लाइव न्यूज़ :

बारिश से गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश में कोहराम, अचानक से बढ़ा नदियों का जलस्तर, 14 लोगों की जान गई, हजारों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: July 12, 2022 07:14 IST

गुजरात के वलसाड में भारी बारिश के बाद औरंगा नदी का जलस्तर बढ़ा जिससे निचले इलाकों में जलभराव होने के बाद लोग अपने घरों में फंस गए। बचाव के लिए एनडीआरफी की टीमों को लगाया गया। 

Open in App
ठळक मुद्देमहाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में भारी बारिश और लगातार बारिश के कारण नासिक जिले में कई नदियों के जल स्तर में वृद्धि हुई है गढ़चिरौली जिले में पिछले तीन दिनों में तीन लोग नाले में बह गए और बाद में उनके शव निकाले गए पश्चिम और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में सोमवार को हुई भारी बारिश के कारण हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया

नयी दिल्लीः गुजरात और मध्य प्रदेश में बारिश से संबंधित घटनाओं में कम से कम 14 लोगों की मौत हो गई और पश्चिम और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में सोमवार को हुई भारी बारिश के कारण हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया। महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में भारी बारिश और लगातार बारिश के कारण नासिक जिले में कई नदियों के जल स्तर में वृद्धि के बाद तीन व्यक्ति लापता हो गए, वहीं गोदावरी नदी के किनारे स्थित कई मंदिर जलमग्न हो गए।

अधिकारियों ने कहा कि गढ़चिरौली जिले में पिछले तीन दिनों में तीन लोग नाले में बह गए और बाद में उनके शव निकाले गए। उन्होंने बताया कि हालांकि नाले में बह जाने के बाद से तीन और लोग अब भी लापता हैं। मुंबई और उसके आसपास के इलाकों में भी सोमवार को मध्यम बारिश हुई। एक सप्ताह से अधिक समय बाद सोमवार दोपहर को दिल्ली के कुछ हिस्सों में बारिश हुई, जिससे उमस भरे मौसम से थोड़ी राहत मिली। हालांकि, शाम होते-होते मौसम फिर से उमस भरा हो गया।

मौसम विभाग के अधिकारियों ने बताया कि राजस्थान में ज्यादातर जगहों पर मध्यम बारिश हुई जबकि सोमवार सुबह तक पिछले 24 घंटों में छिटपुट जगहों पर भारी बारिश हुई। दक्षिण और मध्य गुजरात जिलों के कई हिस्सों में भारी बारिश के कारण कम से कम सात लोगों की मौत हो गई। बारिश से कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई, जबकि 9,000 से अधिक लोगों को स्थानांतरित कर दिया गया और 468 को बचाया गया। दक्षिण गुजरात में, डांग, नवसारी, तापी और वलसाड जिले प्रभावित हुए, जबकि मध्य गुजरात में वर्षा प्रभावित जिले पंचमहल, छोटा उदयपुर और खेड़ा हैं।

गुजरात के वलसाड में भारी बारिश के बाद औरंगा नदी का जलस्तर बढ़ा जिससे निचले इलाकों में जलभराव होने के बाद लोग अपने घरों में फंस गए। बचाव के लिए एनडीआरफी की टीमों को लगाया गया।  NDRF की टीमों ने फंसे लोगों को हेलीकॉप्टर की मदद से बचाया। वहीं अंबिका नदी के तट पर अचानक बाढ़ के कारण दर्जनों लोग फंस गए। आईसीजी अधिकारी ने बताया कि फंसे कर्मियों को बचाने के लिए कलेक्टर वलसाड के अनुरोध पर, भारतीय तटरक्षक ने चेतक हेलीकॉप्टर के माध्यम से एक अभियान शुरू किया और तेज हवाओं और भारी बारिश के बीच 16 लोगों को बचाया गया।

मौसम विभाग ने अगले पांच दिनों के दौरान डांग, नवसारी, वलसाड, तापी और सूरत में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात को केंद्र से हर संभव मदद का आश्वासन दिया। राज्य आपदा प्रबंधन मंत्री राजेंद्र त्रिवेदी ने कहा, ‘‘पिछले 24 घंटों में बारिश से संबंधित घटनाओं में सात लोगों की मौत हो गई, गुजरात में आकाशीय बिजली गिरने, डूबने, दीवार गिरने जैसी बारिश जनित घटनाओं में एक जून से अब तक 63 लोगों की मौत हो गई।’’

मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के 52 में से 33 जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया, जबकि लगातार बारिश के बीच आकाशीय बिजली गिरने से पिछले 24 घंटों में सात लोगों की जान चली गई।

राजस्व विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि सोमवार दोपहर ढाई बजे समाप्त 24 घंटे की अवधि में विभिन्न स्थानों पर बिजली गिरने से सात लोगों की मौत हो गई, जिससे एक जून से अब तक राज्य भर में ऐसी घटनाओं से मरने वालों की संख्या 60 हो गई। महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में भारी बारिश के बाद तीन लोग लापता हैं। नासिक जिले में भारी बारिश जारी है, जिससे कई नदियों का जल स्तर बढ़ गया है और गोदावरी नदी के पास स्थित कई मंदिर जलमग्न हो गए हैं।

आईएमडी ने 14 जुलाई तक नासिक जिले के लिए ‘रेड’ अलर्ट जारी किया है, जिसमें 24 घंटों में 20 सेंटीमीटर से अधिक भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है। पुणे जिले में भी पिछले कुछ दिनों से भारी बारिश हो रही है। इस बीच, सोमवार को एक आधिकारिक बुलेटिन में कहा गया कि असम के 10 जिलों में 3.79 लाख से अधिक लोग अब भी बाढ़ की चपेट में हैं। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) के अनुसार, दिन के दौरान डूबने से किसी की मौत नहीं हुई, इस साल बाढ़ और भूस्खलन में मरने वालों की संख्या 192 है। 

टॅग्स :गुजरातMadhya Pradeshबाढ़
Open in App

संबंधित खबरें

भारतMadhya Pradesh: अनूपपुर ज़िले में चार-मंज़िला होटल गिरने से मलबे में कई लोगों के फँसे होने की आशंका, एक की मौत

कारोबारवायनाड पुनर्वासः 200 से अधिक लोगों की मौत और 5.38 करोड़ रुपये खर्च?, कांग्रेस ने धनराशि का हिसाब किया सार्वजनिक

भारतवाराणसी का रोम-रोम हुआ रोमांचित, दर्शकों ने देखा कैसा था सम्राट विक्रमादित्य का सुशासन, देखें Photos

क्राइम अलर्टMP News: लॉरेंस गैंग के गुर्गे राजपाल का सरेंडर, फिरौती, फायरिंग जैसे अपराधों को काबूला

भारतमध्य प्रदेश: सीएम मोहन यादव ने स्कूली छात्रों को बांटे किताबें-साइकिलें, बच्चों पर बरसाए फूल

भारत अधिक खबरें

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए