लाइव न्यूज़ :

12 साल के बच्चे के हत्यारे पड़ोसी को मिली मौत की सजा, कोर्ट ने माना रेयरेस्ट ऑफ रेयर केस

By स्वाति सिंह | Updated: October 7, 2020 07:59 IST

दोषी ने 18 मार्च 2009 को बच्चे का अपहरण किया था और फिरौती की मांग के लिए उसके पिता को कई संदेश भेजे थे। उसने चेतावनी दी कि अगर फिरौती की मांग पूरी नहीं की गई तो उनके बेटे की हत्या कर दी जाएगी और उनके घर को बर्बाद कर दिया जाएगा।

Open in App
ठळक मुद्देअदालत ने एक व्यक्ति को 12 वर्षीय एक बच्चे की 2009 में अपहरण करने के बाद हत्या के लिए मौत की सजा सुनाई। अदालत ने कहा कि यह ‘‘क्रूर और जघन्य’’ कृत्य था और इसमें नरमी नहीं बरती जा सकती।

नयी दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत ने मंगलवार को 32 वर्षीय एक व्यक्ति को 12 वर्षीय एक बच्चे की 2009 में अपहरण करने के बाद हत्या के लिए मौत की सजा सुनाई। अदालत ने कहा कि यह ‘‘क्रूर और जघन्य’’ कृत्य था और इसमें नरमी नहीं बरती जा सकती।

अदालत ने जीवक नागपाल को सजा सुनाई, जो राष्ट्रीय राजधानी के रोहिणी में पीड़ित का पड़ोसी था। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश शिवाजी आनंद ने कहा, ‘‘इस तरह के कृत्य के लिए दोषी के प्रति नरमी नहीं बरती जा सकती है और उसे आजीवन कारावास की सजा देना अपर्याप्त है और मौत की सजा देने के अलावा कोई विकल्प नहीं है।’’ उन्होंने मामले को ‘‘दुर्लभ’’ करार दिया। न्यायाधीश ने कहा, ‘‘वर्तमान मामले के तथ्यों और परिस्थितियों पर विचार करने के बाद मेरा मानना है कि 12 वर्ष से भी कम उम्र के निर्दोष बच्चे की हत्या करते हुए दोषी का कृत्य क्रूरतापूर्ण और जघन्य था।’’

दोषी ने 18 मार्च 2009 को किया था  बच्चे का अपहरण

शिकायतकर्ता की तरफ से पेश हुए वकील प्रशांत दीवान के मुताबिक, दोषी ने 18 मार्च 2009 को बच्चे का अपहरण किया था और फिरौती की मांग के लिए उसके पिता को कई संदेश भेजे थे। उसने चेतावनी दी कि अगर फिरौती की मांग पूरी नहीं की गई तो उनके बेटे की हत्या कर दी जाएगी और उनके घर को बर्बाद कर दिया जाएगा। दोषी ने बच्चे पर किसी वस्तु से प्रहार करने के बाद गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी थी। बच्चे की हत्या के बाद उसने शव को एक सूखे नाले में फेंक दिया था। अदालत ने दोषी पर 60 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।

दीवान ने अदालत से कहा कि एक निर्दोष बच्चे का दोषी ने अपहरण किया जो उनका पड़ोसी था और उनके विश्वास को तोड़ा। उन्होंने कहा, ‘‘दोषी के कृत्य के कारण पीड़ित बच्चे के परिवार को सदमे का सामना करना पड़ा क्योंकि उनके बेटे की जिंदगी दांव पर थी।’’ घटना के वक्त दोषी की उम्र 21 वर्ष थी जबकि बच्चा 12 वर्ष की उम्र पूरी करने वाला था। 

टॅग्स :दिल्ली
Open in App

संबंधित खबरें

भारतदिल्ली में सफर पर लगेगा ब्रेक? 21 मई से तीन दिन तक ऑटो-टैक्सी की हड़ताल, किराया बढ़ाने की मांग पर अड़े ड्राइवर

भारतओडिशा भीषण गर्मीः बौध शहर में 42.9 डिग्री सेल्सियस?, 11 स्थानों पर अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक दर्ज

भारतदिल्ली में भीषण लू का कहर, IMD ने 45 डिग्री सेल्सियस तक तापमान पहुंचने की चेतावनी दी

भारतक्या आप भी दिल्ली में घर ढूंढ रहे हैं? DDA की इस नई योजना में हो रही है लाखों की बचत, जानें पूरी डिटेल

भारतआखिर क्यों सीएम योगी आदित्यनाथ, मोहन यादव और विष्णु देव साय से मिले अमित शाह, यूपी, एमपी और छत्तीसगढ़ में क्या हो सकता?, इन राज्य में 2027-28 में चुनाव

भारत अधिक खबरें

भारत30 के अंदर पीएम नरेंद्र मोदी टीवी पर आकर हाथ जोड़ेंगे?, राहुल गांधी ने कहा-हिंदुस्तान के आर्थिक सिस्टम को बेचा

भारतPM मोदी और मेलोनी की वायरल सेल्फी से फिर चर्चा में आया रोम का कोलोसियम

भारतडिप्लोमेसी, डिनर और कोलोसियम की सैर; पीएम मोदी और जॉर्जिया मेलोनी की यादगार मुलाकात, देखें इटली दौरे की खास झलकियाँ

भारतPharmacy Strike Today: आज बंद रहेंगी दवा दुकानें! आज देशव्यापी हड़ताल पर रहेंगे दवा विक्रेता, मरीजों की बढ़ सकती है परेशानी

भारतWeather Today: आज बाहर निकलने से पहले देख लें वेदर अपडेट! दिल्ली में हीटवेव तो बेंगलुरु में बारिश की संभावना