नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और दिल्ली सरकार के मंत्री गोपाल राय ने बुधवार को पार्टी प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ के उस बयान से सहमति जताते हुए पार्टी का रुख स्पष्ट किया, जिसमें प्रियंका कक्कड़ ने कहा था कि वह व्यक्तिगत रूप से दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को अगले प्रधानमंत्री के रूप में देखना चाहती हैं।
मंत्री गोपाल राय ने कहा कि हर पार्टी की तरह आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता और नेता पार्टी के संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में देखना चाहते हैं। लेकिन इसके साथ ही गोपाल राय ने यह भी स्पष्ट किया कि विपक्षी गठबंधन इंडिया की बैठक में प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार का फैसला आपसी सहमति से किया जाएगा।
मंत्री गोपाल राय ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, ''हर पार्टी चाहती है कि उनका नेता प्रधानमंत्री बने। आम आदमी पार्टी भी चाहती है कि हमारे राष्ट्रीय संयोजक प्रधानमंत्री बनें लेकिन प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार का फैसला विपक्षी गठबंधन इंडिया की बैठक में तय किया जाएगा।"
गोपाल राय ने यह बात पार्टी प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ की पिछली टिप्पणियों पर किया, जिसमें उन्होंने कहा था कि वह अरविंद केजरीवाल को अगला प्रधानमंत्री बनते देखना चाहती हैं।
समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए आप नेता कक्कड़ ने कहा, "अगर आप मुझसे पूछें तो मैं चाहूंगा कि अरविंद केजरीवाल विपक्षी गठबंधन इंडिया की ओर से प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार हों।"
उन्होंने कहा कि आप संयोजक केजरीवाल जनता के मुद्दों को उजागर कर रहे हैं और देश के सर्वोच्च पद मौजूदा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कड़ी चुनौती दे रहे हैं। कक्कड़ ने कहा, "चाहे प्रधानमंत्री पद के लिए अकादमिक रिकॉर्ड की बात हो या फिर योग्यता या कोई अन्य मुद्दा हो, अरविंद केजरीवाल असंख्य विषयों पर साहसपूर्वक अपने विचार रख रहे हैं।"
मालूम हो कि विपक्षी गठबंधन इंडिया के सदस्यों की बैठक 30 अगस्त और 31 अगस्त को मुंबई में होगी। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी इस बैठक में भाग लेंगे। पटना में गठबंधन की पहली बैठक में शामिल नहीं होने के बाद यह दूसरी बैठक होगी, जिसमें आम आदमी पार्टी हिस्सा ले रही है।
जानकारी के अनुसार विपक्षी गठबंधन की तीसरी बैठक में लगभग 26 से 27 दलों के भाग लेने की संभावना है। इस बैठक में आगामी राज्य चुनावों और अगले साल होने वाले आम चुनाव सहित अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर रणनीतियों पर चर्चा होगी। दो दिवसीय बैठक के दौरान विपक्षी गठबंधन के लोगो का भी अनावरण होने की संभावना है।