लाइव न्यूज़ :

विधानसभा चुनाव से पहले EC ने उम्मीदवारों की खर्च सीमा बढ़ाई, लोकसभा में 90 लाख तो विधानसभा में 40 लाख खर्च कर सकेंगे प्रत्याशी

By अनिल शर्मा | Updated: January 7, 2022 08:42 IST

चुनाव आयोग ने एक प्रेस नोट में कहा कि विधानसभा और लोकसभा क्षेत्रों में उम्मीदवारों के लिए खर्च की सीमा बढ़ा दी गई है।

Open in App
ठळक मुद्देचुनाव आयोग ने गुरुवार को उम्मीदवारों के लिए खर्च की सीमा बढ़ाने की जानकारी दीआयोग ने विधानसभा और लोकसभा दोनों ही उम्मीदवारों की खर्च सीमा में विस्तार किया हैचुनाव आयोग ने कहा कि लागत मुद्रास्फीति सूचकांक में काफी वृद्धि हुई है

नई दिल्लीः पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव से पहले चुनाव आयोग ने गुरुवार को उम्मीदवारों के लिए खर्च की सीमा बढ़ा दी। लोकसभा और विधानसभा दोनों क्षेत्रों के लिए चुनाव प्रचार में खर्च की सीमा बढ़ा दी गई है और संशोधित सीमा उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, गोवा और मणिपुर में आगामी राज्य चुनावों में लागू होगी।

चुनाव आयोग ने एक प्रेस नोट में कहा कि विधानसभा क्षेत्रों में उम्मीदवारों के लिए खर्च की सीमा बड़े राज्यों में 28 लाख रुपये से बढ़ाकर 40 लाख रुपये और छोटे राज्यों में 20 लाख रुपये से बढ़ाकर 28 लाख रुपये कर दी गई है।

वहीं लोकसभा निर्वाचन क्षेत्रों के मामले में यह सीमा बड़े राज्यों में 70 लाख रुपये से बढ़ाकर 95 लाख रुपये और छोटे राज्यों में 54 लाख रुपये से 75 लाख रुपये कर दी गई है।

चुनाव आयोग ने अपने प्रेस नोट में कहा, तीन सदस्यीय समिति की सिफारिशों पर केंद्रीय कानून और न्याय मंत्रालय द्वारा निर्णय को अधिसूचित किया गया था। चुनाव आयोग द्वारा खर्च की सीमा 10% बढ़ाने के बाद 2020 में पैनल का गठन किया गया था। हालांकि, उम्मीदवारों के खर्च की सीमा में आखिरी बड़ा संशोधन 2014 में किया गया था।

चुनाव आयोग ने कहा, समिति ने राजनीतिक दलों, मुख्य चुनाव अधिकारियों और चुनाव पर्यवेक्षकों से सुझाव मांगे थे। समिति ने पाया कि 2014 के बाद से मतदाताओं की संख्या और लागत मुद्रास्फीति सूचकांक में काफी वृद्धि हुई है। इसने चुनाव प्रचार के बदलते तौर-तरीकों पर भी ध्यान दिया, जो धीरे-धीरे आभासी अभियान में बदल रहा है। 

आयोग ने नोट में लिखा है, तीन सदस्यीय समिति ने विचार किया कि मतदाताओं की संख्या 2014 में 83.4 करोड़ से बढ़कर 2021 में 93.6 करोड़ हो गई थी। इस बीच, लागत मुद्रास्फीति सूचकांक 32.08% 2014 में 240 से बढ़कर 2021 में 317 हो गया था।

टॅग्स :विधानसभा चुनावचुनाव आयोगउत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावहिंदी समाचार
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टमालदा में 7 न्यायिक अधिकारी को बनाया बंधक?, बागडोगरा हवाई अड्डे से मुख्य आरोपी अधिवक्ता मोफक्करुल इस्लाम अरेस्ट, अब तक 35 अरेस्ट, वीडियो

भारत18 जिलों में 83 ब्लॉक विकास अधिकारी के बाद 173 थानों के प्रभारी और प्रभारी निरीक्षकों का तबादला?, पश्चिम बंगाल को लेकर अलर्ट निर्वाचन आयोग

भारतपश्चिम बंगाल चुनावः 18 जिला और 83 बीडीओ-एआरओ को हटाया, देखिए फेरबदल की पूरी सूची

भारततमिलनाडु चुनाव: 8,000 रुपये मूल्य की ‘इल्लैरसी’ कूपन योजना, टीवी, रेफ्रिजरेटर, वाशिंग मशीन, मिक्सर, माइक्रोवेव ओवन, इंडक्शन स्टोव खरीदे

भारततृणमूल कांग्रेस कार्यालय में कैरम खेल रहे थे केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के तीन कर्मी, निर्वाचन आयोग ने किया निलंबित

भारत अधिक खबरें

भारतElection 2026: केरल में चुनावी हिंसा! शशि थरूर के काफिले पर हमला, गनमैन को भी पीटा, 5 धरे गए

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

भारतवाराणसी का रोम-रोम हुआ रोमांचित, दर्शकों ने देखा कैसा था सम्राट विक्रमादित्य का सुशासन, देखें Photos

भारतराष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टीः उत्तरार्द्ध में उत्तराधिकार के लिए संघर्ष

भारतदिल्ली और उत्तरी भारत के कुछ हिस्सों में महसूस हुए भूकंप के झटके, अफगानिस्तान में आया भूकंप