2 अक्टूबर 1869 को गुजरात के पोरबंदर में जन्मे मोहनदास करमचन्द गांधी को दुनिया महात्मा गांधी के नाम से जानती है। उन्होंने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में सबसे अहम भूमिका निभाई थी। वे सत्य और अहिंसावादी थे। उन्होंने 200 सालों की अंग्रेजी हुकुमत को अहिंसावादी अंदोलनों से उखाड़ फेंका। इसमें स्वदेशी अंदोलन, भारत छोड़ो आंदोलन, सविनय अवज्ञा आंदोलन, नमक सत्याग्रह जैसे प्रमुख आंदोलन हैं। आजादी के वक्त वह भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के खिलाफ थे। आजादी के बाद 30 जनवरी, 1948 को नाथूराम गोडसे ने गोली मारकर उनकी हत्या कर दी। Read More
15 अप्रैल 1951 को विनोबाजी ने तेलंगाना में शांति का संदेश फैलाने के उद्देश्य से नालगोंडा, वारंगल क्षेत्र में पदयात्र शुरू की, जो हिंसा से त्रस्त था. वहां हुई आगजनी, लूटपाट और हत्याएं देखकर वे व्याकुल थे. ...
1930 के दांडी मार्च की याद में 386 किलोमीटर के लंबे सफर पर एक और दांडी मार्च निकला है. यह महोत्सव पचहत्तरवीं वर्षगांठ पूरी करने के बाद 15 अगस्त 2023 तक चलेगा. ...
1 मार्च का इतिहास: अमेरिका ने 1954 में आज के दिन ही हाइड्रोजन बम का परीक्षण किया था। वहीं, 1909 में आज के दिन टाटा आयरन एंड स्टील कंपनी की स्थापना हुई। ...
देश के राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की आज यानी 30 जनवरी को 73वीं पुण्यतिथि हैं। इसी बीच अमेरिका के कैलिफोर्निया से एक घटना सामने आ रही है। यहां एक पार्क में लगी महात्मा गांधी की प्रतिमा के साथ अज्ञात बदमाशों ने तोड़फोड़ की और उसे उखाड़ दिया। इस घटना से ...
30 जनवरी 1948 का दिन कहने को तो साल के बाकी दिनों जैसा ही था, लेकिन शाम होते होते ये इतिहास में सबसे दुखद दिनों में शुमार हो गया। दरअसल 30 जनवरी 1948 की शाम को नाथूराम गोडसे ने महात्मा गांधी की जान ले ली। विडम्बना देखिए कि अहिंसा को अपना सबसे बड़ा हथ ...