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केरल सरकार को सुप्रीम कोर्ट की फटकार लेकिन अधिसूचना रद्द करने से इनकार, बकरीद के दौरान पाबंदियों में ढिल देने का मामला

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: July 20, 2021 13:01 IST

कोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान कहा कि ये डरावना है कि कोरोना महामारी के बढ़ते केसेस के बावजूद प्रतिबंधों में इस तरह छूट दी गई। हालांकि कोर्ट ने इस मामले में अधिसूचना पर रोक नहीं लगाई है, कोर्ट के मुताबिक बुधवार को बकरीद हैं अब रोक लगाने का समय निकल चुका हैं।

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ठळक मुद्देकेरल सरकार को सुप्रीम कोर्ट की कड़ी फटकारबकरीद पर पाबंदियों में छूट पर रोक लगाने से कोर्ट का इनकारकांवड़ यात्रा पर कोर्ट ने अपनाया था सख्त रुख

सुप्रीम कोर्ट ने बकरीद पर पाबंदियों में छूट देने को लेकर केरल सरकार को कड़ी फटकार लगाई है। कोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान कहा कि ये डरावना है कि कोरोना महामारी के बढ़ते केसेस के बावजूद प्रतिबंधों में इस तरह छूट दी गई। हालांकि कोर्ट ने इस मामले में अधिसूचना पर रोक नहीं लगाई है, कोर्ट के मुताबिक बुधवार को बकरीद हैं अब रोक लगाने का समय निकल चुका हैं। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने कोरोना महामारी के दौरान यूपी में कांवड़ यात्रा की अनुमति को लेकर सख्त रुख अपनाया था। इसके बाद यूपी में कांवड़ यात्रा रद्द करने का फैसला लिया गया था।

केरल सरकार के फैसले से कोर्ट हैरान

बकरीद पर पाबंदियों में छूट के मामले को सुप्रीम कोर्ट ने चौंकाने वाली स्थिति बताया, राज्य सरकार के हलफनामे पर हैरानी जताते हुए कोर्ट ने कहा कि सरकार दबाव समूहों के आगे झुक गई हैं। कोर्ट ने यह भी कहा कि केरल सरकार द्वारा दिया हलफनामा चिंताजनक है। यह भारत के सभी नागरिकों को जीने के अधिकार की गारंटी नहीं देता है। कोर्ट ने कहा कि केरल सरकार कांवड़ यात्रा से जुड़े कोर्ट के आदेश का पालन करें।  यदि दी गई छूट के कारण कोई अप्रिय घटना होती है, तो जनता इसे कोर्ट के संज्ञान में ला सकती है और फिर कार्रवाई की जाएगी।

यह हैं पूरा मामला

इस मामले मे केरल सरकार ने सोमवार देर रात सुप्रीम कोर्ट में अपना जवाब दाखिल कर दिया है। सरकार ने अपने जवाब में कहा कि राज्य कि जनता की दिक्कतें दूर करने के लिए उसने हर संभव कदम उठाए हैं। हालांकि पिछले 3 महीने से भी अधिक समय से चल रही बंदिशों से लोग परेशान भी हुए हैं। सरकार के मुताबिक व्यापारियों को उम्मीद थी कि बकरीद पर होने वाली बिक्री कुछ हद तक उनकी आर्थिक दिक्कतें दूर करेगी, उन्होंने काफी पहले ही इसे देखते हुए अपने माल का स्टॉक कर लिया था। व्यापारियों के संगठन ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया था और ऐलान किया था कि वो नियमों को धत्ता बताते हुए राज्य में दुकाने खोलेंगे। जिसके बाद सरकार ने कुछ दिनों के लिए त्योहार के दौरान ढील देना का फैसला किया।

केरल में सोमवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 9931 नए मामले सामने आए,  स्‍वास्‍थ्‍य विभाग के मुताबिक प्रदेश में संक्रमण दर कई हफ्तों से 10 फीसदी के आस-पास थी जो अब बढ़ कर 11.08 प्रतिशत हो गई है ।

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