लाइव न्यूज़ :

कोविड-19 और ओमीक्रॉन के बढ़ते मामलों के बीच केंद्र ने स्टाफ के लिए जारी किए नए दिशानिर्देश, जानिए

By अनिल शर्मा | Updated: January 4, 2022 10:43 IST

आदेश में सभी संबंधित विभागों को रोस्टर तैयार करने के लिए कहा गया है। वहीं अवर सचिव और उससे ऊपर के स्तर के सभी अधिकारियों को कार्यालय में नियमित आने की छूट दी गई है।

Open in App
ठळक मुद्देकोविड के बढ़ते मामलों के बीच केंद्र ने अपने कर्मचारियों के लिए नए दिशानिर्देश जारी किए हैंनए दिशानिर्देश के मुताबिक दफ्तर 50 प्रतिशत कर्मचारियों के साथ संचालित होंगेदफ्तर सुबह 9 बजे-शाम 5:30 बजे और सुबह 10 बजे-शाम 6:30 बजे

नई दिल्लीः कोविड-19 और इसके नए स्वरूप ओमीक्रॉन के बढ़ते मामलों के बीच केंद्र सरकार ने अपने कर्मचारियों के लिए सोमवार नए दिशानिर्देश जारी किए हैं। कार्मिक मंत्रालय द्वारा जारी दिशानिर्देश के तहत अवर सचिव स्तर से नीचे के 50 प्रतिशत कर्मचारियों को घर से काम (वर्क फ्रॉम होम) करने की अनुमति दी गई है।

दफ्तर दो अलग-अलग शिफ्ट में संचालित होंगे

मंत्रालय ने केंद्र द्वारा संचालित दफ्तरों को अलग-अलग शिफ्ट में चलाने को कहा है। नए दिशानिर्देश के मुताबिक दफ्तर दो अलग-अलग शिफ्ट (सुबह 9 बजे-शाम 5:30 बजे और सुबह 10 बजे-शाम 6:30 बजे) में संचालित होंगे। वहीं कोविड निषिद्ध (कंटेनमेंट जोन्स) में रहने वाले कर्मचारियों को दफ्तरय आने से छूट दी गई है। और यह छूट तब तक रहेगी जबतक वे क्षेत्र निषिद्ध बने रहेंगे।

बायोमेट्रिक उपस्थिति को निलंबित कर दिया है

केंद्र सरकार ने अपने अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वहीं दिव्यांग कर्मी और गर्भवती महिला कर्मियों को दफ्तर आने से छूट दी गई है। दिशानिर्देश में कहा गया है कि केंद्र सरकार के अधिकारियों और कर्मचारियों को अलग-अलग समय-सारणी के हिसाब से कार्यालय आना होगा ताकि दफ्तरों में अधिक संख्या में लोग एकत्रित ना हों।

वीडियो-कॉन्फ्रेंसिंग पर आयोजित की जाएंगी बैठकें

कार्मिक मंत्रालय ने आदेश में आगे कहा है कि नए दिशा-निर्देशों के अनुसार सभी संबंधित विभागों द्वारा रोस्टर तैयार किया जाए। अवर सचिव और उससे ऊपर के स्तर के सभी अधिकारी नियमित आधार पर कार्यालय में उपस्थित हो सकते हैं। इसके साथ ही बैठक, जहां तक संभव हो, वीडियो-कॉन्फ्रेंसिंग पर आयोजित की जाएगी। और आगंतुकों के साथ व्यक्तिगत बैठकें तब तक आयोजित नहीं की जाएंगी, जब तक कि जनहित में बिल्कुल आवश्यक न हो। कार्यस्थल की, विशेष रूप से बार-बार छुई जाने वाली सतहों की उचित सफाई और बार-बार साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए।

टॅग्स :कोविड-19 इंडियाओमीक्रोन (B.1.1.529)कोरोना वायरसCorona
Open in App

संबंधित खबरें

स्वास्थ्यकौन हैं डॉ. आरती किनिकर?, सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवा में खास उपलब्धि के लिए लोकमत महाराष्ट्रीयन ऑफ द ईयर 2026 पुरस्कार

स्वास्थ्यLMOTY 2026: हजारों मरीजों के लिए आशा की किरण?, डॉ. गौतम भंसाली को 'लोकमत महाराष्ट्रीयन ऑफ द ईयर 2026' पुरस्कार

भारतGalgotias row: 2020 की 'आवाज़ से कोरोना खत्म' वाली स्टडी वापस ली गई, AI समिट की गड़बड़ी के बीच स्क्रीनशॉट हुआ ट्रेंड

स्वास्थ्यCOVID-19 infection: रक्त वाहिकाओं 5 साल तक बूढ़ी हो सकती हैं?, रिसर्च में खुलासा, 16 देशों के 2400 लोगों पर अध्ययन

भारत'बादल बम' के बाद अब 'वाटर बम': लेह में बादल फटने से लेकर कोविड वायरस तक चीन पर शंका, अब ब्रह्मपुत्र पर बांध क्या नया हथियार?

भारत अधिक खबरें

भारत'Three Allegations, Zero Truth': आम आदमी पार्टी द्वारा राज्यसभा की भूमिका से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा का जवाब

भारतMadhya Pradesh: अनूपपुर ज़िले में चार-मंज़िला होटल गिरने से मलबे में कई लोगों के फँसे होने की आशंका, एक की मौत

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील