखता है तो

विश्व अधिक खबरें

विश्वनीदरलैंड पीएम रॉब जेटन दुनिया में सबसे ज्यादा आबादी वाले देश भारत को क्यों ज्ञान दे रहे हैं?

विश्वप्रधानमंत्री मोदी को मिला 32वां अंतरराष्ट्रीय सम्मान?, नॉर्वे के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ग्रैंड क्रॉस ऑफ द रॉयल नॉर्वेजियन ऑर्डर ऑफ मेरिट’ से सम्मानित, वीडियो

विश्वकौन हैं आरोन राय?, पीजीए चैंपियनशिप जीतकर रचा इतिहास, 1919 के बाद पीजीए जीतने वाले पहले भारतीय मूल के खिलाड़ी

विश्वराष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बीजिंग यात्रा, ताइवान का जिक्र नहीं?, व्हाइट हाउस ने फैक्ट शीट जारी किया

विश्वतेलंगाना की रहने वाली 25 वर्षीय नव्या गडुसु की मौत और सड़क दुर्घटना में 6 घायल