भक्तों के संकट हरने वाले अष्टसिद्धियों के दाता हनुमान जी अपनी शरण में आए सभी लोगों का दुख दूर करते हैं। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार बजरंगबली का जन्म चैत्र पूर्णिमा के दिन चित्रा नक्षत्र व मेष लग्न के योग में हुआ था। हर साल इस दिन को हिंदू धर्म को मानने वाले लोग हनुमान जयंती के रूप में मनाते हैं। Read More
हनुमान जी हिन्दू धर्म में भगवान शिव के 11वें रूद्र अवतार के रूप में ही माने जाते हैं। प्रति वर्ष चैत्र मास की पूर्णिमा तिथि को हनुमान जी का प्रकटोत्सव मनाया जाता है। ...
हनुमान जी का जन्म दो खास नक्षत्रों में हो रहा है। वर्षों बाद इस तरह के ज्योतिष नक्षत्र हनुमाना भक्तों पर विशेष कृपा करने वाले माने जा रहे हैं। इसलिए इस बार हनुमान जयंती पर व्रत और पूजा करने में अधिक लाभ हासिल होगा। ...
हनुमान जी का जन्म दो खास नक्षत्रों में हो रहा है। वर्षों बाद इस तरह के ज्योतिष नक्षत्र हनुमाना भक्तों पर विशेष कृपा करने वाले माने जा रहे हैं। इसलिए इस बार हनुमान जयंती पर व्रत और पूजा करने में अधिक लाभ हासिल होगा। ...
18 अप्रैल की रात 9 बजकर 23 मिनट पर चित्रा नक्षत्र के लगते ही हनुमान जयंती की तिथि प्रारंभ हो जाएगी। इस वर्ष हनुमान जयंती पर चित्रा नक्षत्र के साथ गजकेसरी योग भी बन रहा है। ऐसा संयोग वर्षों बाद आया है। ...